{"_id":"61dc759ca60ea279ab3524a6","slug":"48-elders-including-jagadguru-rambhadracharya-got-booster-dose-chitrakoot-news-knp674637988","type":"story","status":"publish","title_hn":"रूप बदलकर बढ़ रहा कोरोना, सभी लगवाएं एहतियाती डोज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
रूप बदलकर बढ़ रहा कोरोना, सभी लगवाएं एहतियाती डोज
विज्ञापन
निवादा गांव की गोशाला में दलदल में खड़े मवेशी।
- फोटो : HAMIRPUR
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चित्रकूट। जिले में सोमवार से बुजुर्गाें को बूूस्टर डोज लगाने का काम शुरू हुआ है। पहले दिन जगद्गुरु रामभद्राचार्य समेत कुल 48 बुजुर्गों ने एहतियाती डोज लगवाया। सभी ने इसे जरूरी बताया।
सोमवार को प्रमोदवन स्थित आश्रम में जगद्गुरु रामभद्राचार्य ने बूस्टर डोज लेने के बाद कहा कि इस महामारी से बचने के लिए सभी को जागरूक होना चाहिए। पुरानी बाजार के प्रीतम ज्ञानचंदानी ने पत्नी मोहिनी के साथ टीकाकरण केंद्र जाकर बूस्टर डोज लगवाया है। जिला मुख्यालय के पुरानी बाजार निवासी चंद्रभान ज्ञानचंदानी ने बताया कि एहतियाती डोज लगवाने के बाद किसी प्रकार की दिक्कत नहीं है। उन्होंने टीका लगवाने के बाद बड़े भाई और भाभी को भी प्रेरित किया।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. भूपेश द्विवेदी ने बताया कि बीमारी से ग्रसित रहे 60 साल के ऊपर वाले बुजुर्गों को आज से एहतियाती डोज देने की शुरुआत हुई है। ओमिक्रॉन के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए बीमार रहे बुजुर्गों को एहतियाती डोज जरूरी है ताकि वह सुरक्षित रहें। दूसरे टीके लगने का समय पूरा हो रहा है तो दूसरा टीका लगवाएं। 15 से 17 वर्ष के बच्चों का भी टीकाकरण चालू है।
विज्ञापन
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डा. मुकेश पहाड़ी ने बताया कि बीमारी से ग्रसित (का मोर्बिड) बुजुर्गों को एहतियाती डोज देने की शुरुआत हुई है। जिले में ऐसे 17735 बुजुर्गों को टीका लगाने की योजना पर काम किया जा रहा है।
विज्ञापन
सोमवार को प्रमोदवन स्थित आश्रम में जगद्गुरु रामभद्राचार्य ने बूस्टर डोज लेने के बाद कहा कि इस महामारी से बचने के लिए सभी को जागरूक होना चाहिए। पुरानी बाजार के प्रीतम ज्ञानचंदानी ने पत्नी मोहिनी के साथ टीकाकरण केंद्र जाकर बूस्टर डोज लगवाया है। जिला मुख्यालय के पुरानी बाजार निवासी चंद्रभान ज्ञानचंदानी ने बताया कि एहतियाती डोज लगवाने के बाद किसी प्रकार की दिक्कत नहीं है। उन्होंने टीका लगवाने के बाद बड़े भाई और भाभी को भी प्रेरित किया।
विज्ञापन
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. भूपेश द्विवेदी ने बताया कि बीमारी से ग्रसित रहे 60 साल के ऊपर वाले बुजुर्गों को आज से एहतियाती डोज देने की शुरुआत हुई है। ओमिक्रॉन के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए बीमार रहे बुजुर्गों को एहतियाती डोज जरूरी है ताकि वह सुरक्षित रहें। दूसरे टीके लगने का समय पूरा हो रहा है तो दूसरा टीका लगवाएं। 15 से 17 वर्ष के बच्चों का भी टीकाकरण चालू है।
विज्ञापन
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डा. मुकेश पहाड़ी ने बताया कि बीमारी से ग्रसित (का मोर्बिड) बुजुर्गों को एहतियाती डोज देने की शुरुआत हुई है। जिले में ऐसे 17735 बुजुर्गों को टीका लगाने की योजना पर काम किया जा रहा है।