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Deoria News: मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन एवं कालानमक धान की खेती की दी जानकारी
Sat, 20 May 2023 11:34 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Sat, 20 May 2023 11:34 PM IST
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कृषि विज्ञान केंद्र मल्हना में किसानों को काला नमक धान बीज का किट वितरित करते कृषि वैज्ञानिक।वि
संवाद न्यूज एजेंसी
भाटपाररानी। कृषि विज्ञान केंद्र मल्हना में मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन पर शनिवार को जागरूकता अभियान कार्यक्रम का आयोजन किया गया। केंद्र के प्रभारी डॉ. रजनीश श्रीवास्तव ने उपस्थित किसानों को मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन के बारे में विस्तार से जानकारी दी। चर्चा के दौरान फसल अवशेष को मिट्टी में मिलाकर जैव कॉर्बन को बढ़ाने पर बल देते हुए बताया कि सूक्ष्म जीवों की बढ़वार के लिए मिट्टी में जीवांश का पर्याप्त मात्रा में होना आवश्यक है।
आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौंद्योगिक विश्वविद्यालय फैजाबाद के वैज्ञानिक डॉ. वीपी दूबे ने किसानों को काला नमक की जैविक विधि से खेती के बारे में बताया। कृषि विज्ञान केंद्र के विशेषज्ञ डॉ. कमलेश मीणा ने धान की नर्सरी डालने से लेकर कटाई तक के विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा की । उन्होंने धान की सीधी बुवाई पर प्रकाश डाला। इस अवसर पर अनूप प्रताप सिंह, मनजीत कुशवाहा, कैलाश, राजकुमार कौशल किशोर मिश्र, प्रभास्कर नारायण तिवारी, उषा देवी, कंचनलता, प्रह्लाद तिवारी, चंद्रशेखर सिंह आदि सहित विभिन्न विकास खंडों के 50 से अधिक किसानों ने भाग लिया।
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भाटपाररानी। कृषि विज्ञान केंद्र मल्हना में मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन पर शनिवार को जागरूकता अभियान कार्यक्रम का आयोजन किया गया। केंद्र के प्रभारी डॉ. रजनीश श्रीवास्तव ने उपस्थित किसानों को मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन के बारे में विस्तार से जानकारी दी। चर्चा के दौरान फसल अवशेष को मिट्टी में मिलाकर जैव कॉर्बन को बढ़ाने पर बल देते हुए बताया कि सूक्ष्म जीवों की बढ़वार के लिए मिट्टी में जीवांश का पर्याप्त मात्रा में होना आवश्यक है।
आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौंद्योगिक विश्वविद्यालय फैजाबाद के वैज्ञानिक डॉ. वीपी दूबे ने किसानों को काला नमक की जैविक विधि से खेती के बारे में बताया। कृषि विज्ञान केंद्र के विशेषज्ञ डॉ. कमलेश मीणा ने धान की नर्सरी डालने से लेकर कटाई तक के विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा की । उन्होंने धान की सीधी बुवाई पर प्रकाश डाला। इस अवसर पर अनूप प्रताप सिंह, मनजीत कुशवाहा, कैलाश, राजकुमार कौशल किशोर मिश्र, प्रभास्कर नारायण तिवारी, उषा देवी, कंचनलता, प्रह्लाद तिवारी, चंद्रशेखर सिंह आदि सहित विभिन्न विकास खंडों के 50 से अधिक किसानों ने भाग लिया।
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