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Deoria News: रुद्रपुर नगर पंचायत कार्यालय के लोकार्पण पर भाजपा में खींचतान
Tue, 04 Aug 2026 11:53 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Tue, 04 Aug 2026 11:53 PM IST
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रुद्रपुर। नगर पंचायत के नवनिर्मित कार्यालय भवन के लोकार्पण को लेकर भाजपा के जनप्रतिनिधियों के बीच आपसी मनमुटाव खुलकर सामने आ गई है।
विधायक रुद्रपुर जयप्रकाश निषाद ने नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी पर प्रोटोकॉल के उल्लंघन का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की है, जबकि नगर पंचायत अध्यक्ष के प्रतिनिधि एवं भाजपा नेता छट्ठेलाल निगम ने सोशल मीडिया पर पलटवार करते हुए विधायक की नाराजगी को अंगूर खट्टे हैं करार दिया।
पूरे विवाद के बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा पहले ही भवन का लोकार्पण किए जाने और परिसर में तीन-तीन शिलापट्ट लगने का मामला चर्चा का विषय बना हुआ है।
नगर के जलकल रोड पर नगर पंचायत कार्यालय के भवन का निर्माण वर्ष 2021 में शुरू हुआ था। तत्कालीन चेयरमैन लालमती शर्मा और विधायक जयप्रकाश निषाद ने इसकी आधारशिला रखी थी।
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शुरुआत में लगभग दो करोड़ 20 लाख रुपये की लागत से प्रस्तावित इस भवन पर बाद में करीब 80 लाख रुपये अतिरिक्त खर्च किए गए। इसके बावजूद भवन का दूसरा तल अभी पूरी तरह तैयार नहीं हो सका है।
बीते दिनों बरांव में आयोजित जनसभा के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस भवन का औपचारिक लोकार्पण किया था।
इसके बाद सोमवार को नगर पंचायत प्रशासन की ओर से गृह प्रवेश कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें मुख्य अतिथि के रूप में एमएलसी डॉ. रतनपाल सिंह शामिल हुए। इस अवसर पर एक और शिलापट्ट लगाया गया, जिससे भवन परिसर में शिलापट्टों की संख्या तीन हो गई।
इसी कार्यक्रम को लेकर विधायक जयप्रकाश निषाद ने अधिशासी अधिकारी को पत्र भेजकर नाराजगी जताई। उनका आरोप है कि गृह प्रवेश कार्यक्रम की सूचना उन्हें समय रहते नहीं दी गई और मानसून सत्र के कारण कार्यक्रम स्थगित करने के अनुरोध के बावजूद उसे आयोजित कर दिया गया। विधायक ने इसे जनप्रतिनिधियों के प्रोटोकॉल का उल्लंघन बताते हुए संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध शासन स्तर पर कार्रवाई की मांग की है।
विधायक ने सोशल मीडिया पर भी अपनी नाराजगी व्यक्त करते हुए लिखा कि मुख्यमंत्री द्वारा भवन का उद्घाटन किए जाने के बाद नए शिलापट्ट लगाने का कोई औचित्य नहीं था। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग केवल अपना नाम शिलापट्ट पर दर्ज कराने के लिए सरकारी धन का दुरुपयोग कर रहे हैं। उधर, नगर पंचायत अध्यक्ष सुधा निगम का कहना है कि कार्यालय में गृह प्रवेश का कार्यक्रम पूरी तरह नियमानुसार आयोजित किया गया।
वहीं अध्यक्ष के प्रतिनिधि एवं पूर्व चेयरमैन छट्ठेलाल निगम ने सोशल मीडिया पर विधायक की टिप्पणी का जवाब देते हुए लिखा कि अंगूर खट्टे हैं, जिसके बाद दोनों पक्षों के समर्थकों के बीच सोशल मीडिया पर तीखी बयानबाजी शुरू हो गई।
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विधायक रुद्रपुर जयप्रकाश निषाद ने नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी पर प्रोटोकॉल के उल्लंघन का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की है, जबकि नगर पंचायत अध्यक्ष के प्रतिनिधि एवं भाजपा नेता छट्ठेलाल निगम ने सोशल मीडिया पर पलटवार करते हुए विधायक की नाराजगी को अंगूर खट्टे हैं करार दिया।
पूरे विवाद के बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा पहले ही भवन का लोकार्पण किए जाने और परिसर में तीन-तीन शिलापट्ट लगने का मामला चर्चा का विषय बना हुआ है।
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नगर के जलकल रोड पर नगर पंचायत कार्यालय के भवन का निर्माण वर्ष 2021 में शुरू हुआ था। तत्कालीन चेयरमैन लालमती शर्मा और विधायक जयप्रकाश निषाद ने इसकी आधारशिला रखी थी।
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शुरुआत में लगभग दो करोड़ 20 लाख रुपये की लागत से प्रस्तावित इस भवन पर बाद में करीब 80 लाख रुपये अतिरिक्त खर्च किए गए। इसके बावजूद भवन का दूसरा तल अभी पूरी तरह तैयार नहीं हो सका है।
बीते दिनों बरांव में आयोजित जनसभा के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस भवन का औपचारिक लोकार्पण किया था।
इसके बाद सोमवार को नगर पंचायत प्रशासन की ओर से गृह प्रवेश कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें मुख्य अतिथि के रूप में एमएलसी डॉ. रतनपाल सिंह शामिल हुए। इस अवसर पर एक और शिलापट्ट लगाया गया, जिससे भवन परिसर में शिलापट्टों की संख्या तीन हो गई।
इसी कार्यक्रम को लेकर विधायक जयप्रकाश निषाद ने अधिशासी अधिकारी को पत्र भेजकर नाराजगी जताई। उनका आरोप है कि गृह प्रवेश कार्यक्रम की सूचना उन्हें समय रहते नहीं दी गई और मानसून सत्र के कारण कार्यक्रम स्थगित करने के अनुरोध के बावजूद उसे आयोजित कर दिया गया। विधायक ने इसे जनप्रतिनिधियों के प्रोटोकॉल का उल्लंघन बताते हुए संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध शासन स्तर पर कार्रवाई की मांग की है।
विधायक ने सोशल मीडिया पर भी अपनी नाराजगी व्यक्त करते हुए लिखा कि मुख्यमंत्री द्वारा भवन का उद्घाटन किए जाने के बाद नए शिलापट्ट लगाने का कोई औचित्य नहीं था। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग केवल अपना नाम शिलापट्ट पर दर्ज कराने के लिए सरकारी धन का दुरुपयोग कर रहे हैं। उधर, नगर पंचायत अध्यक्ष सुधा निगम का कहना है कि कार्यालय में गृह प्रवेश का कार्यक्रम पूरी तरह नियमानुसार आयोजित किया गया।
वहीं अध्यक्ष के प्रतिनिधि एवं पूर्व चेयरमैन छट्ठेलाल निगम ने सोशल मीडिया पर विधायक की टिप्पणी का जवाब देते हुए लिखा कि अंगूर खट्टे हैं, जिसके बाद दोनों पक्षों के समर्थकों के बीच सोशल मीडिया पर तीखी बयानबाजी शुरू हो गई।