{"_id":"61cb4df5baee0150c177ef01","slug":"opposes-winter-vacation-deoria-news-gkp4216003129","type":"story","status":"publish","title_hn":"जूनियर शिक्षण प्रबंधक संघ ने शीतकालीन अवकाश का किया विरोध","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जूनियर शिक्षण प्रबंधक संघ ने शीतकालीन अवकाश का किया विरोध
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जूनियर शिक्षण प्रबंधक संघ ने शीतकालीन अवकाश का किया विरोध
देवरिया। प्राथमिक व जूनियर विद्यालयों में सरकार की ओर से 31 दिसंबर से 14 जनवरी तक शीतकालीन अवकाश घोषित किए जाने का विरोध शुरू हो गया है। मंगलवार को जूनियर प्रबंधक संघ ने आदेश को निरस्त करने के लिए मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीएम सदर सौरभ सिंह को सौंपा।
जूनियर शिक्षण प्रबंधक संघ की जिलाध्यक्ष संगीता सिंह ने बताया कि कोरोना काल के विपरीत परिस्थितियों में 18 माह तक विद्यालय बंद रहे। इससे बच्चों की शिक्षा निम्न स्तर पर पहुंच गई है। संसाधनों की कमी के कारण देश के 85 प्रतिशत छात्र-छात्राएं ऑनलाइन शिक्षा से वंचित रहे। सितंबर में विद्यालय खुले। शिक्षकों के अथक प्रयास से शैक्षिक विकास की गाड़ी अभी पटरी पर पहुंची भी नहीं है कि 31 दिसंबर से 14 जनवरी तक शीतावकाश प्रस्तावित कर दिया गया। इस निर्णय से बच्चों का शैक्षणिक विकास बाधित होगा।
इसके पूर्व डीएम स्तर से ठंड के मौसम की प्रकृति को देखते हुए अवकाश घोषित किया जाता रहा है। ऐसे में शीतावकाश के निर्णय को वापस लेना न्याय संगत होगा। भारतीय जलवायु एवं शिक्षा सत्र को पूर्व की भांति जुलाई से मई करने की व्यवस्था जारी रहे, यही छात्रों के हित में है। ज्ञापन सौंपने वालों में जिला उपाध्यक्ष युवराज प्रताप सिंह, महामंत्री पीके विश्वकर्मा, विजय पटेल, आनंद श्रीवास्तव, डॉ.सुमन राव, संजय कुमार यादव, अभिषेक शाही, विद्यानंद यादव, पुनीत यादव, अशोक सिंह, सूरज प्रताप, सुमित तिवारी, यतिंद्रदेव गुप्ता, असफ फारुखी, विवेक कुमार सिंह, विवेक कुमार त्रिपाठी, प्रियंका सिंह, दिव्यांशु सिंह, पार्थ सिंह, विकास मणि त्रिपाठी, दीपक मौर्या, राजेंद्र पांडेय, मनोज यादव आदि स्कूल प्रबंधक शामिल रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
देवरिया। प्राथमिक व जूनियर विद्यालयों में सरकार की ओर से 31 दिसंबर से 14 जनवरी तक शीतकालीन अवकाश घोषित किए जाने का विरोध शुरू हो गया है। मंगलवार को जूनियर प्रबंधक संघ ने आदेश को निरस्त करने के लिए मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीएम सदर सौरभ सिंह को सौंपा।
जूनियर शिक्षण प्रबंधक संघ की जिलाध्यक्ष संगीता सिंह ने बताया कि कोरोना काल के विपरीत परिस्थितियों में 18 माह तक विद्यालय बंद रहे। इससे बच्चों की शिक्षा निम्न स्तर पर पहुंच गई है। संसाधनों की कमी के कारण देश के 85 प्रतिशत छात्र-छात्राएं ऑनलाइन शिक्षा से वंचित रहे। सितंबर में विद्यालय खुले। शिक्षकों के अथक प्रयास से शैक्षिक विकास की गाड़ी अभी पटरी पर पहुंची भी नहीं है कि 31 दिसंबर से 14 जनवरी तक शीतावकाश प्रस्तावित कर दिया गया। इस निर्णय से बच्चों का शैक्षणिक विकास बाधित होगा।
विज्ञापन
इसके पूर्व डीएम स्तर से ठंड के मौसम की प्रकृति को देखते हुए अवकाश घोषित किया जाता रहा है। ऐसे में शीतावकाश के निर्णय को वापस लेना न्याय संगत होगा। भारतीय जलवायु एवं शिक्षा सत्र को पूर्व की भांति जुलाई से मई करने की व्यवस्था जारी रहे, यही छात्रों के हित में है। ज्ञापन सौंपने वालों में जिला उपाध्यक्ष युवराज प्रताप सिंह, महामंत्री पीके विश्वकर्मा, विजय पटेल, आनंद श्रीवास्तव, डॉ.सुमन राव, संजय कुमार यादव, अभिषेक शाही, विद्यानंद यादव, पुनीत यादव, अशोक सिंह, सूरज प्रताप, सुमित तिवारी, यतिंद्रदेव गुप्ता, असफ फारुखी, विवेक कुमार सिंह, विवेक कुमार त्रिपाठी, प्रियंका सिंह, दिव्यांशु सिंह, पार्थ सिंह, विकास मणि त्रिपाठी, दीपक मौर्या, राजेंद्र पांडेय, मनोज यादव आदि स्कूल प्रबंधक शामिल रहे।
विज्ञापन