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वायल हुई लीकेज, निरस्त किए गए 19 नमूने
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एटा। कोराना वायरस के गंभीर मामले में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी लापरवाही बरत रहे हैं। बीते दिनों छह नमूनों पर से नाम मिटने से रिजेक्ट कर दिए गए थे। बुधवार को 19 सैंपल की वायल लीकेज हो गई। इसके चलते सैंपल निरस्त कर दिए गए।
जिले में कोरोना जांच की सुविधा नहीं है। ऐसे में सभी संदिग्ध मरीजों के सैंपल लेकर उन्हें जांच के लिए अलीगढ़ भेजा जाता है। जहां उन्हें वायरल ट्रांसपोर्ट मीडिया (वीटीएम) वायल में विशेष प्रकार के केमिकल में सुरक्षित पैक कर भेजा जाता हैं। उस टेस्टिंग ट्यूब पर लगे स्टीकर पर नाम लिखा जाता हैं।
बीते दिनों जिले से गए सैंपल को जांच के लिए अलीगढ़ में देखा गया तो वीटीएम से नाम मिट गया। इसके चलते छह सैंपल निरस्त कर दिए गए थे। वहीं, 11 और 12 अप्रैल को भेजे गए सैंपल मंगलवार को खोले गए। जहां भेजे गए नमूनों में 11 की वायल लीकेज थी। 12 तारीख को भेजे गए नमूनों में 8 की वायल लीकेज मिली। इस पर जांच कर रही टीम ने 19 नमूनों को रिजेक्ट कर दिया। उन्होंने संदिग्धों के दोबारा नमूने मांगे हैं।
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दोबारा जांच को भेजे गए सैंपल
रिजेक्ट किए गए सैंपल में बुधवार को 17 संदिग्ध मरीजों के सैंपल जांच को दोबारा भेजे गए हैं, जबकि आठ संदिग्धों के सैंपल जाना अभी बाकी है।
तो क्या फैल सकता है वायरस
वीटीएम वायल लीकेज होने से वायरस का बाहर आना तय है। ऐसे में वायल कहां लीकेज हुई यह किसी को नहीं पता है। ट्रांसमिशन के दौरान अगर लीकेज हुई तो एंबुलेंस सहित अन्य जगहों पर वायरस के फैलने की पूरी संभावना है।
मामला संदिग्ध लग रहा है
वीटीएम वायल कैसे लीकेज हो गई। मामला संदिग्ध है, जबकि तीन लेयर में सैंपल भेजा जाता है। 17 संदिग्ध मरीजों के सैंपल दोबारा भेजे गए हैं। अन्य के भेजे जाने की प्रक्रिया जारी है।
-डॉ. अजय अग्रवाल, सीएमओ
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जिले में कोरोना जांच की सुविधा नहीं है। ऐसे में सभी संदिग्ध मरीजों के सैंपल लेकर उन्हें जांच के लिए अलीगढ़ भेजा जाता है। जहां उन्हें वायरल ट्रांसपोर्ट मीडिया (वीटीएम) वायल में विशेष प्रकार के केमिकल में सुरक्षित पैक कर भेजा जाता हैं। उस टेस्टिंग ट्यूब पर लगे स्टीकर पर नाम लिखा जाता हैं।
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बीते दिनों जिले से गए सैंपल को जांच के लिए अलीगढ़ में देखा गया तो वीटीएम से नाम मिट गया। इसके चलते छह सैंपल निरस्त कर दिए गए थे। वहीं, 11 और 12 अप्रैल को भेजे गए सैंपल मंगलवार को खोले गए। जहां भेजे गए नमूनों में 11 की वायल लीकेज थी। 12 तारीख को भेजे गए नमूनों में 8 की वायल लीकेज मिली। इस पर जांच कर रही टीम ने 19 नमूनों को रिजेक्ट कर दिया। उन्होंने संदिग्धों के दोबारा नमूने मांगे हैं।
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दोबारा जांच को भेजे गए सैंपल
रिजेक्ट किए गए सैंपल में बुधवार को 17 संदिग्ध मरीजों के सैंपल जांच को दोबारा भेजे गए हैं, जबकि आठ संदिग्धों के सैंपल जाना अभी बाकी है।
तो क्या फैल सकता है वायरस
वीटीएम वायल लीकेज होने से वायरस का बाहर आना तय है। ऐसे में वायल कहां लीकेज हुई यह किसी को नहीं पता है। ट्रांसमिशन के दौरान अगर लीकेज हुई तो एंबुलेंस सहित अन्य जगहों पर वायरस के फैलने की पूरी संभावना है।
मामला संदिग्ध लग रहा है
वीटीएम वायल कैसे लीकेज हो गई। मामला संदिग्ध है, जबकि तीन लेयर में सैंपल भेजा जाता है। 17 संदिग्ध मरीजों के सैंपल दोबारा भेजे गए हैं। अन्य के भेजे जाने की प्रक्रिया जारी है।
-डॉ. अजय अग्रवाल, सीएमओ