{"_id":"66d2611edd39b046f3028a84","slug":"deoria-news-file-a-case-against-unregistered-hospitals-dm-deoria-news-c-208-1-sgkp1009-134010-2024-08-31","type":"story","status":"publish","title_hn":"बिना रजिस्ट्रेशन वाले अस्पतालों पर दर्ज कराएं मुकदमा : डीएम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बिना रजिस्ट्रेशन वाले अस्पतालों पर दर्ज कराएं मुकदमा : डीएम
Sat, 31 Aug 2024 05:47 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Sat, 31 Aug 2024 05:47 AM IST
विज्ञापन
देवरिया। जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक सीएमओ कार्यालय के धन्वंतरि सभागार में शुक्रवार को हुई। इसमें जिलाधिकारी दिव्या मित्तल ने मातृत्व सुरक्षा योजना, बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम, नियमित टीकाकरण, आशा कार्यक्रम समीक्षा, रोगी कल्याण, परिवार कल्याण, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, प्रतिरक्षण कार्यक्रम, हेल्थ एवं वेलनेस सेंटर आदि की समीक्षा की। डीएम ने कहा कि हर लाभार्थी तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाई जाएं। एमओआईसी झोलाछाप व बिना रजिस्ट्रेशन वाले अस्पतालों पर कार्रवाई कर मुकदमा दर्ज कराएं।
सीएमओ ने बताया कि अगस्त माह में झोलाछाप, क्लीनिक, अल्ट्रासाउंड सेंटर के विरुद्ध व्यापक अभियान चलाया गया। कुल 276 जांच हुई, जिसमें 198 अपंजीकृत संस्थानों को नोटिस दिया गया तथा 44 केंद्रों को सील किया गया। जिलाधिकारी ने अभियान की प्रभाविता को देखते हुए इसे एक माह और बढ़ाने का निर्देश दिया। डीएम ने कहा कि सभी मकान मालिक यह सुनिश्चित करें कि वे किसी झोलाछाप व अपंजीकृत अल्ट्रासाउंड सेंटर एवं नर्सिंग होम को किराए पर अपना भवन न दें। यदि इन अपंजीकृत केंद्रों के विरुद्ध कोई कार्रवाई होती है तो मकान मालिक को असुविधा के दौर से गुजरना पड़ता है, इसलिए सतर्कता बरते। प्रसव के लिए निजी अस्पताल में भेजने में 228 आशा की भूमिका संदिग्ध पाई गई है। इन सभी को प्रधान के माध्यम से नोटिस जारी कर चेतावनी दी गई है।
डीएम ने कहा कि यदि कोई आशा किसी गर्भवती को निजी अस्पताल में भेजती हुई पाई जाएगी तो उसके विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी। डीएम ने कहा कि स्वास्थ्य केंद्र में किसी भी बाहरी व्यक्ति से कार्य न लें। आउटसोर्सिंग से रखे जा रहे कर्मचारियों का पुलिस वेरिफिकेशन जरूर कराएं। प्रत्येक आशा द्वारा गृह आधारित नवजात शिशु देखभाल (एचबीएनसी) कार्यक्रम शत प्रतिशत पूरा कराया जाए।
विज्ञापन
इस दौरान सीएमओ डॉ. राजेश झा, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट श्रुति शर्मा, एसीएमओ डॉ. सुरेंद्र चौधरी, एसीएमओ डॉ. एचके सिन्हा, सीएमएस डॉ. एचके मिश्रा, अरबन नोडल अधिकारी डॉ. आरपी यादव, डॉ. हरेंद्र कुमार, जिला मलेरिया अधिकारी सीपी मिश्रा आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
सीएमओ ने बताया कि अगस्त माह में झोलाछाप, क्लीनिक, अल्ट्रासाउंड सेंटर के विरुद्ध व्यापक अभियान चलाया गया। कुल 276 जांच हुई, जिसमें 198 अपंजीकृत संस्थानों को नोटिस दिया गया तथा 44 केंद्रों को सील किया गया। जिलाधिकारी ने अभियान की प्रभाविता को देखते हुए इसे एक माह और बढ़ाने का निर्देश दिया। डीएम ने कहा कि सभी मकान मालिक यह सुनिश्चित करें कि वे किसी झोलाछाप व अपंजीकृत अल्ट्रासाउंड सेंटर एवं नर्सिंग होम को किराए पर अपना भवन न दें। यदि इन अपंजीकृत केंद्रों के विरुद्ध कोई कार्रवाई होती है तो मकान मालिक को असुविधा के दौर से गुजरना पड़ता है, इसलिए सतर्कता बरते। प्रसव के लिए निजी अस्पताल में भेजने में 228 आशा की भूमिका संदिग्ध पाई गई है। इन सभी को प्रधान के माध्यम से नोटिस जारी कर चेतावनी दी गई है।
विज्ञापन
डीएम ने कहा कि यदि कोई आशा किसी गर्भवती को निजी अस्पताल में भेजती हुई पाई जाएगी तो उसके विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी। डीएम ने कहा कि स्वास्थ्य केंद्र में किसी भी बाहरी व्यक्ति से कार्य न लें। आउटसोर्सिंग से रखे जा रहे कर्मचारियों का पुलिस वेरिफिकेशन जरूर कराएं। प्रत्येक आशा द्वारा गृह आधारित नवजात शिशु देखभाल (एचबीएनसी) कार्यक्रम शत प्रतिशत पूरा कराया जाए।
विज्ञापन
इस दौरान सीएमओ डॉ. राजेश झा, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट श्रुति शर्मा, एसीएमओ डॉ. सुरेंद्र चौधरी, एसीएमओ डॉ. एचके सिन्हा, सीएमएस डॉ. एचके मिश्रा, अरबन नोडल अधिकारी डॉ. आरपी यादव, डॉ. हरेंद्र कुमार, जिला मलेरिया अधिकारी सीपी मिश्रा आदि मौजूद रहे।