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देवरिया में छह दिन में 1541 आवास बनवाने की चुनौती
ब्यूरो/अमर उजाला देवरिया
Updated Sun, 04 Feb 2018 10:39 PM IST
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- फोटो : अमर उजाला
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देवरिया। जिले में पीएम आवासों के निर्माण की गति शुरू से ही चिंताजनक रही। फिर भी जिम्मदार बेपरवाह रहे। जब शासन ने संज्ञान लिया तो जिम्मेदार अधिकारी सकते में आ गए हैं। मौजूदा वित्तीय वर्ष में आवंटित 1573 आवासों में से 32 का ही निमार्ण कार्य पूरा हो पाया है। बाकी 1541 पीएम आवासों का निर्माण अभी अधूरा है।
गरीबों का अपना पक्का आशियाना हो, इसके लिए केंद्र सरकार प्रधानमंत्री आवास योजना चला रही है। इस योजना के तहत वित्तीय वर्ष 2017-18 में जिले के 1573 गरीबों को आवास आवंटित किए गए। महज 526 लाभार्थियों के खाते में ही तीसरी किस्त भेजी गई है। 1047 लाभार्थी अभी भी तीसरी किस्त के भुगतान होने का इंतजार कर रहे हैं। आवासों के निर्माण में आई शिथिलता को देखते हुए शासन ने जिम्मदारों को फटकार लगाई है। शासन ने सभी आवंटित आवासों का निर्माण कार्य 10 फरवरी तक पूरा करने का निर्देश दिया है। शासन के कड़े रुख को देख अब तक सुस्त पड़े विभागीय अधिकारी गांव-गांव दस्तक देने लगे हैं। जो काम 10 माह में पूरा नहीं हुआ, उसे पांच दिन में निपटाने पर जोर दिया जा रहा है। जमीनी विवादों में उलझे पीएम आवासों के निर्माण के लिए जिले के अधिकारी एसडीएम से मदद ले रहे हैं।
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गरीबों का अपना पक्का आशियाना हो, इसके लिए केंद्र सरकार प्रधानमंत्री आवास योजना चला रही है। इस योजना के तहत वित्तीय वर्ष 2017-18 में जिले के 1573 गरीबों को आवास आवंटित किए गए। महज 526 लाभार्थियों के खाते में ही तीसरी किस्त भेजी गई है। 1047 लाभार्थी अभी भी तीसरी किस्त के भुगतान होने का इंतजार कर रहे हैं। आवासों के निर्माण में आई शिथिलता को देखते हुए शासन ने जिम्मदारों को फटकार लगाई है। शासन ने सभी आवंटित आवासों का निर्माण कार्य 10 फरवरी तक पूरा करने का निर्देश दिया है। शासन के कड़े रुख को देख अब तक सुस्त पड़े विभागीय अधिकारी गांव-गांव दस्तक देने लगे हैं। जो काम 10 माह में पूरा नहीं हुआ, उसे पांच दिन में निपटाने पर जोर दिया जा रहा है। जमीनी विवादों में उलझे पीएम आवासों के निर्माण के लिए जिले के अधिकारी एसडीएम से मदद ले रहे हैं।
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