चकिया। स्थानीय कोतवाली क्षेत्र के दिरेहूं गांव में सोमवार को नाबदान के पानी की निकासी और खेत में मेड़ काटने के विवाद में दो पक्षों में मारपीट हो गई। इस दौरान दो पक्षों की ओर से चले लाठी-डंडे में आठ लोग घायल हो गए। बाद में घायलों को उपचार के लिए जिला संयुक्त चिकित्सालय में भर्ती कराया गया जहां एक की मौत हो गई। मृतक के चचेरे भाई का आरोप है कि सिर में चोट लगने से मौत हुई जबकि डाक्टर का कहना है कि हर्ट अटैक से जान गई है। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में ले लिया और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है।
चकिया कोतवाली क्षेत्र के दिरेहूं गांव में सोमवार को नाबदान के पानी की निकासी और खेत में मेड़ काटने के विवाद में दो पक्षों में बहसबाजी होने लगी। देखते ही देखते मामला इतना अधिक बढ़ गया कि लाठी-डंडे से मारपीट होने लगी। इस दौरान धारदार हथियार की इस्तेमाल किया गया। मारपीट में एक पक्ष से कृष्णा (35), रामकेश (30), महेश (25), जैसन (20) तथा दूसरे पक्ष से कृपानंद (50), श्यामसुंदर (40) , अभिषेक (14), राम अवतार (45) घायल हो गए। इस दौरान किसी ने इसकी सूचना पुलिस को दे दी। सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने सभी घायलों को उपचार के लिए जिला संयुक्त चिकित्सालय चकिया में भर्ती कराया। जहां राम अवतार की मौत हो गई। मृतक के चचेरे भाई श्याम सुंदर ने पुलिस को दी तहरीर में लिखा है कि सिर में चोट लगने से उनकी मौत हुई है। वहीं इलाज करने वाले डाक्टर शैलेंद्र सिंह का कहना है कि रामअवतार की हर्ट अटैक से जान गई है। सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस मामले की शव को कब्जे में ले लिया और आगे की कार्रवाई में जुट गई है। सीओ चकिया नीरज पटेल ने बताया कि दोनों पक्षों से मिली तहरीर के आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है। कहा कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत का कारण स्पष्ट हो पाएगा।