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दुनिया के शीर्ष वैज्ञानिकों में शामिल हुआ चंदौली का लाल, अमेरिका की प्रकाशन संस्था प्लॉस बायोलॉजी ने जारी की रैंकिंग
Thu, 05 Nov 2020 10:35 PM IST
स्वाधीन तिवारी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंदौली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंदौली
Published by: स्वाधीन तिवारी
Updated Thu, 05 Nov 2020 10:35 PM IST
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वैज्ञानिक
- फोटो : अमर उजाला
संयुक्त राज्य अमेरिका की प्रकाशन संस्था प्लॉस बायोलॉजी ने दुनिया के शीर्ष 500 वैज्ञानिकों की रैंकिंग जारी की है। इसमें 375वीं रैंकिंग पर चंदौली जिले की सदर तहसील के माटीगांव निवासी डॉ. धर्मेंद्र त्रिपाठी का नाम शामिल है। जो वर्तमान में उत्तराखंड के राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) के प्रभारी कुलसचिव तथा डीन रिसर्च एंड कंसल्टेंसी के पद पर हैं। डॉ. त्रिपाठी के दुनिया के शीर्ष वैज्ञानिकों की सूची में शामिल होने से जनपद के लोग काफी गौरवान्वित हैं।
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माटीगांव निवासी सेवानिवृत्त संस्कृत के प्रवक्ता बैजनाथ त्रिपाठी के बड़े पुत्र डॉ. धर्मेंद्र त्रिपाठी की प्रारंभिक शिक्षा गांव के ही आदर्श इंटर कालेज में हुई है। इसके बाद उन्होंने आगे की पढ़ाई दूसरे शहरों की में की। डॉ. धर्मेंद्र त्रिपाठी वर्तमान में उत्तराखंड के राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) में प्रभारी कुलसचिव के पद पर हैं। वे संस्थान में डीन रिसर्च एंड कंसल्टेंसी (आरएसडी) भी हैं।
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संयुक्त राष्ट्र अमेरिका की प्रकाशन संस्था प्लॉस बॉयोलाजी ने दुनिया के शीर्ष 500 वैज्ञानिकों की रैंकिंग जारी की है। संस्था वैज्ञानिकों के शोध पत्र, इंपैक्ट फैक्टर और साइटेंशन (उद्धरण) के आधार पर रैंकिंग जारी करती है। इसमें यह भी देखा जाता है कि किस वैज्ञानिक के शोध पत्रों से कितने कम समय में कितने रिसर्च स्कालर्स ने उद्धरण लिया है।
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संस्था के 375वीं रैंकिंग पर माटीगांव के डा. धर्मेंद्र त्रिपाठी का नाम शामिल है। वहीं भारत में उनका नाम छठें स्थान पर है। डा. त्रिपाठी ने बताया कि उनके कामयाबी के पीछे परिवार के लोगों और गांव का सहयोग है। लोगों की प्रेरणा के चलते उन्हें यह मुकाम मिला है। वहीं गांव सहित जिले का नाम विश्वस्तर पर पहुंचाने के लिए डॉ. त्रिपाठी के पैतृक आवास पर लोगों की भीड़ जुट रही है। जिले के लोग इससे काफी गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं।