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परिसीमन का विरोध कर सपा नेता ने प्रेस वार्ता में डीपीआरओ पर लगाए आरोप

ब्यूरो, अमर उजाला एटा Updated Thu, 02 Apr 2015 10:48 PM IST
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question raised on declimition

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 जिला पंचायत वार्डों के परिसीमन को लेकर आरोप लगने लगे हैं। गुुरुवार को
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सपा के सदर विधायक आशीष यादव ने डीपीआरओ पर  शासन के नियमों को ताक पर रखकर व्यक्ति विशेष को लाभ पहुंचाने के लिए जिला पंचायत के वार्डों में फेरबदल करने का आरोप लगाया। उन्होंने इसे निरस्त करने की मांग की। परिसीमन को लेकर विधायक ने सपा जिलाध्यक्ष रमेश यादव और पूर्व सांसद कैलाश यादव के साथ डीएम के सामने आपत्ति दर्ज कराई है। परिसीमन को संशोधित करने की मांग उठाई।



सदर विधायक ने डीपीआरओ पर आरोप लगाया कि उक्त परिसीमन पैसा लेकर किया है। यदि यह निरस्त न हुआ तो वो राज्य निर्वाचन आयोग से लेकर हाईकोर्ट तक इस मामले को लेकर जाएंगे। हाल ही में हुए परिसीमन के बारे में उन्होंने बताया कि जिला पंचायत के वार्डों का निर्धारण क्षेत्र पंचायत की जनसंख्या 50,000 और उनका क्षेत्रफल सात किमी के व्यास और 14 किमी के रेडियस के अंतर्गत होना चाहिए। इसके अलावा क्षेत्र की पंचायत और वार्ड का आंशिक रूप से समायोजन वर्जित है। सदर विधायक आशीष यादव ने गांधी मार्केट स्थित अपने आवास पर पत्रकार वार्ता में कहा कि शासनादेश के अनुसार वार्डों का निर्धारण जलेसर या अलीगंज विकास खंड से किया जाना चाहिए था, लेकिन इसका निर्धारण विकास खंड शीतलपुर से किया गया है। जबकि शीतलपुर जिले के मानचित्र पर बीच में है। वार्डों का निर्धारण करते समय दिशाओं का भी ध्यान नहीं रखा गया।


इन वार्डों को लेकर है कशमकश
हाल ही में बने जिला पंचायत के वार्ड संख्या 13 में क्षेत्र पंचायत के 24, वार्ड संख्या 20 में क्षेत्र पंचायत के 22, वार्ड संख्या 21 में क्षेत्र पंचायत के 23, वार्ड संख्या 22 में क्षेत्र पंचायत के 22, वार्ड संख्या 23 में क्षेत्र पंचायत के 21 वार्ड, वार्ड संख्या 24 में क्षेत्र पंचायत के 22, वार्ड संख्या 25 में क्षेत्र पंचायत के 22 वार्ड हैं, जबकि शासनादेश के अनुसार इन वार्डों में क्षेत्र पंचायत के वार्डों की संख्या 25 से काफी कम है।



चुनाव में सपा के दो गुटों की होगी दावेदारी
सदर विधायक द्वारा परिसीमन को लेकर डीएम के सामने आपत्तियां दर्ज कराना लोगों में चर्चा का विषय रहा। बता दें कि वर्तमान में जिला पंचायत की कुर्सी पर सपा का ही कब्जा है। ऐसे में सदर विधायक द्वारा जिला पंचायत के परिसीमन को गंभीरता से लग रहा है कि इस बार जिला पंचायत की कुर्सी पर उनकी ओर से भी दावेदारी प्रस्तुत की जाएगी।


भाजपा ने भी दर्ज कराई आपत्ति
जिला पंचायत के वार्डों का परिसीमन भाजपा को भी रास नहीं आया है। भाजपा के जिलाध्यक्ष पंकज गुप्ता ने भी डीएम के सामने इसे लेकर आपत्ति दर्ज करा दी है। जिलाध्यक्ष ने प्रशासन पर यह भी आरोप लगाया कि सूचियों का प्रकाशन 26 मार्च को होना था, लेकिन इनका प्रकाशन एक अप्रैल को किया गया। प्रशासन की रणनीति थी कि दो-तीन अप्रैल को अवकाश है। इसके चलते दावे आपत्तियां भी नहीं आएंगी

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