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Chitrakoot News: गर्मी से बढ़ी बिजली की मांग, मई में खपत 44 मिलियन यूनिट पहुंची
Mon, 08 Jun 2026 12:24 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चित्रकूट
संवाद न्यूज एजेंसी, चित्रकूट
Updated Mon, 08 Jun 2026 12:24 AM IST
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चित्रकूट। भीषण गर्मी के कारण बिजली की मांग लगातार बढ़ रही है। मई महीने में बिजली की खपत 44 मिलियन यूनिट तक पहुंच गई है। यह पिछले वर्ष की तुलना में लगभग एक मिलियन यूनिट अधिक है।
सामान्य दिनों में यह आंकड़ा 25 से 30 मिलियन यूनिट के बीच रहता है। तापमान लगातार 39 से 40 डिग्री सेल्सियस के ऊपर बना हुआ है। लोगों ने राहत के लिए एसी, कूलर और पंखों का उपयोग बढ़ा दिया है। दिन के साथ-साथ रात में भी बिजली की मांग बढ़ने से वितरण व्यवस्था पर दबाव बढ़ गया है। शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक आए दिन फॉल्ट हो रहे हैं।
लोगों को अघोषित कटौती का सामना करना पड़ रहा है। फॉल्ट सुधारने में बिजली विभाग के कर्मचारियों को दिन-रात मशक्कत करनी पड़ रही है। आपूर्ति को संतुलित बनाए रखने के लिए कई ग्रामीण क्षेत्रों में अघोषित कटौती का सहारा लिया जा रहा है।
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शनिवार रात सीतापुर, राजापुर, मानिकपुर और सरैया समेत कई क्षेत्रों में बिजली की आंख-मिचौली ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी। उमस भरी गर्मी के बीच कई इलाकों में रुक-रुक कर तीन से चार घंटे तक बिजली आपूर्ति बाधित रही। दिन के समय भी लगातार ट्रिपिंग और लो-वोल्टेज की समस्या से उपभोक्ता जूझते रहे। बढ़ते लोड के चलते जिले के 22 विद्युत उपकेंद्रों पर भी दबाव बढ़ गया है।
बोले जिम्मेदार-- -- -- -
ट्रांसमिशन विभाग की ओर से पर्याप्त बिजली उपलब्ध कराने का दावा किया जा रहा है। अधीक्षण अभियंता आरके यादव ने बताया कि जिले की मांग के अनुरूप बिजली उपलब्ध कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि रात 9 बजे से 12 बजे के बीच सर्वाधिक लोड रहता है। इससे ट्रांसमिशन सिस्टम पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। इसके बाद भी आपूर्ति को सुचारु बनाए रखने का प्रयास किया जा रहा है।
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सामान्य दिनों में यह आंकड़ा 25 से 30 मिलियन यूनिट के बीच रहता है। तापमान लगातार 39 से 40 डिग्री सेल्सियस के ऊपर बना हुआ है। लोगों ने राहत के लिए एसी, कूलर और पंखों का उपयोग बढ़ा दिया है। दिन के साथ-साथ रात में भी बिजली की मांग बढ़ने से वितरण व्यवस्था पर दबाव बढ़ गया है। शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक आए दिन फॉल्ट हो रहे हैं।
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लोगों को अघोषित कटौती का सामना करना पड़ रहा है। फॉल्ट सुधारने में बिजली विभाग के कर्मचारियों को दिन-रात मशक्कत करनी पड़ रही है। आपूर्ति को संतुलित बनाए रखने के लिए कई ग्रामीण क्षेत्रों में अघोषित कटौती का सहारा लिया जा रहा है।
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शनिवार रात सीतापुर, राजापुर, मानिकपुर और सरैया समेत कई क्षेत्रों में बिजली की आंख-मिचौली ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी। उमस भरी गर्मी के बीच कई इलाकों में रुक-रुक कर तीन से चार घंटे तक बिजली आपूर्ति बाधित रही। दिन के समय भी लगातार ट्रिपिंग और लो-वोल्टेज की समस्या से उपभोक्ता जूझते रहे। बढ़ते लोड के चलते जिले के 22 विद्युत उपकेंद्रों पर भी दबाव बढ़ गया है।
बोले जिम्मेदार
ट्रांसमिशन विभाग की ओर से पर्याप्त बिजली उपलब्ध कराने का दावा किया जा रहा है। अधीक्षण अभियंता आरके यादव ने बताया कि जिले की मांग के अनुरूप बिजली उपलब्ध कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि रात 9 बजे से 12 बजे के बीच सर्वाधिक लोड रहता है। इससे ट्रांसमिशन सिस्टम पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। इसके बाद भी आपूर्ति को सुचारु बनाए रखने का प्रयास किया जा रहा है।