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हर पांच सेकें ड में एक की जाती नेत्र ज्योति
चित्रकूट
Updated Sat, 14 Oct 2017 09:45 PM IST
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पुरस्कार देते जानकीकुंड नेत्र चिकित्सालय के एडमिनिस्ट्रेटर डा. इलेश जैन।
- फोटो : amarujala
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खोही(चित्रकूट)। जानकीकुंड नेत्र चिकित्सालय में विश्व दृष्टि दिवस मनाया गया। जिसमें सभी को नेत्र के महत्व और इसकी सुरक्षा से जुड़ी बातें समझाई गईं। विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम के माध्यम से भी नेत्र ज्योति के महत्व को बताया गया।
अस्पताल के सभागार में आयोजित गोष्ठी में विशेषज्ञों ने बताया कि पूरे विश्व में हर पांच सेकेंड में एक आदमी अंधा हो जाता है। पूरी दुनिया में 80 करोड़ लोग अंधत्व से पीड़ित हैं। जिनमें 90 प्रतिशत लोग विकासशील देश में रहते हैं। इन 90 प्रतिशत लोगों में से 80 प्रतिशत लोगों की आंखों की रोशनी चिकित्सा के माध्यम से वापस लाई जा सकती है। इसके लिए हमें जागरूक होना पड़ेगा।
कार्यक्रम में नेत्रदान से संबधित प्रतियोगिता हुईं। जिसमें स्कूल के बच्चों ने रंगोली, पोस्टर, निबंध, माडल, हस्ताक्षर कार्यक्त्रस्म एवं रैली के माध्यम से लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया गया। इस मौके पर सद्गुरु नेत्र चिकित्सालय के निदेशक डॉ. बीके जैन, ऊषा जैन, नेत्र चिकित्सालय के एडमिनिस्ट्रेटर डॉ. इलेश जैन, डॉ. एबीएस राजपूत, डॉ. राकेश साक्या व राजेंद्र मिश्रा समेत आदि मौजूद रहे।
अस्पताल के सभागार में आयोजित गोष्ठी में विशेषज्ञों ने बताया कि पूरे विश्व में हर पांच सेकेंड में एक आदमी अंधा हो जाता है। पूरी दुनिया में 80 करोड़ लोग अंधत्व से पीड़ित हैं। जिनमें 90 प्रतिशत लोग विकासशील देश में रहते हैं। इन 90 प्रतिशत लोगों में से 80 प्रतिशत लोगों की आंखों की रोशनी चिकित्सा के माध्यम से वापस लाई जा सकती है। इसके लिए हमें जागरूक होना पड़ेगा।
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कार्यक्रम में नेत्रदान से संबधित प्रतियोगिता हुईं। जिसमें स्कूल के बच्चों ने रंगोली, पोस्टर, निबंध, माडल, हस्ताक्षर कार्यक्त्रस्म एवं रैली के माध्यम से लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया गया। इस मौके पर सद्गुरु नेत्र चिकित्सालय के निदेशक डॉ. बीके जैन, ऊषा जैन, नेत्र चिकित्सालय के एडमिनिस्ट्रेटर डॉ. इलेश जैन, डॉ. एबीएस राजपूत, डॉ. राकेश साक्या व राजेंद्र मिश्रा समेत आदि मौजूद रहे।
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