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Etah News: मारहरा में खेल मैदान नहीं होने से दम तोड़ रहीं प्रतिभाएं
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मारहरा। कस्बे सहित देहात क्षेत्र में कोई खेल मैदान न होने से खिलाड़ियों की प्रतिभाएं दम तोड़ रही हैं। खेल मैदान के साथ ही खेल के गुर सिखाने को क्षेत्र में कोई कोच न होने से खिलाड़ियों की प्रतिभा में निखार नहीं आ रहा है।
खेल के गुर सिखाने वाला कोई न होने पर खिलाड़ी परेशान हैं। कई दशक पुरानी नगर पालिका होने पर भी पालिका प्रशासन ने कभी खेल मैदान के लिए प्रयास नहीं किया। कस्बे में खेल के शौकीन लोगों की पीढ़ी बदलने पर नई पीढ़ी को खेल की सही दिशा देने वाला कोई नहीं है। सही दिशा न मिलने पर खिलाड़ियों की प्रतिभा में निखार नहीं आ रहा है। प्रदेश सरकार की पहल के बावजूद देहात क्षेत्र की किसी पंचायत में खेल मैदान विकसित नहीं हो सका है।
इससे कस्बे सहित देहात क्षेत्र की खेल प्रतिभाएं निखरने से पहलं ही दम तोड़ रही हैं। स्कूलों में गर्मी की छ़ट्टियां होने पर बच्चे, किशोर और युवा कस्बे से लेकर देहात क्षेत्र में सुबह होते ही खेलते मिल जाते हैं लेकिन उनको खेल के गुर सिखाने वाला कोई न होने पर उनकी प्रतिभा निखर नहीं पा रही है। टीवी देखकर स्वयं ही बच्चे, किशोर और युवा खुद ही खेलने का प्रयास कर रहे हैं। खेल के क्षेत्र में कॅरिअर बनाने की बजाए उनका खेलना सिर्फ मनोरंजन तक सीमित रह गया।
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खेल के गुर सिखाने वाला कोई न होने पर खिलाड़ी परेशान हैं। कई दशक पुरानी नगर पालिका होने पर भी पालिका प्रशासन ने कभी खेल मैदान के लिए प्रयास नहीं किया। कस्बे में खेल के शौकीन लोगों की पीढ़ी बदलने पर नई पीढ़ी को खेल की सही दिशा देने वाला कोई नहीं है। सही दिशा न मिलने पर खिलाड़ियों की प्रतिभा में निखार नहीं आ रहा है। प्रदेश सरकार की पहल के बावजूद देहात क्षेत्र की किसी पंचायत में खेल मैदान विकसित नहीं हो सका है।
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इससे कस्बे सहित देहात क्षेत्र की खेल प्रतिभाएं निखरने से पहलं ही दम तोड़ रही हैं। स्कूलों में गर्मी की छ़ट्टियां होने पर बच्चे, किशोर और युवा कस्बे से लेकर देहात क्षेत्र में सुबह होते ही खेलते मिल जाते हैं लेकिन उनको खेल के गुर सिखाने वाला कोई न होने पर उनकी प्रतिभा निखर नहीं पा रही है। टीवी देखकर स्वयं ही बच्चे, किशोर और युवा खुद ही खेलने का प्रयास कर रहे हैं। खेल के क्षेत्र में कॅरिअर बनाने की बजाए उनका खेलना सिर्फ मनोरंजन तक सीमित रह गया।
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