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प्लास्टिक थैलियों पर प्रतिबंध के खिलाफ प्रदर्शन
अमर उजाला ब्यूरो/देवरिया
Updated Tue, 05 Jan 2016 12:27 AM IST
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प्लास्टिक एंड डिस्पोजेबल गुड्स एसोसिएशन ने प्रतिबंध के खिलाफ प्रदर्शन किया। संगठन का कहना था कि प्लास्टिक थैलियों पर रोक से व्यापारी और मजदूरों की आर्थिक हालत खराब हो जाएगी। कारोबारियों ने एडीएम प्रशासन बीके गुप्त को सौंपे ज्ञापन में यह कहा है।
संगठन से जुड़े कारोबारी सोमवार को कलेक्ट्रेट परिसर में पहुंचे। डीएम की गैरमौजूदगी में कार्यालय के समक्ष नारेबाजी की। इसके बाद एडीएम प्रशासन बीके गुप्त पहुंचे। इसके पूर्व आयोजित सभा में प्रदेश उपाध्यक्ष हृदय नारायण जायसवाल ने कहा कि प्लास्टिक उद्योग जन जीवन से जुड़ा है।
इस उद्योग के बंद होने से प्रदेश के कारोबारी और मजदूर सड़क पर आ जाएंगे। जिलाध्यक्ष प्रेम अग्रवाल ने कहा कि गरीब और मजदूर प्लास्टिक को एकत्र कर कबाड़ की दुकान में बेचते हैं। इसे रिसाइकिल कर प्रयोग में लाया जाता है। इसके चलते कई लोगों को रोजगार मिला है।
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सरकार ने मजदूरों के रोजगार के विकल्प का इंतजाम नहीं किया है। जीवन लाल बरनवाल ने कहा कि उद्योग से जुड़े लोगों से बातचीत नहीं की गई। प्रदेश सरकार ने जबरन कानून लागू कर दिया है। इस दौरान दिनेश बरनवाल, बैजनाथ सोनी, संजय सरावगी, ओमप्रकाश जायसवाल, अजय नांगलिया, रितेश बरनवाल आदि मौजूद रहे।
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संगठन से जुड़े कारोबारी सोमवार को कलेक्ट्रेट परिसर में पहुंचे। डीएम की गैरमौजूदगी में कार्यालय के समक्ष नारेबाजी की। इसके बाद एडीएम प्रशासन बीके गुप्त पहुंचे। इसके पूर्व आयोजित सभा में प्रदेश उपाध्यक्ष हृदय नारायण जायसवाल ने कहा कि प्लास्टिक उद्योग जन जीवन से जुड़ा है।
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इस उद्योग के बंद होने से प्रदेश के कारोबारी और मजदूर सड़क पर आ जाएंगे। जिलाध्यक्ष प्रेम अग्रवाल ने कहा कि गरीब और मजदूर प्लास्टिक को एकत्र कर कबाड़ की दुकान में बेचते हैं। इसे रिसाइकिल कर प्रयोग में लाया जाता है। इसके चलते कई लोगों को रोजगार मिला है।
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सरकार ने मजदूरों के रोजगार के विकल्प का इंतजाम नहीं किया है। जीवन लाल बरनवाल ने कहा कि उद्योग से जुड़े लोगों से बातचीत नहीं की गई। प्रदेश सरकार ने जबरन कानून लागू कर दिया है। इस दौरान दिनेश बरनवाल, बैजनाथ सोनी, संजय सरावगी, ओमप्रकाश जायसवाल, अजय नांगलिया, रितेश बरनवाल आदि मौजूद रहे।