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Chitrakoot News: भाजपा नेता के प्लॉट में भीषण विस्फोट, युवक के चीथड़े उड़े, 300 मीटर दूर मिला पैर
Mon, 14 Sep 2026 11:46 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चित्रकूट
संवाद न्यूज एजेंसी, चित्रकूट
Updated Mon, 14 Sep 2026 11:46 PM IST
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फोटो 14 सीकेटीपी 30 घटना स्थल की जांच करते एसपी व अन्य पुलिस अधिकारी। संवाद
चित्रकूट। पहाड़ी थाना क्षेत्र के अशोह गांव के पास भाजपा नेता के खाली प्लॉट में हुए भीषण विस्फोट से एक युवक के चीथड़े उड़ गए।
धमाका इतना तेज था कि कई किलोमीटर तक आवाज सुनाई दी। सड़क किनारे मांस के लोथड़े बिखरे पड़े रहे, लेकिन मौके पर पहुंची पीआरवी 112 की पुलिस इसे जानवर का मांस समझकर छोड़कर चले गए।
तीन दिन बाद सोमवार को प्लॉट से 300 मीटर दूर खेत में कटा हुआ पैर मिलने और भाजपा नेता की सूचना के बाद पुलिस हरकत में आई। जांच में घटना स्थल पर धमाके से जमीन में दो से तीन फीट का गड्ढा भी पाया।
लोहदा निवासी भाजपा नेता जगदीश गौतम का खाली प्लॉट अशोह गांव के बाहर सड़क किनारे स्थित है। चरवाहों के अनुसार 12 सितंबर की शाम करीब पांच बजे प्लॉट में तेज धमाका हुआ था। ग्रामीणों ने आवाज तो सुनी, लेकिन ध्यान नहीं दिया। बाद में चरवाहों ने सड़क पर मांस के टुकड़े देखकर पीआरवी को सूचना दी। पीआरवी मौके पर आई और सुअर मारने वालों द्वारा किए गए विस्फोट की आशंका जताकर लौट गई, मगर उच्चाधिकारियों को सूचना तक नहीं दी।
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रविवार को प्लॉट के रखवाले श्याम सुंदर यादव ने भाजपा नेता को जानकारी दी, तब उन्होंने थाने में तहरीर दी। इसे भी पुलिस ने बिजली गिरने की घटना समझकर गंभीरता से नहीं लिया। सोमवार सुबह जब प्लॉट से करीब 300 मीटर दूर सड़क की दूसरी ओर खेत में कटा हुआ पैर मिला, तब हड़कंप मच गया।
सूचना पर एसपी अरुण कुमार सिंह, एएसपी पीयूष कांत राय, सीओ सिटी यामीन अहमद, थाना प्रभारी निशि कांत राय, एसओजी, सर्विलांस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। इसके बाद तलाशी में प्लॉट के अंदर भी एक कटा हुआ पैर बरामद हुआ।
घटनास्थल को सील कर साक्ष्य जुटाए गए। पुलिस को मौके से एक चटाई, अधजली सफेद शर्ट, जींस के टुकड़े, जली हुई इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस के अवशेष मिले हैं। जींस का एक टुकड़ा सड़क किनारे पेड़ की डाल पर भी मिला। विस्फोट काफी शक्तिशाली था कि मौके पर तीन से चार फीट गहरा गड्ढा बन गया है। मिट्टी और कीचड़ उछलकर दीवारों पर जा गिरा, पेड़ों के पत्ते झड़ गए। मौके से कपड़ों के चीथड़े और दो पैर बरामद हुए हैं, एक प्लॉट के अंदर और दूसरा 300 मीटर दूर।
जांच के लिए बांदा से फॉरेंसिक और लखनऊ से बम निरोधक दस्ता बुलाया गया है। पुलिस मृतक की पहचान और विस्फोट के कारणों की जांच कर रही है। मृतक की पहचान के लिए आसपास के थानों में गुमशुदगी की रिपोर्ट खंगाली जा रही है।
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वर्जन
खाली प्लॉट में दो दिन पहले विस्फोट हुआ था। शिकायत पर पीआरवी उसी दिन मौके पर गई थी। मांस के टुकड़े सुअर के जैसे प्रतीत होने पर लौट आई थी। फिर चरवाहों व भाजपा नेता की सूचना पर टीम रविवार रात को गई थी लेकिन वहां पर कुछ नहीं मिला था।
सोमवार सुबह कटा हुआ पैर मिलने की सूचना पर पुलिस ने दोबारा छानबीन की तो वहां पर खाली प्लॉट में एक और कटा पैर पाया और जली हुई विस्फोटक इलेक्ट्रॉनिस डिवाइस समेत अन्य वस्तुएं पाईं। अब पुलिस घटना की गहनता से जांच कर रही है। फारेंसिंक टीम के साथ ही बम निरोधक दस्ता भी बुलाया गया है।
- अरुण कुमार सिंह, पुलिस अधीक्षक।
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पीआरवी की लापरवाही आई सामने
भाजपा नेता जगदीश गौतम के खाली प्लॉट में बम धमाके की सूचना पर पीआरवी मौके पर पहुंची और मांस के टुकड़े देखे, लेकिन सुअर मारने का अंदेशा जताते हुए लौट गई और अधिकारियों को सूचना नहीं दी।
पीआरवी यह कह कर लौट गई कि सुअर मारने वाले लोग स्वयं ऐसे धमाके करते हैं। स्थानीय लोगों को कहना है कि अगर समय पर सूचना दी जाती तो शायद मृतक की पहचान जल्दी हो सकती थी।
पीआरवी व थाना पुलिस ने सूचना मिलने के बाद भी बिजली गिरने का अंदेशा लगाया था। जिस कारण मौके पर पहुंच, लेकिन बिना कोई कार्रवाई किए ही लौट गई।
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थाने से सिर्फ डेढ़ किमी दूर जोरदार धमाका
चित्रकूट। पहाड़ी थाना क्षेत्र में पुलिस की कार्यप्रणाली पर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। थाने से महज 1500 मीटर की दूरी पर इतना बड़ा विस्फोट हो गया और पुलिस को भनक तक नहीं लगी। ग्रामीणों के मुताबिक विस्फोट के बाद मौके पर मानव शरीर के अंग दूर-दूर तक बिखरे मिले। इतनी बड़ी घटना के बाद भी पुलिस की लापरवाही सामने आई।
चर्चा है कि घटना वाले दिन पुलिस आई और सिर्फ देखकर चली गई, दोबारा जांच तक नहीं की। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर पुलिस की गश्त और खुफिया तंत्र मजबूत होता तो थाने के इतने करीब हुए धमाके की जानकारी तुरंत मिल जाती। लोगों ने मांग की है कि मामले को दबाने के बजाय पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच कराई जाए, ताकि सच सामने आ सके। (संवाद)
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धमाका इतना तेज था कि कई किलोमीटर तक आवाज सुनाई दी। सड़क किनारे मांस के लोथड़े बिखरे पड़े रहे, लेकिन मौके पर पहुंची पीआरवी 112 की पुलिस इसे जानवर का मांस समझकर छोड़कर चले गए।
तीन दिन बाद सोमवार को प्लॉट से 300 मीटर दूर खेत में कटा हुआ पैर मिलने और भाजपा नेता की सूचना के बाद पुलिस हरकत में आई। जांच में घटना स्थल पर धमाके से जमीन में दो से तीन फीट का गड्ढा भी पाया।
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लोहदा निवासी भाजपा नेता जगदीश गौतम का खाली प्लॉट अशोह गांव के बाहर सड़क किनारे स्थित है। चरवाहों के अनुसार 12 सितंबर की शाम करीब पांच बजे प्लॉट में तेज धमाका हुआ था। ग्रामीणों ने आवाज तो सुनी, लेकिन ध्यान नहीं दिया। बाद में चरवाहों ने सड़क पर मांस के टुकड़े देखकर पीआरवी को सूचना दी। पीआरवी मौके पर आई और सुअर मारने वालों द्वारा किए गए विस्फोट की आशंका जताकर लौट गई, मगर उच्चाधिकारियों को सूचना तक नहीं दी।
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रविवार को प्लॉट के रखवाले श्याम सुंदर यादव ने भाजपा नेता को जानकारी दी, तब उन्होंने थाने में तहरीर दी। इसे भी पुलिस ने बिजली गिरने की घटना समझकर गंभीरता से नहीं लिया। सोमवार सुबह जब प्लॉट से करीब 300 मीटर दूर सड़क की दूसरी ओर खेत में कटा हुआ पैर मिला, तब हड़कंप मच गया।
सूचना पर एसपी अरुण कुमार सिंह, एएसपी पीयूष कांत राय, सीओ सिटी यामीन अहमद, थाना प्रभारी निशि कांत राय, एसओजी, सर्विलांस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। इसके बाद तलाशी में प्लॉट के अंदर भी एक कटा हुआ पैर बरामद हुआ।
घटनास्थल को सील कर साक्ष्य जुटाए गए। पुलिस को मौके से एक चटाई, अधजली सफेद शर्ट, जींस के टुकड़े, जली हुई इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस के अवशेष मिले हैं। जींस का एक टुकड़ा सड़क किनारे पेड़ की डाल पर भी मिला। विस्फोट काफी शक्तिशाली था कि मौके पर तीन से चार फीट गहरा गड्ढा बन गया है। मिट्टी और कीचड़ उछलकर दीवारों पर जा गिरा, पेड़ों के पत्ते झड़ गए। मौके से कपड़ों के चीथड़े और दो पैर बरामद हुए हैं, एक प्लॉट के अंदर और दूसरा 300 मीटर दूर।
जांच के लिए बांदा से फॉरेंसिक और लखनऊ से बम निरोधक दस्ता बुलाया गया है। पुलिस मृतक की पहचान और विस्फोट के कारणों की जांच कर रही है। मृतक की पहचान के लिए आसपास के थानों में गुमशुदगी की रिपोर्ट खंगाली जा रही है।
वर्जन
खाली प्लॉट में दो दिन पहले विस्फोट हुआ था। शिकायत पर पीआरवी उसी दिन मौके पर गई थी। मांस के टुकड़े सुअर के जैसे प्रतीत होने पर लौट आई थी। फिर चरवाहों व भाजपा नेता की सूचना पर टीम रविवार रात को गई थी लेकिन वहां पर कुछ नहीं मिला था।
सोमवार सुबह कटा हुआ पैर मिलने की सूचना पर पुलिस ने दोबारा छानबीन की तो वहां पर खाली प्लॉट में एक और कटा पैर पाया और जली हुई विस्फोटक इलेक्ट्रॉनिस डिवाइस समेत अन्य वस्तुएं पाईं। अब पुलिस घटना की गहनता से जांच कर रही है। फारेंसिंक टीम के साथ ही बम निरोधक दस्ता भी बुलाया गया है।
- अरुण कुमार सिंह, पुलिस अधीक्षक।
पीआरवी की लापरवाही आई सामने
भाजपा नेता जगदीश गौतम के खाली प्लॉट में बम धमाके की सूचना पर पीआरवी मौके पर पहुंची और मांस के टुकड़े देखे, लेकिन सुअर मारने का अंदेशा जताते हुए लौट गई और अधिकारियों को सूचना नहीं दी।
पीआरवी यह कह कर लौट गई कि सुअर मारने वाले लोग स्वयं ऐसे धमाके करते हैं। स्थानीय लोगों को कहना है कि अगर समय पर सूचना दी जाती तो शायद मृतक की पहचान जल्दी हो सकती थी।
पीआरवी व थाना पुलिस ने सूचना मिलने के बाद भी बिजली गिरने का अंदेशा लगाया था। जिस कारण मौके पर पहुंच, लेकिन बिना कोई कार्रवाई किए ही लौट गई।
थाने से सिर्फ डेढ़ किमी दूर जोरदार धमाका
चित्रकूट। पहाड़ी थाना क्षेत्र में पुलिस की कार्यप्रणाली पर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। थाने से महज 1500 मीटर की दूरी पर इतना बड़ा विस्फोट हो गया और पुलिस को भनक तक नहीं लगी। ग्रामीणों के मुताबिक विस्फोट के बाद मौके पर मानव शरीर के अंग दूर-दूर तक बिखरे मिले। इतनी बड़ी घटना के बाद भी पुलिस की लापरवाही सामने आई।
चर्चा है कि घटना वाले दिन पुलिस आई और सिर्फ देखकर चली गई, दोबारा जांच तक नहीं की। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर पुलिस की गश्त और खुफिया तंत्र मजबूत होता तो थाने के इतने करीब हुए धमाके की जानकारी तुरंत मिल जाती। लोगों ने मांग की है कि मामले को दबाने के बजाय पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच कराई जाए, ताकि सच सामने आ सके। (संवाद)

फोटो 14 सीकेटीपी 30 घटना स्थल की जांच करते एसपी व अन्य पुलिस अधिकारी। संवाद

फोटो 14 सीकेटीपी 30 घटना स्थल की जांच करते एसपी व अन्य पुलिस अधिकारी। संवाद