{"_id":"45592b06952350d794f005e0fd78a5ba","slug":"raw-alcohol-landed-against-women-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कच्ची शराब के विरोध में उतरीं महिलाएं","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
कच्ची शराब के विरोध में उतरीं महिलाएं
अमर उजाला/देवरिया
Updated Fri, 26 Feb 2016 12:10 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रुद्रपुर। कच्ची शराब के काले कारोबार के विरोध में महिलाओं ने बृहस्पतिवार
विज्ञापन
को जमकर तोड़ फोड़ किया। कोइलगढ़हा और तिवई गांव में सैकड़ों की तादात में
महिलाओं ने कच्ची शराब के अड्डों पर धावा बोलकर भट्ठियां तोड़ दीं।
इन दो गांवों में करीब पांच घंटे तक महिलाओं ने कच्ची शराब के खिलाफ अभियान चलाया।महिलाओं का तेवर देखकर कच्ची शराब के कारोबारी भाग निकले।
उन्होंने कच्ची शराब के अड्डे पर शराब पीने गए लोगों को दौड़ाकर पीटा।इस दौरान तिवई और कोईलगढड़हा में शराब के पांच अड्डे को महिलाओं के हुजूम ने तहस -नहस कर दिया।
महिला सशक्तिकरण की सचिव मीनू तिवारी के नेतृत्व में दिन में एक बजे महिलाओं का हुजूम कोइलगढ़हा के चखनी, सुकईपुरा, बिचलाटोला पर पहुंच कर जमकर तोड़ फोड़ किया।
महिलाओं को कच्ची शराब के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। महिलाएं कच्ची के अड्डों पर तोड़ फोड़ करने के बाद देवरिया रुद्रपुर मार्ग पर सड़क जामकर कच्ची के खिलाफ प्रदर्शन किया।
गांव की महिलाएं रेशमी देवी, विशुनदेवी, विद्यावती, लालमती, तेजा, पानमती, शारदा, ऊषा, किरन देवी, रमावती, गुलइची, कबुतरी आदि हाथ लाठी, फावड़ा लेकर निकली। उन्होंने कच्ची शराब बनाने के उपकरणों को तोड़ कर कई सौ लीटर शराब को बर्बाद कर दिया।
महिलाओं ने बताया कि कोइलगढ़हा क्षेत्र में कच्ची शराब का धंधा वर्षों से कु टीर उद्योग का रूप ले चुका है।कच्ची शराब हर घर को बर्बाद कर रही है। कोइलगढ़हा और तिवई में कच्ची पीकर असमय लोगों की मौत हो रही है।
पुलिस कच्ची के कारोबार को पूरी तरह बंद कराने में रुचि नहीं ले रही है। महिला सशक्तिकरण सचिव मीनू तिवारी ने कहा कि कच्ची के खिलाफ महिलाओं का अभियान जारी रहेगा। कोईलगढ़हा में जब तक शराब बंद नहीं हो जाता महिलाओं चैन से नहीं बैठेंगी।
इन दो गांवों में करीब पांच घंटे तक महिलाओं ने कच्ची शराब के खिलाफ अभियान चलाया।महिलाओं का तेवर देखकर कच्ची शराब के कारोबारी भाग निकले।
उन्होंने कच्ची शराब के अड्डे पर शराब पीने गए लोगों को दौड़ाकर पीटा।इस दौरान तिवई और कोईलगढड़हा में शराब के पांच अड्डे को महिलाओं के हुजूम ने तहस -नहस कर दिया।
महिला सशक्तिकरण की सचिव मीनू तिवारी के नेतृत्व में दिन में एक बजे महिलाओं का हुजूम कोइलगढ़हा के चखनी, सुकईपुरा, बिचलाटोला पर पहुंच कर जमकर तोड़ फोड़ किया।
महिलाओं को कच्ची शराब के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। महिलाएं कच्ची के अड्डों पर तोड़ फोड़ करने के बाद देवरिया रुद्रपुर मार्ग पर सड़क जामकर कच्ची के खिलाफ प्रदर्शन किया।
गांव की महिलाएं रेशमी देवी, विशुनदेवी, विद्यावती, लालमती, तेजा, पानमती, शारदा, ऊषा, किरन देवी, रमावती, गुलइची, कबुतरी आदि हाथ लाठी, फावड़ा लेकर निकली। उन्होंने कच्ची शराब बनाने के उपकरणों को तोड़ कर कई सौ लीटर शराब को बर्बाद कर दिया।
महिलाओं ने बताया कि कोइलगढ़हा क्षेत्र में कच्ची शराब का धंधा वर्षों से कु टीर उद्योग का रूप ले चुका है।कच्ची शराब हर घर को बर्बाद कर रही है। कोइलगढ़हा और तिवई में कच्ची पीकर असमय लोगों की मौत हो रही है।
पुलिस कच्ची के कारोबार को पूरी तरह बंद कराने में रुचि नहीं ले रही है। महिला सशक्तिकरण सचिव मीनू तिवारी ने कहा कि कच्ची के खिलाफ महिलाओं का अभियान जारी रहेगा। कोईलगढ़हा में जब तक शराब बंद नहीं हो जाता महिलाओं चैन से नहीं बैठेंगी।