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Etah News: 2334 आयकरदाता डकार रहे गरीबों का मुफ्त राशन

Sun, 21 Jul 2024 10:44 PM IST
आगरा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा Updated Sun, 21 Jul 2024 10:44 PM IST
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2334 income tax payers are begging for free ration for the poor.
एटा। सरकारी दुकानों पर बंटने वाला निशुल्क राशन सिर्फ गरीबों के लिए है, लेकिन हजारों ऐसे अमीर हैं, जो विभागीय कर्मचारियों और जनप्रतिनिधियों की साठगांठ से मुफ्त का राशन डकार रहे हैं। धोखाधड़ी कर मुफ्त राशन लेने वाले कार्डधारकों की सूची शासन ने पूर्ति विभाग को भेजी है। सत्यापन के बाद इनका नाम पात्रता सूची से हटाया जाएगा।
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विभाग से जारी रिपोर्ट के मुताबिक जिले के 2334 आयकर दाताओं के राशनकार्ड बने हुए हैं। वह प्रत्येक माह राशन ले रहे हैं। जनपद में 8 ब्लॉक हैं जिनमें सर्वाधिक शीतलपुर में 513, अलीगंज 340, मारहरा 282, सकीट 276, निधौलीकलां 275, जलेसर 240, जैथरा 236 तो अवागढ़ में 172 आयकरदाता गरीबों का राशन डकार रहे हैं।
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जिले में 3.15 लाख कार्डधारक और 13 लाख 59 हजार 765 यूनिट हैं। जिनको प्रतिमाह राशन दिया जाता है। इसमें पात्र गृहस्थी के 2.88 लाख कार्ड और अंत्योदय के 27164 कार्ड हैं। अंत्योदय को प्रत्येक माह 35 किलो और पात्र गृहस्थी कार्डधारक को प्रत्येक यूनिट पर पांच किलो राशन दिया जाता है। इसमें गेहूं और चावल का वितरण होता है। गरीबों के बीच बड़ी संख्या में अपात्र लोग विभाग को गुमराह कर सरकारी राशन हड़प रहे हैं। 2334 आयकरदाता के अलावा कई ऐसे लोग भी हैं, जिनकी कृषि जमीन मानक से कहीं अधिक है। ऐसे सभी उपभोक्ताओं का भी सत्यापन कर कार्ड निरस्त किए जाएंगे।
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राशन कार्ड बनवाने के लिए भटकते हैं लोग
जनपद में कई ऐसे पात्र हैं जिनका आज तक राशनकार्ड नहीं बना है। ऐसे में उनको सरकार की मुफ्त योजना नसीब नहीं हो पाती है। वह राशन कार्ड बनाने के लिए आवेदन के बाद लगातार विभाग में संपर्क करते हैं। विभाग लक्ष्य पूरा होने का हवाला देकर उनको लौटा देता है। बीच-बीच में अपात्रों के राशन कार्ड कटने के बाद पात्रों के कार्ड बनाए भी जाते हैं।

कैसे बने अपात्रों के कार्ड
राशनकार्ड बनवाने के लिए आय सीमा निर्धारित है। शहरी की तीन लाख और ग्रामीण की वार्षिक आय दो लाख होनी चाहिए। राशनकार्ड बनवाने के लिए तहसील से जारी आय प्रमाणपत्र लगता है। सवाल यही है कि इतनी प्रक्रिया होने के बाद भी आखिरकार अपात्रों के राशनकार्ड कैसे बन जाते हैं?
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