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Deoria News: वायरल अर्थराइटिस सता रहा जोड़ों का दर्द
Thu, 15 Aug 2024 03:48 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Thu, 15 Aug 2024 03:48 AM IST
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देवरिया। मौसम बदलने से वायरल सहित अन्य बुखार की चपेट में आने के बाद जोड़ों के दर्द की समस्या से लोग परेशान हो रहे हैं। मेडिकल कॉलेज में रोजाना 20 से 30 मरीज पहुंच रहे हैं। डॉक्टर दवा के साथ सावधानी बरतने की सलाह दे रहे हैं। इसे ठीक होने में दो से चार सप्ताह का समय लग जा रहा है। अपने से और गलत दवा का सेवन नुकसानदेय साबित होता है।
मौसम में परिवर्तन का असर लोगों की सेहत पर पड़ता है। इन दिनों वातावरण में नमी की वजह से वायरस ग्रोथ करते हैं और संक्रामक बीमारियों का प्रकोप भी बढ़ जाता है। थोड़ी सी लापरवाही भारी पड़ रही है। इस समय वायरल सहित विभिन्न तरह के बुखार की चपेट में लोग आ रहे हैं। इसके ठीक होने के बाद पीड़ित के जोड़ों में दर्द की समस्या हो रही है। लोग वायरल अर्थराइटिस से परेशान हो रहे हैं। जांच में इसका पता नहीं चलता है। डॉक्टर खुद डायग्नोसिस कर इलाज करते हैं। मेडिकल कॉलेज में इस तरह के मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है। हर रोज 20 से 30 मरीज आ रहे हैं। डाॅक्टर दवा के साथ सावधानी बरतने की सलाह दे रहे हैं। वहीं तेज धूप के बाद अचानक तापमान गिरने और मौसम ठंडा होने से गठिया ग्रसित लोगाें को दर्द होता है। इस तरह के मरीज भी आ रहे हैं। उन्हें भी दवा के साथ मौसम में बदलाव होने पर सजग रहने की सलाह दी जा रही है।
दिक्कत होने पर विशेषज्ञ से लें सलाह
मेडिकल कॉलेज के आर्थो विभाग के डॉ. गौरव सिंह व डॉ. रजनीश ने बताया कि इस मौसम में संक्रमण होता है। सर्दी, खांसी, वायरल फीबर, टायफाइड, डेंगू सहित अन्य बुखार की चपेट में लोग आते हैं। इसके बाद जोड़ों में दर्द की शिकायत लेकर लोग आते हैं। शरीर में इम्यूनिटी एउप्ट करती है। उसके कारण जोड़ के ऊपर साइनोवियम होती है। इसमें इंफेक्शन होता है, जिससे दिक्कत हाेती है। इंफेक्शन व इंजरी से लड़ने के लिए केमिकल रिलीज करते हैं, जिससे सूजन होता है। इससे वायरल अर्थराइटिस हो जाती है। मरीज के हिस्ट्री से पता चलता है। दो से चार सप्ताह के इलाज में यह बीमारी ठीक हो जाती है। दिक्कत होने पर विशेषज्ञ डाॅक्टर से संपर्क कर उनकी सलाह पर दवा लेनी चाहिए। अपने और किसी अन्य के सुझाव पर दवा का सेवन करने पर नुकसानदेय साबित हो सकता है।
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यह बरतें सावधानी
- खानपान में नियंत्रण रखें
- ठंडी चीज का सेवन न करें
- विटामिन सी लें, संतरा, नीबू का सेवन करें
- सुपाच्य व पौष्टिक भोजन और हरी साग-सब्जी का सेवन करें
- शुद्ध पेयजल का प्रयोग करें
- मच्छर से बचें, मच्छरदानी में सोएं
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मौसम में परिवर्तन का असर लोगों की सेहत पर पड़ता है। इन दिनों वातावरण में नमी की वजह से वायरस ग्रोथ करते हैं और संक्रामक बीमारियों का प्रकोप भी बढ़ जाता है। थोड़ी सी लापरवाही भारी पड़ रही है। इस समय वायरल सहित विभिन्न तरह के बुखार की चपेट में लोग आ रहे हैं। इसके ठीक होने के बाद पीड़ित के जोड़ों में दर्द की समस्या हो रही है। लोग वायरल अर्थराइटिस से परेशान हो रहे हैं। जांच में इसका पता नहीं चलता है। डॉक्टर खुद डायग्नोसिस कर इलाज करते हैं। मेडिकल कॉलेज में इस तरह के मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है। हर रोज 20 से 30 मरीज आ रहे हैं। डाॅक्टर दवा के साथ सावधानी बरतने की सलाह दे रहे हैं। वहीं तेज धूप के बाद अचानक तापमान गिरने और मौसम ठंडा होने से गठिया ग्रसित लोगाें को दर्द होता है। इस तरह के मरीज भी आ रहे हैं। उन्हें भी दवा के साथ मौसम में बदलाव होने पर सजग रहने की सलाह दी जा रही है।
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दिक्कत होने पर विशेषज्ञ से लें सलाह
मेडिकल कॉलेज के आर्थो विभाग के डॉ. गौरव सिंह व डॉ. रजनीश ने बताया कि इस मौसम में संक्रमण होता है। सर्दी, खांसी, वायरल फीबर, टायफाइड, डेंगू सहित अन्य बुखार की चपेट में लोग आते हैं। इसके बाद जोड़ों में दर्द की शिकायत लेकर लोग आते हैं। शरीर में इम्यूनिटी एउप्ट करती है। उसके कारण जोड़ के ऊपर साइनोवियम होती है। इसमें इंफेक्शन होता है, जिससे दिक्कत हाेती है। इंफेक्शन व इंजरी से लड़ने के लिए केमिकल रिलीज करते हैं, जिससे सूजन होता है। इससे वायरल अर्थराइटिस हो जाती है। मरीज के हिस्ट्री से पता चलता है। दो से चार सप्ताह के इलाज में यह बीमारी ठीक हो जाती है। दिक्कत होने पर विशेषज्ञ डाॅक्टर से संपर्क कर उनकी सलाह पर दवा लेनी चाहिए। अपने और किसी अन्य के सुझाव पर दवा का सेवन करने पर नुकसानदेय साबित हो सकता है।
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यह बरतें सावधानी
- खानपान में नियंत्रण रखें
- ठंडी चीज का सेवन न करें
- विटामिन सी लें, संतरा, नीबू का सेवन करें
- सुपाच्य व पौष्टिक भोजन और हरी साग-सब्जी का सेवन करें
- शुद्ध पेयजल का प्रयोग करें
- मच्छर से बचें, मच्छरदानी में सोएं