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रामघाट में लगाई डुबकी, पूर्वजों को किया पिंडदान
चित्रकूट
Updated Wed, 20 Sep 2017 11:32 PM IST
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रामघाट में डुबकी लगाकर पूर्वजों को विदाई देते श्रद्धाुलजन।
- फोटो : amarujala
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चित्रकूट। पितृ विसर्जनी अमावस्या में लाखों श्रद्धालुओं ने रामघाट में स्नान कर पूर्वजों को पिंडदान किया। इसके बाद भगवान कामतानाथ के दर्शन कर कामदगिरी की परिक्रमा लगाई। बुधवार को सुबह से शाम तक के बीच कई बार रिमझिम बारिश हुई लेकिन श्रद्धालुओं का जोश कम नहीं हुआ।
भगवान श्रीराम जब वनवास काल में चित्रकूट आए थे उस समय राजा दशरथ की मृत्यु का समाचार सुनकर धर्मनगरी में अपने पिता के लिए पिंडदान किया था। जिसको लेकर आज भी परंपरा चली आ रही है। पितृ विसर्जनी अमावस्या में इस बार भी लाखों श्रद्धालु दूर-दूर से आकर धर्मनगरी में बने दशरथ घाट, रामघाट, भरतघाट में विधि विधान से पिंडदान किया। इसके बाद भगवान श्रीकामतानाथ के दर्शन कर पंचकोषी परिक्रमा लगाई। सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस बल तैनात रहे।
भगवान श्रीराम जब वनवास काल में चित्रकूट आए थे उस समय राजा दशरथ की मृत्यु का समाचार सुनकर धर्मनगरी में अपने पिता के लिए पिंडदान किया था। जिसको लेकर आज भी परंपरा चली आ रही है। पितृ विसर्जनी अमावस्या में इस बार भी लाखों श्रद्धालु दूर-दूर से आकर धर्मनगरी में बने दशरथ घाट, रामघाट, भरतघाट में विधि विधान से पिंडदान किया। इसके बाद भगवान श्रीकामतानाथ के दर्शन कर पंचकोषी परिक्रमा लगाई। सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस बल तैनात रहे।
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