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Deoria News: कम समय में बढ़ी संपत्ति से संदेह के घेरे में आया परिवार
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सलेमपुर। कोतवाली क्षेत्र के ठेंगवल दुबे गांव के रहने वाले पंकज दुबे के परिवार की कम समय में बढ़ी संपत्ति को लेकर क्षेत्र के लोग हतप्रभ हैं। पांच वर्षों के भीतर लखनऊ से लेकर गांव तक कई जगह संपत्ति अर्जित किए जाने की जानकारी सामने आने के बाद मामला केंद्रीय जांच एजेंसी की नजर में आ गया। सीबीआई टीम की छापेमारी के बाद इलाके में हड़कंप मच गया।
जानकारी के मुताबिक पंकज के पिता दीनदयाल दुबे पूर्व में गांव के प्रधान पद का चुनाव लड़ चुके हैं। पिछले चुनाव में उन्हें 56 मतों से हार का सामना करना पड़ा था। ग्रामीणों का कहना है कि बेटों की नौकरी से पहले परिवार की आर्थिक स्थिति सामान्य थी।
दीनदयाल दुबे धनौती ढाला के पास किराना की दुकान चलाते थे। कुछ वर्ष पहले इनके बड़े बेटा पवन दुबे प्राथमिक विद्यालय में शिक्षक पद पर चयनित हो गए। उसके कुछ दिन बाद छोटे बेटे पंकज दुबे को लखनऊ में नौकरी मिल गई। गांव में चर्चा है कि पंकज लोक निर्माण विभाग में जेई पद पर तैनात हुए। उनकी पत्नी रश्मि भी उसी विभाग में जेई बताई जा रही हैं। बताया जा रहा है कि पिछले पांच वर्षों में जेई ने लखनऊ और गांव में जमीन खरीदे हैं।
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जानकारी के मुताबिक पंकज के पिता दीनदयाल दुबे पूर्व में गांव के प्रधान पद का चुनाव लड़ चुके हैं। पिछले चुनाव में उन्हें 56 मतों से हार का सामना करना पड़ा था। ग्रामीणों का कहना है कि बेटों की नौकरी से पहले परिवार की आर्थिक स्थिति सामान्य थी।
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दीनदयाल दुबे धनौती ढाला के पास किराना की दुकान चलाते थे। कुछ वर्ष पहले इनके बड़े बेटा पवन दुबे प्राथमिक विद्यालय में शिक्षक पद पर चयनित हो गए। उसके कुछ दिन बाद छोटे बेटे पंकज दुबे को लखनऊ में नौकरी मिल गई। गांव में चर्चा है कि पंकज लोक निर्माण विभाग में जेई पद पर तैनात हुए। उनकी पत्नी रश्मि भी उसी विभाग में जेई बताई जा रही हैं। बताया जा रहा है कि पिछले पांच वर्षों में जेई ने लखनऊ और गांव में जमीन खरीदे हैं।
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