{"_id":"580267344f1c1b6c6128ee4e","slug":"immersion-procession-organically-arson","type":"story","status":"publish","title_hn":"विसर्जन जुलूस में बवाल, आगजनी ","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
विसर्जन जुलूस में बवाल, आगजनी
देवरिया
Updated Sat, 15 Oct 2016 10:58 PM IST
विज्ञापन
लाठी में छह लोग घायल हो गए।
- फोटो : नीलांबुज
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मेहरौनाघाट(देवरिया)। दुर्गा प्रतिमा विसर्जन जुलूस को लेकर पुलिस के रवैये से नाराज लोगों ने एएसपी के खिलाफ नारेबाजी की। डेढ़ घंटे तक विसर्जन यात्रा रूकी रही। इस बीच स्थित को काबू में करने के लिए पुलिस द्वारा पटकी गई लाठी में छह लोग घायल हो गए।
काफी देर तक माहौल तनाव पूर्ण बना रहा। मौके पर पहुंचे डीएम और एसपी के समझाने के बाद लोग माने और रात पौने नौ बजे से विसर्जन के लिए निकले लेकिन एक फर्नीचर की दुकान में आग लगने की खबर से मामला फिर बिगड़ गया। बिगड़े माहौल को काबू करने के लिए उच्च प्रशासनिक अधिकारियों के अलावा मौके पर भारी पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई है। देर रात तक एसपी स्वयं अपनी निगरानी में मूर्तियों का विसर्जन कराए। शनिवार को दुर्गा प्रतिमा का विसर्जन होना था।
रास्ते में एक मस्जिद स्थित है। ईशा की नमाज के चलते कुछ देर के लिए आवागमन बाधित कर दिया गया। शाम लगभग सवा सात बजे एएसपी एनके सिंह पहुंचे और जुलूस में शामिल युवकों से डीजे का साउंड धीमी करने को कहा। इसी बीच मामला बिगड़ गया। पुलिस के जवानों ने लाठी पटकना शुरू कर दिया। इससे छह लोगों को चोटे आई और अफरातफरी मच गई। नाराज युवकों ने विसर्जन यात्रा रोककर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। सूचना पाकर डीएम अनिता श्रीवास्तव और एसपी मोहम्मद इमरान पहुंचे।
विज्ञापन
काफी मशक्कत के बाद आयोजक मानें लेकिन एक फर्नीचर की दुकान में आग की घटना से माहौल फिर तनावपूर्ण हो गया। विसर्जन यात्रा रोक दी गई और पथराव शुरू हो गया। इसमें एडीएम प्रशासन वीरेंद्र कुमार दोहरे सहित कई पुलिस कर्मी भी घायल हुए। दो सरकारी वाहन सहित चार वाहन भी छतिग्रस्त हुए।
मूर्ति विसर्जन को जा रहे लो मूर्ति छोड़कर भाग गए। देर रात एसपी ने पुलिस से मूर्तियों को विसर्जित करवाया। प्रशासन ने 20 लोगों को हिरासत में ले लिया है। देर रात तक मौके पर एसपी डीएम सहित तीन सीओ, दो एसडीएम, चार ट्रक पीएसी और दा थानों की फोर्स तैनात कर दी गई है।
विज्ञापन
काफी देर तक माहौल तनाव पूर्ण बना रहा। मौके पर पहुंचे डीएम और एसपी के समझाने के बाद लोग माने और रात पौने नौ बजे से विसर्जन के लिए निकले लेकिन एक फर्नीचर की दुकान में आग लगने की खबर से मामला फिर बिगड़ गया। बिगड़े माहौल को काबू करने के लिए उच्च प्रशासनिक अधिकारियों के अलावा मौके पर भारी पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई है। देर रात तक एसपी स्वयं अपनी निगरानी में मूर्तियों का विसर्जन कराए। शनिवार को दुर्गा प्रतिमा का विसर्जन होना था।
विज्ञापन
रास्ते में एक मस्जिद स्थित है। ईशा की नमाज के चलते कुछ देर के लिए आवागमन बाधित कर दिया गया। शाम लगभग सवा सात बजे एएसपी एनके सिंह पहुंचे और जुलूस में शामिल युवकों से डीजे का साउंड धीमी करने को कहा। इसी बीच मामला बिगड़ गया। पुलिस के जवानों ने लाठी पटकना शुरू कर दिया। इससे छह लोगों को चोटे आई और अफरातफरी मच गई। नाराज युवकों ने विसर्जन यात्रा रोककर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। सूचना पाकर डीएम अनिता श्रीवास्तव और एसपी मोहम्मद इमरान पहुंचे।
विज्ञापन
काफी मशक्कत के बाद आयोजक मानें लेकिन एक फर्नीचर की दुकान में आग की घटना से माहौल फिर तनावपूर्ण हो गया। विसर्जन यात्रा रोक दी गई और पथराव शुरू हो गया। इसमें एडीएम प्रशासन वीरेंद्र कुमार दोहरे सहित कई पुलिस कर्मी भी घायल हुए। दो सरकारी वाहन सहित चार वाहन भी छतिग्रस्त हुए।
मूर्ति विसर्जन को जा रहे लो मूर्ति छोड़कर भाग गए। देर रात एसपी ने पुलिस से मूर्तियों को विसर्जित करवाया। प्रशासन ने 20 लोगों को हिरासत में ले लिया है। देर रात तक मौके पर एसपी डीएम सहित तीन सीओ, दो एसडीएम, चार ट्रक पीएसी और दा थानों की फोर्स तैनात कर दी गई है।