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गेटमैन भी संदिग्ध, होगी पूछताछ
अमर उजाला ब्यूरो चित्रकूट
Updated Tue, 23 Feb 2016 11:32 PM IST
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भरतकूप के पास रेल पटरी पर मिले फर्जी बम मामले की जांच में शक की सुई अब गेटमैन शारदा प्रसाद की ओर घूम गई है। पुलिस अब उससे पूछताछ करने की तैयारी कर रही है। फिलहाल वह घटना के बाद से 24 फरवरी तक अवकाश पर है।
गौरतलब है कि रविवार की देर रात को भरतकूप- गोंडा रेलमार्ग की पटरी पर अज्ञात लोगों ने कपड़े में कुछ इलेक्ट्रानिक सामान रखकर उसे बमनुमा बनाकर रख दिया था। जिसमें सात आठ घंटे तक सभी अधिकारी परेशान रहे। ट्रेनें प्रभावित हुई थीं। इस मामले में पुलिस अधीक्षक केके चौधरी ने बताया कि जांच जारी है।
बाइक के आधार पर एक युवक को पकड़ा गया था। जिससे पूछताछ हो रही है। अब गेटमैन की भूमिका भी संदिग्ध है। वह 24 फरवरी तक अवकाश पर है। कोतवाल रनवीर सिंह का भी मानना है कि अंधेरे में गेटमैन ने लगभग 30 मीटर दूर से कैसे बाइक नंबर पढ़ लिया। इसके अलावा उसे तत्काल फर्जी बम लगाने वाले स्थान की भी जानकारी कैसे हो गई।
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उसने बाइक का जो नंबर बताया है उसके मालिक से उसका कोई पुराना विवाद तो नहीं है। इस पर भी जांच की जा रही है। फर्जी बम में प्रयुक्त लाल कपड़ा भी रेलवे विभाग में प्रयोग होने वाला लग रहा है। सभी बिंदुओं पर जांच हो रही है।
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गौरतलब है कि रविवार की देर रात को भरतकूप- गोंडा रेलमार्ग की पटरी पर अज्ञात लोगों ने कपड़े में कुछ इलेक्ट्रानिक सामान रखकर उसे बमनुमा बनाकर रख दिया था। जिसमें सात आठ घंटे तक सभी अधिकारी परेशान रहे। ट्रेनें प्रभावित हुई थीं। इस मामले में पुलिस अधीक्षक केके चौधरी ने बताया कि जांच जारी है।
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बाइक के आधार पर एक युवक को पकड़ा गया था। जिससे पूछताछ हो रही है। अब गेटमैन की भूमिका भी संदिग्ध है। वह 24 फरवरी तक अवकाश पर है। कोतवाल रनवीर सिंह का भी मानना है कि अंधेरे में गेटमैन ने लगभग 30 मीटर दूर से कैसे बाइक नंबर पढ़ लिया। इसके अलावा उसे तत्काल फर्जी बम लगाने वाले स्थान की भी जानकारी कैसे हो गई।
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उसने बाइक का जो नंबर बताया है उसके मालिक से उसका कोई पुराना विवाद तो नहीं है। इस पर भी जांच की जा रही है। फर्जी बम में प्रयुक्त लाल कपड़ा भी रेलवे विभाग में प्रयोग होने वाला लग रहा है। सभी बिंदुओं पर जांच हो रही है।