फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Etah News ›   karant kee chapet mein aane se traansaportar ke bete kee maut

करंट की चपेट में आने से ट्रांसपोर्टर के बेटे की मौत

Sun, 13 Nov 2016 10:19 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो Updated Sun, 13 Nov 2016 10:19 PM IST
विज्ञापन
karant kee chapet mein aane se traansaportar ke bete kee maut
करंट से मौत - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
सिंघाड़ा लदे ट्रक पर चढ़ते समय हाइटेंशन लाइन के लटकते तार से करंट की चपेट में आने से ट्रांसपोर्टर के बेटे की मौत हो गई। शनिवार की रात हुए हादसे से घर में कोहराम मचा हुआ है। लोग इस जानलेवा हादसे को बिजली विभाग की लापरवाही बता रहे हैं। इससे उनमें आक्रोश भी है।
विज्ञापन

जलेसर क्षेत्र के पिलखतरा गांव निवासी राम निवास ट्रांसपोर्टर है। शनिवार की शाम उसके ट्रक में खेरिया खाती रसीदपुर गांव में सिंघाड़ा लोड हो रहा था। देर शाम राम निवास बेटा धर्मेंद्र उर्फ महिलाल (28) लोड हो रहे ट्रक को देखने गया। जैसे ही धर्मेंद्र ट्रक के ऊपर चढ़ा। ढीली होकर लटक रहे हाइटेंशन लाइन के तार से उसका सिर छू गया। करंट लगते ही वह नीचे गिर पड़ा। इससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। अचानक हुए हादसे से हड़कंप मच गया। खबर लगते ही रोते-बिलखते परिवारीजनों भी आए। मौके पर आई पुलिस ने घटना की जांच की। हालांकि परिवारीजनों ने पोस्टमार्टम कराने से इंकार करते हुए रविवार की सुबह शव का अंतिम संस्कार कर दिया। घटना से ग्रामीणों में आक्रोश है। लोगों का आरोप है कि कई बार पावर निगम के अफसर और कर्मचारियों एचटी लाइन के लटकते तार की सूचना दी गई। उन्हें किसी भी रोज हादसा होने की आशंका से भी अवगत कराया गया था। इसके बाद भी लाइन ठीक नहीं कराई गई। बता दें कि 15 दिन पहले ही नगवाई गांव में भी की एचटी लाइन के लटकते तार के कारण ही एक युवक की मौत हुई थी। बार-बार हो रहे हादसे के बाद भी बिजली विभाग के अधिकारी बेफिक्र बने हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed