{"_id":"608841438ebc3e7c1a0b630c","slug":"village-temple-jayanti-covid-19-god-trust-chitrakutt-news-knp6256732188","type":"story","status":"publish","title_hn":"बजरंगबली से निदान की प्रार्थना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बजरंगबली से निदान की प्रार्थना
विज्ञापन
चित्रकूट/खोही। संकट मोचन भगवान हनुमान की जयंती पर धर्मनगरी के प्राचीन हनुमान मंदिरों सहित मानिकपुर, मऊ, भरतकूप, राजापुर के मंदिरों में भी हनुमान जयंती मनाई गई। जयंती पर मंदिरों को सजा गया था। कोरोना गाइड लाइन के आधार पर भक्तों ने मंदिर में बजरंगबली के दर्शन किए। इस मौके पर भक्तों ने महामारी के संकट से निदान दिलाने की प्रार्थना की।
कोरोना काल के दौरान जिले के सभी स्थानों पर भगवान हनुमान की जयंती घरों में व मंदिरों के गेट बंद कर मनाई गई। मंगलवार के दिन हनुमान जयंती पड़ने पर धर्मनगरी में विशेष महत्व रहा। प्राचीन हनुमान मंदिर, हनुमाधारा, बरहा के हनुमान जी, दास हनुमान, नांदी हनुमान मंदिर सहित राजापुर कस्बे में स्थित संत तुलसी दास द्वारा स्थापित हनुमान मंदिर, शहर के शंकर बाजार कुबेर गंज स्थित हनुमान मंदिर सहित शिवरामपुर क्षेत्र के लैनाबाबा, मानिकपुर, मऊ, भरतकूप व पहाड़ी सहित अन्य मंदिरों में जयंती मनाई गई।
जिले के सभी हनुमान मंदिरों को भक्तों की ओर से सजाया गया था। कई मंदिरों में सोमवार की शाम से कीर्तन हुआ जो मंगलवार की शाम तक चला। इसके बाद भक्तों को प्रसाद भी बांटा गया। मंदिरों के गेट के बाहर से ही भक्तों ने भगवान हनुमान के दर्शन किया। कोरोना संक्रमण काल के चलते श्री हनुमान जयंती कार्यक्रम की रौनक नहीं दिखी।
विज्ञापन
विज्ञापन
कोरोना काल के दौरान जिले के सभी स्थानों पर भगवान हनुमान की जयंती घरों में व मंदिरों के गेट बंद कर मनाई गई। मंगलवार के दिन हनुमान जयंती पड़ने पर धर्मनगरी में विशेष महत्व रहा। प्राचीन हनुमान मंदिर, हनुमाधारा, बरहा के हनुमान जी, दास हनुमान, नांदी हनुमान मंदिर सहित राजापुर कस्बे में स्थित संत तुलसी दास द्वारा स्थापित हनुमान मंदिर, शहर के शंकर बाजार कुबेर गंज स्थित हनुमान मंदिर सहित शिवरामपुर क्षेत्र के लैनाबाबा, मानिकपुर, मऊ, भरतकूप व पहाड़ी सहित अन्य मंदिरों में जयंती मनाई गई।
विज्ञापन
जिले के सभी हनुमान मंदिरों को भक्तों की ओर से सजाया गया था। कई मंदिरों में सोमवार की शाम से कीर्तन हुआ जो मंगलवार की शाम तक चला। इसके बाद भक्तों को प्रसाद भी बांटा गया। मंदिरों के गेट के बाहर से ही भक्तों ने भगवान हनुमान के दर्शन किया। कोरोना संक्रमण काल के चलते श्री हनुमान जयंती कार्यक्रम की रौनक नहीं दिखी।
विज्ञापन