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दिल्ली से गांव पहुंचे तीन लोग, जांच से बचने को आम के बाग में छिपे
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जैथरा(एटा)। एटा के तीन युवक दिल्ली से पैदल चलकर बृहस्पतिवार को अपने गांव पहुंचे। सूचना पर पहुंची पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीम को देख तीनों युवक घरों से भागकर आम के बाग में छिप गए। रात भर बाग में आम के पेड़ पर चढ़े रहे। शुक्रवार की सुबह परिजन समझा-बुझाकर उन्हें प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे, यहां से उन्हें 14 दिन के लिए क्वारंटीन सेंटर में भेज दिया गया है।
लॉकडाउन में दिल्ली में फंसे जैथरा क्षेत्र की ग्राम पंचायत सहोरी के गॉव नगला मनिका निवासी 19 वर्षीय विमलेश, बीस वर्षीय प्रवेश तथा सहोरी गॉव के संदीप किसी तरह दिल्ली से पैदल चलकर गाजियाबाद होते हुए गुरुवार की सायं अपने घर पहुंचे। तीनों युवकों के गांव लौटने की सूचना से हड़कंप मच गया।
किसी ने इसकी सूचना पुलिस को दे दी। पुलिस के साथ स्वास्थ्य विभाग की टीम तीनों लोगों के स्वास्थ्य की जांच करने गांव पहुंची तो वे आम के बाग में पेड़ों पर छिपकर बैठ गए। ग्राम प्रधान सुकटी खेड़ा रामब्रजेश यादव और ग्राम प्रधान सहोरी दिनेश यादव के अथक प्रयासों के बाद तीनों लोग शुक्रवार को प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र जैथरा पर अपना चिकित्सीय परीक्षण कराने आए। स्वास्थ्यकर्मियों के अनुसार दिल्ली से आये तीनों युवकों में किसी बीमारी के लक्षण नहीं है।
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फिर भी प्रधान की जिम्मेदारी पर उन्हें गॉव के प्राथमिक विद्यालय नगला मनिका में 14 दिन के लिए क्वारंटीन किया गया है। तीनों युवकों को मुंह पर मॉस्क, लगाने और दो मीटर की दूरी बनाकर विद्यालय में ही अलग-अलग कक्षों में रहने के आदेश दिए गए हैं। भोजन व रहने रहने का दायित्व दिनेश प्रधान उठाएंगे। युवकों ने बताया कि दिल्ली में काम बंद हैं और जो रुपया पास में था वह भी समाप्त हो गया। भूख प्यास से लाचार होकर छुप कर दिल्ली से भाग आए।
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लॉकडाउन में दिल्ली में फंसे जैथरा क्षेत्र की ग्राम पंचायत सहोरी के गॉव नगला मनिका निवासी 19 वर्षीय विमलेश, बीस वर्षीय प्रवेश तथा सहोरी गॉव के संदीप किसी तरह दिल्ली से पैदल चलकर गाजियाबाद होते हुए गुरुवार की सायं अपने घर पहुंचे। तीनों युवकों के गांव लौटने की सूचना से हड़कंप मच गया।
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किसी ने इसकी सूचना पुलिस को दे दी। पुलिस के साथ स्वास्थ्य विभाग की टीम तीनों लोगों के स्वास्थ्य की जांच करने गांव पहुंची तो वे आम के बाग में पेड़ों पर छिपकर बैठ गए। ग्राम प्रधान सुकटी खेड़ा रामब्रजेश यादव और ग्राम प्रधान सहोरी दिनेश यादव के अथक प्रयासों के बाद तीनों लोग शुक्रवार को प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र जैथरा पर अपना चिकित्सीय परीक्षण कराने आए। स्वास्थ्यकर्मियों के अनुसार दिल्ली से आये तीनों युवकों में किसी बीमारी के लक्षण नहीं है।
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फिर भी प्रधान की जिम्मेदारी पर उन्हें गॉव के प्राथमिक विद्यालय नगला मनिका में 14 दिन के लिए क्वारंटीन किया गया है। तीनों युवकों को मुंह पर मॉस्क, लगाने और दो मीटर की दूरी बनाकर विद्यालय में ही अलग-अलग कक्षों में रहने के आदेश दिए गए हैं। भोजन व रहने रहने का दायित्व दिनेश प्रधान उठाएंगे। युवकों ने बताया कि दिल्ली में काम बंद हैं और जो रुपया पास में था वह भी समाप्त हो गया। भूख प्यास से लाचार होकर छुप कर दिल्ली से भाग आए।