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Etah News: काटते रहे चालान, रोडवेज बसों की मनमानी पर न लगी लगाम

Mon, 24 Jun 2024 11:26 PM IST
आगरा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा Updated Mon, 24 Jun 2024 11:26 PM IST
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Challans kept being issued, there was no control on the arbitrariness of roadways buses.
एटा। यातायात नियमों का पाठ अच्छी तरह समझाने के लिए दंड के रूप में चालान काटे गए, लेकिन रोडवेज बस चालकों पर यह कार्रवाई भी बेअसर है। यातायात पुलिस की ओर से सबसे अधिक चालान नो पार्किंग में बस खड़ी करने पर काटे गए हैं। इसके बावजूद आज भी सड़कों पर ही बसों को खड़ा कर सवारियां भरी जा रही हैं।रोडवेज बसों पर तीन श्रेणियों में चालान काटे जाते हैं। नो पार्किंग में बस खड़ा करने पर, प्रेशर हॉर्न और यातायात नियमों के उल्लंघन पर। सामान्य तौर पर सरकारी सेवा होने की वजह से अन्य नियमों के उल्लंघन को अनदेखा कर दिया जाता है, लेकिन शहर में यातायात व्यवस्था को लेकर सबसे बड़ी समस्या तब बन जाती है। जब बसों को स्टैंड के बाहर खड़ा कर यात्रियों को चढ़ाने-उतारने का काम किया जाता है। नियमत: यह काम स्टैंड के अंदर बस खड़ा करने के बाद होना चाहिए।
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ऐसे में चालकों को सबक सिखाने के लिए यातायात पुलिस द्वारा चालान किए जाते हैं। इसकी धनराशि चालकों को अपनी जेब से भरनी होती है, लेकिन अफसर वेतन से इसकी कटौती नहीं करते और चालान लंबित पड़े रहते हैं। आज भी दो-दो साल पुराने चालान हैं, जिनको जमा नहीं किया गया है। अब अदालतों में उनकी तारीखें चल रही हैं। जबकि बसें सड़क पर ही खड़ी की जा रही हैं। यातायात प्रभारी अनिल कुमार वर्मा ने बताया कि चालान की धनराशि निगम के अधिकारी या न्यायालय ही वसूल कर जमा करा सकते हैं। हम तो नियमों का उल्लंघन होने पर चालान ही कर सकते हैं। एटा डिपो की बसों का सबसे अधिक चालान नो पार्किंग को लेकर ही होते हैं।
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निगम की एक भी बस चालान रहित नहीं
परिवहन निगम की लापरवाही और चालकों की मनमानी इसी बात से समझी जा सकती है कि एटा डिपो की एक भी बस ऐसी नहीं है, जिसका चालान न हुआ हो। यातायात पुलिस के मुताबिक कुछ बसें तो ऐसी हैं जिनके पांच-छह तक चालान हो चुके हैं। इसके बावजूद सुधार नहीं हुआ।
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नियमों का उल्लंघन करने पर रोडवेज बसों पर लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसमें कोई छूट नहीं दी जाती है। जो चालान सीधे जमा नहीं होते, उन्हें नियमानुसार न्यायालय भेज दिया जाता है।
- विक्रांत द्विवेदी, सीओ सिटी व यातायात
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