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फॉलोअप: चेक दिए बिना ही श्रमिक के शव को भेजा झारखंड
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एटा। मलावन स्थित जवाहर तापीय परियोजना में शुक्रवार को झारखंड के एक श्रमिक की मौत हो जाने के बाद कंपनी ने 26 लाख रुपये का मुआवजा देने की बात कही थी। लेकिन शव को मुआवजा दिए बिना ही झारखंड भेज दिया।
शुक्रवार को जवाहर तापीय परियोजना में चिमनी में बेल्डिंग करते हुए झारखंड के श्रमिक अक्षय कुमार की गिरकर मौत हो हुई थी। इसके बाद वहां पर अन्य श्रमिकों ने मुआवजे को लेकर हंगामा काटा। बाद में कंपनी के मैनेजर ने शव का पोस्टमार्टम होने के बाद मुआवजे का चेक देने की बात कही। रात दस बजे के बाद शव का पोस्टमार्टम हो सका।
इसके बाद शव को झारखंड के लिए एंबुलेंस के माध्यम से भेज दिया। मृतक के फुफेरे भाई सुरेंद्र को दो माह का वेतन और 25 हजार रुपये अतिरिक्त देकर भेज दिया। सुरेंद्र ने बताया कि अभी तक मुआवजा की धनराशि नहीं दी गई है।
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जवाहर तापीय परियोजना के मुख्य अभियंता हनुमान प्रसाद ने बताया कि यहां पर मृतक श्रमिक के गांव के ही तीन लोग काम कर रहे थे, उन्हीं के साथ शव को भेजा गया है। मुआवजा की धनराशि श्रम प्रवर्तन अधिकारी के माध्यम से नियमानुसार दी जाएगी।
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शुक्रवार को जवाहर तापीय परियोजना में चिमनी में बेल्डिंग करते हुए झारखंड के श्रमिक अक्षय कुमार की गिरकर मौत हो हुई थी। इसके बाद वहां पर अन्य श्रमिकों ने मुआवजे को लेकर हंगामा काटा। बाद में कंपनी के मैनेजर ने शव का पोस्टमार्टम होने के बाद मुआवजे का चेक देने की बात कही। रात दस बजे के बाद शव का पोस्टमार्टम हो सका।
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इसके बाद शव को झारखंड के लिए एंबुलेंस के माध्यम से भेज दिया। मृतक के फुफेरे भाई सुरेंद्र को दो माह का वेतन और 25 हजार रुपये अतिरिक्त देकर भेज दिया। सुरेंद्र ने बताया कि अभी तक मुआवजा की धनराशि नहीं दी गई है।
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जवाहर तापीय परियोजना के मुख्य अभियंता हनुमान प्रसाद ने बताया कि यहां पर मृतक श्रमिक के गांव के ही तीन लोग काम कर रहे थे, उन्हीं के साथ शव को भेजा गया है। मुआवजा की धनराशि श्रम प्रवर्तन अधिकारी के माध्यम से नियमानुसार दी जाएगी।