{"_id":"68e57f5b29d72236ad07bdcd","slug":"deoria-news-deoria-news-c-208-1-deo1009-165016-2025-10-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Deoria News: डीएम बोलीं- टैंक की सफाई कराई तो बनेगा क्रिमिनल केस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Deoria News: डीएम बोलीं- टैंक की सफाई कराई तो बनेगा क्रिमिनल केस
विज्ञापन
पानी की टंकी के पास मिली अंडरवीयर को देखते अधिकारी।
देवरिया। मेडिकल कॉलेज परिसर में ओपीडी बिल्डिंग के पानी की टंकी में मिली लाश को लेकर दूसरे दिन मंगलवार को प्रशासनिक अमला जमा रहा। मेडिकल कॉलेज पहुंची डीएम दिव्या मित्तल मौके का निरीक्षण करने के बाद मेडिकल कॉलेज प्राचार्य पर सुरक्षा को लेकर नाराजगी जाहिर की।
डीएम ने कहा कि कोई साक्ष्य मिटाने की कोशिश नहीं करेगा। न ही टैंक की सफाई होगी। यदि ऐसा हुआ क्रििमनल केस बन जाएगा। घटना को लेकर डीएम काफी शख्त दिखीं। सीडीओ के नेतृत्व में पांच सदस्यीय टीम ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
मेडिकल कॉलेज के ओपीडी बिल्डिंग के पांचवीं मंजिल पर पानी की टंकी में सोमवार को करीब छह दिन पुराना शव मिला। पानी में दुर्गंध और पानी का फ्लो कम होने के कारण मेडिकल कॉलेज के जिम्मेदारों तक शिकायत पहुंची तो जांच कराई गई। जांच मे पता चला कि एक पुरुष का शव पानी की टंकी में है। इसके बाद हड़कंप मच गया।
विज्ञापन
देर रात को काफी प्रयास के बाद मेडिकल कॉलेज प्रशासन, पुलिस और फायर बिग्रेड की मदद से शव को निकाला गया। शव की पहचान अब तक नहीं हो सकी। पानी की टंकी के पास एक बेड का चादर मिला, जिस पर 25 सितंबर का मुहर लगा है। फाॅरेंसिक टीम ने चादर को कब्जे में ले लिया। शव पूरी तरह फूल गया था। उसके हाथ में सीरिंज लगा था।
सुबह करीब 11:30 बजे डीएम अपने मातहतों के साथ मेडिकल कॉलेज के छत पर पहुंचकर पानी टंकी का निरीक्षण किया। घटना से जुड़ी जानकारी वहां मौजूद सीओ व मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य से ली। उन्होंने प्राचार्य से कहा कि यह सुरक्षा में चूक है, क्योंकि मेडिकल कॉलेज के छत पर जाने वाला फाटक की कुंडी टूटी हुई थी और सीढ़ी और छत पर एक भी कैमरा नहीं लगा था।
डीएम ने प्राचार्य पर नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि जब तक जांच की प्रक्रिया पूरी नहीं होगी तब तक छत पर किसी तरह की सफाई नहीं होगी और बाहरी लोगों की एंट्री पर रोक रहेगी।
उन्होंने सीओ से छत पर पुलिसकर्मी की ड्यूटी लगाने को कहा। वहीं मामले की जांच के लिए डीएम ने सीडीओ के नेतृत्व में पांच सदस्यीय टीम गठित कर दी। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की जांच कराई जा रही है।
इसमें जो भी दोषी मिलेगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। डीएम के निर्देश के बाद टीम ने जांच शुरू कर दी है। इस घटना के बाद से मेडिकल कॉलेज के कर्मचारियों में खलबली मची है।
विज्ञापन
डीएम ने कहा कि कोई साक्ष्य मिटाने की कोशिश नहीं करेगा। न ही टैंक की सफाई होगी। यदि ऐसा हुआ क्रििमनल केस बन जाएगा। घटना को लेकर डीएम काफी शख्त दिखीं। सीडीओ के नेतृत्व में पांच सदस्यीय टीम ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
विज्ञापन
मेडिकल कॉलेज के ओपीडी बिल्डिंग के पांचवीं मंजिल पर पानी की टंकी में सोमवार को करीब छह दिन पुराना शव मिला। पानी में दुर्गंध और पानी का फ्लो कम होने के कारण मेडिकल कॉलेज के जिम्मेदारों तक शिकायत पहुंची तो जांच कराई गई। जांच मे पता चला कि एक पुरुष का शव पानी की टंकी में है। इसके बाद हड़कंप मच गया।
विज्ञापन
देर रात को काफी प्रयास के बाद मेडिकल कॉलेज प्रशासन, पुलिस और फायर बिग्रेड की मदद से शव को निकाला गया। शव की पहचान अब तक नहीं हो सकी। पानी की टंकी के पास एक बेड का चादर मिला, जिस पर 25 सितंबर का मुहर लगा है। फाॅरेंसिक टीम ने चादर को कब्जे में ले लिया। शव पूरी तरह फूल गया था। उसके हाथ में सीरिंज लगा था।
सुबह करीब 11:30 बजे डीएम अपने मातहतों के साथ मेडिकल कॉलेज के छत पर पहुंचकर पानी टंकी का निरीक्षण किया। घटना से जुड़ी जानकारी वहां मौजूद सीओ व मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य से ली। उन्होंने प्राचार्य से कहा कि यह सुरक्षा में चूक है, क्योंकि मेडिकल कॉलेज के छत पर जाने वाला फाटक की कुंडी टूटी हुई थी और सीढ़ी और छत पर एक भी कैमरा नहीं लगा था।
डीएम ने प्राचार्य पर नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि जब तक जांच की प्रक्रिया पूरी नहीं होगी तब तक छत पर किसी तरह की सफाई नहीं होगी और बाहरी लोगों की एंट्री पर रोक रहेगी।
उन्होंने सीओ से छत पर पुलिसकर्मी की ड्यूटी लगाने को कहा। वहीं मामले की जांच के लिए डीएम ने सीडीओ के नेतृत्व में पांच सदस्यीय टीम गठित कर दी। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की जांच कराई जा रही है।
इसमें जो भी दोषी मिलेगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। डीएम के निर्देश के बाद टीम ने जांच शुरू कर दी है। इस घटना के बाद से मेडिकल कॉलेज के कर्मचारियों में खलबली मची है।