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अलीनगर-सकलडीहा मार्ग बदहाल, धूल से जीना मुहाल
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ताराजीवनपुर। अलीनगर-सकलडीहा मार्ग पिछले पांच वर्षों से मरम्मत के अभाव में खराब है। इससे सड़क गड्ढे में तब्दील हो गया है। गड्ढों में फंसकर आए दिन राहगीर चोटिल हो रहे हैं। यही नहीं मार्ग पर उड़ रहे धूल के कारण अक्सर वाहन चालक दुर्घटना के शिकार हो जा रहे हैं। इसकी शिकायत के बाद भी मार्ग की मरम्मत नहीं हुई।
अलीनगर से सकलडीहा को जाने वाली मुख्य मार्ग की लंबाई लगभग 15 किलोमीटर है। इस मार्ग से प्रतिदिन सकलडीहा, धानापुर, कमालपुर, चहनिया, गाजीपुर, वाराणसी सहित बिहार के भी लोग आवागमन करते हैं। बावजूद इसके मार्ग की मरम्मत न होने से सड़क गड्ढों में तब्दील हो चुकी है। इससे राजगीरों को आवामन में दिक्कत हा रही है। गड्ढों भरे मार्ग पर भारी वाहन चलने से भयंकर धूल उड़ती है। उड़ने वाली धूल के कारण वाहन चालक दुर्घटना के शिकार भी हो जा रहे हैं। कोरी गांव निवासी राकेश तिवारी बाबा बताते हैं कि सड़क इतनी बदहाल हो चुकी है कि समझ में नहीं आता है कि हम लोग गड्ढों में चल रहे हैं या सड़क पर चल रहे हैं। जो दूरी 10 मिनट में तय करनी चाहिए वह दूरी आधा घंटा में तय करना पड़ रहा है। सदलपुरा निवासी अमित सिंह ने बताया कि सड़क की बदहाली देखकर हम लोक दूसरा रास्ता तलाशने को मजबूर हो चुके हैं। अगर किसी मरीज को इलाज कराना हो तो उसकी कहानी हॉस्पिटल पहुंचने से पहले ही समाप्त हो जाएगी। बसनी गांव निवासी साहब मिश्रा ने बताया कि अलीनगर से सकलडीहा मार्ग मरम्मत के अभाव में पूरी तरह गड्ढों में तब्दील हो चुकी है। इस पर आवागमन करना जोखिम भरा साबित हो रहा है। हसनपुर गांव निवासी कैलाश यादव ने बताया कि अलीनगर सकलडीहा मार्ग पर दो-दो रेलवे क्रॉसिंग के अलावा खराब सड़क पर चलना जोखिम भरा हो गया है। पहले तो रेलवे गेट बंद होने का जहमत इसके बाद सड़क में बने अनगिनत गड्ढों में चलना जोखिम भरा साबित होता है।
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अलीनगर से सकलडीहा को जाने वाली मुख्य मार्ग की लंबाई लगभग 15 किलोमीटर है। इस मार्ग से प्रतिदिन सकलडीहा, धानापुर, कमालपुर, चहनिया, गाजीपुर, वाराणसी सहित बिहार के भी लोग आवागमन करते हैं। बावजूद इसके मार्ग की मरम्मत न होने से सड़क गड्ढों में तब्दील हो चुकी है। इससे राजगीरों को आवामन में दिक्कत हा रही है। गड्ढों भरे मार्ग पर भारी वाहन चलने से भयंकर धूल उड़ती है। उड़ने वाली धूल के कारण वाहन चालक दुर्घटना के शिकार भी हो जा रहे हैं। कोरी गांव निवासी राकेश तिवारी बाबा बताते हैं कि सड़क इतनी बदहाल हो चुकी है कि समझ में नहीं आता है कि हम लोग गड्ढों में चल रहे हैं या सड़क पर चल रहे हैं। जो दूरी 10 मिनट में तय करनी चाहिए वह दूरी आधा घंटा में तय करना पड़ रहा है। सदलपुरा निवासी अमित सिंह ने बताया कि सड़क की बदहाली देखकर हम लोक दूसरा रास्ता तलाशने को मजबूर हो चुके हैं। अगर किसी मरीज को इलाज कराना हो तो उसकी कहानी हॉस्पिटल पहुंचने से पहले ही समाप्त हो जाएगी। बसनी गांव निवासी साहब मिश्रा ने बताया कि अलीनगर से सकलडीहा मार्ग मरम्मत के अभाव में पूरी तरह गड्ढों में तब्दील हो चुकी है। इस पर आवागमन करना जोखिम भरा साबित हो रहा है। हसनपुर गांव निवासी कैलाश यादव ने बताया कि अलीनगर सकलडीहा मार्ग पर दो-दो रेलवे क्रॉसिंग के अलावा खराब सड़क पर चलना जोखिम भरा हो गया है। पहले तो रेलवे गेट बंद होने का जहमत इसके बाद सड़क में बने अनगिनत गड्ढों में चलना जोखिम भरा साबित होता है।
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