{"_id":"584471fb4f1c1bda63a8661e","slug":"better-irrigation-facility","type":"story","status":"publish","title_hn":"सिंचाई सुविधा होगी बेहतर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सिंचाई सुविधा होगी बेहतर
चंदौली ब्यूरो, अमर उजाला
Updated Mon, 05 Dec 2016 01:13 AM IST
विज्ञापन
मुजफ्फरपुर बीयर का निरीक्षण करते मुख्य अभियंता ओपी श्रीवास्तव।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुजफ्फरपुर बीयर की री-माडलिंग पर करीब 12 करोड़ खर्च होंगे। इसमें पहली किस्त के 2 करोड़ जारी हुए हैं। कार्य की जिम्मेदारी चंद्रप्रभा प्रखंड को दी गई है। शनिवार की शाम सिंचाई कार्य मंडल वाराणसी के मुख्य अभियंता सोन ओपी श्रीवास्तव ने बीयर का निरीक्षण किया।
लतीफशाह बीयर के निर्माण के दौरान ही सन 1925 में पूर्व काशी नरेश के कार्यकाल के दौरान मुजफ्फरपुर गांव के समीप चंद्रप्रभा नदी पर बीयर का निर्माण हुआ था। इस बीयर में नदी का पानी रोककर नकोईया मुख्य नहर का निर्माण किया गया था तथा चन्द्रावती नाला और रामपुर चकिया माइनर का भी निर्माण हुआ था।
मरम्मत के अभाव में इसका पानी काफी बर्बाद हो रहा था। वर्ष 2015 में सिंचाई विभाग द्वारा कार्य योजना बनाकर स्वीकृत करने के लिए शासन को भेजा गया था। जिस पर शासन ने 11 करोड़ 70 लाख की कार्य योजना मंजूर करते हुए प्रथम किस्त के रूप में दो करोड़ जारी किए। शनिवार को निरीक्षण के दौरान मुख्य अभियंता सोन ओपी श्रीवास्तव ने दिशा निर्देश दिए। इस मौके पर अधिशासी अभियंता जेपी वर्मा, सहायक अभियंता आरके पांडेय, सहायक अभियंता विनोद कुमार सिंह, विजय सिंह आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
लतीफशाह बीयर के निर्माण के दौरान ही सन 1925 में पूर्व काशी नरेश के कार्यकाल के दौरान मुजफ्फरपुर गांव के समीप चंद्रप्रभा नदी पर बीयर का निर्माण हुआ था। इस बीयर में नदी का पानी रोककर नकोईया मुख्य नहर का निर्माण किया गया था तथा चन्द्रावती नाला और रामपुर चकिया माइनर का भी निर्माण हुआ था।
विज्ञापन
मरम्मत के अभाव में इसका पानी काफी बर्बाद हो रहा था। वर्ष 2015 में सिंचाई विभाग द्वारा कार्य योजना बनाकर स्वीकृत करने के लिए शासन को भेजा गया था। जिस पर शासन ने 11 करोड़ 70 लाख की कार्य योजना मंजूर करते हुए प्रथम किस्त के रूप में दो करोड़ जारी किए। शनिवार को निरीक्षण के दौरान मुख्य अभियंता सोन ओपी श्रीवास्तव ने दिशा निर्देश दिए। इस मौके पर अधिशासी अभियंता जेपी वर्मा, सहायक अभियंता आरके पांडेय, सहायक अभियंता विनोद कुमार सिंह, विजय सिंह आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन