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जांच के नाम पर व्यापारियों का उत्पीड़न बंद हो
अमर उजाला ब्यूरो, चित्रकूट
Updated Thu, 19 Jan 2017 11:58 PM IST
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अपर एसपी को ज्ञापन देते व्यापारी नेता।
- फोटो : अमर उजाला
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आदर्श चुनाव आचार संहिता के नाम पर पुलिस उत्पीड़न के विरोध में राष्ट्रीय जन उद्योग व्यापार संगठन के कार्यकर्ताओं ने सवाल उठाए हैं। आरोप लगाया कि पुलिस जांच के नाम पर व्यापारियों को प्रताड़ित कर रही है। जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस संबंध में गुरुवार को व्यापारियों ने एसपी को संबोधित ज्ञापन अपर एसपी को दिया।
संगठन के राष्ट्रीय सचिव शानू गुप्ता की अगुवाई में कार्यकर्ताओं ने गुरुवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय कालूपुर में कहा कि चुनाव आचार संहिता लगने के बाद पुलिस प्रशासन अलर्ट हो गया है। यह अच्छी बात है कि निष्पक्ष चुनाव कराने के लिए प्रशासन सतर्क हैं लेकिन जांच के नाम पर पुलिस की मनमानी बढ़ गई है।
व्यापारी व्यापार करने के लिए नगद धनराशि लेकर चलते हैं। जगह-जगह पुलिसकर्मी कागजात दिखाने व संबंधित से बातचीत कराने के बाद भी व्यापारियों के साथ परेशान करने वाला बर्ताव करते हैं। युवा प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष शेष जायसवाल ने कहा कि व्यापारियों को चुनाव से न जोड़ा जाए।
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नोटबंदी के कारण पहले ही व्यापार चौपट हो गया है। अब आचार संहिता के नाम पर व्यापारियों का उत्पीड़न किया जा रहा है। व्यापारियों ने अपर एसपी को ज्ञापन देकर पुलिस कर्मियों की मनमानी पर रोक लगवाने की मांग की है।
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संगठन के राष्ट्रीय सचिव शानू गुप्ता की अगुवाई में कार्यकर्ताओं ने गुरुवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय कालूपुर में कहा कि चुनाव आचार संहिता लगने के बाद पुलिस प्रशासन अलर्ट हो गया है। यह अच्छी बात है कि निष्पक्ष चुनाव कराने के लिए प्रशासन सतर्क हैं लेकिन जांच के नाम पर पुलिस की मनमानी बढ़ गई है।
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व्यापारी व्यापार करने के लिए नगद धनराशि लेकर चलते हैं। जगह-जगह पुलिसकर्मी कागजात दिखाने व संबंधित से बातचीत कराने के बाद भी व्यापारियों के साथ परेशान करने वाला बर्ताव करते हैं। युवा प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष शेष जायसवाल ने कहा कि व्यापारियों को चुनाव से न जोड़ा जाए।
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नोटबंदी के कारण पहले ही व्यापार चौपट हो गया है। अब आचार संहिता के नाम पर व्यापारियों का उत्पीड़न किया जा रहा है। व्यापारियों ने अपर एसपी को ज्ञापन देकर पुलिस कर्मियों की मनमानी पर रोक लगवाने की मांग की है।