{"_id":"58-124537","slug":"Chandauli-124537-58","type":"story","status":"publish","title_hn":"पटरी पर वेल्डिंग करते समय लगी आग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पटरी पर वेल्डिंग करते समय लगी आग
Chandauli
Updated Fri, 14 Mar 2014 05:30 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुगलसराय। रेलवे स्टेशन पर स्थित क्रू सेल से बीस मीटर की दूरी पर पटरी की वेल्ंिडग करते समय निकली चिंगारी से पास के नाले में आग लग गई। जिसे काफी मशक्कत के बाद रेलकर्मियों ने बुझाया। नालियों में जमा हो गए डीजल के चलते यह घटना हुई।
गुरुवार को सायं स्थानीय रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर एक पर स्थित क्रू सेल से बीस मीटर की दूरी पर लाइन नंबर छह पर एक रेलकर्मी पटरी की वेल्ंिडग कर रहा था। उसके पास ही एक नाला है। इंजनों से गिरा डीजल इस नाले में जमा होता जाता है। वेल्डिंग करते वक्त निकली चिंगारी के संपर्क से नाले में आग लग गई। देखते ही देखते आग नाले से बढ़ते हुये ट्रैक पर पहुंच गई। इससे रेलकर्मियों और यात्रियाें में भगदड़ की स्थिति पैदा हो गई। आग से ट्रैक के पास स्थित टर्मिनल बाक्स भी बुरी तरह जल गया। रेल कर्मियों ने काफी मशक्कत के बाद पानी फेंककर आग पर काबू पाया। यह संयोग ही रहा कि एक बड़ी दुर्घटना होते-होते बच गई। यदि रेल प्रशासन ने जाम नालियों की साफ सफाई करा दी होती तो यह घटना नहीं होती।
वर्जन
‘वेल्डिंग के दौरान आग लगने पर काबू पाने के लिए अग्निशमन यंत्र का प्रयोग किया गया। वैसे मामले की पूरी जांच की जा रही है कि आग किन परिस्थितियों में लगी। अगर रेलकर्मी दोषी पाए जाएंगे तो उन पर कार्रवाई की जाएगी।’- विद्याभूषण, मंडल रेल प्रबंधक, पूर्व मध्य रेलवे मुगलसराय।
विज्ञापन
विज्ञापन
गुरुवार को सायं स्थानीय रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर एक पर स्थित क्रू सेल से बीस मीटर की दूरी पर लाइन नंबर छह पर एक रेलकर्मी पटरी की वेल्ंिडग कर रहा था। उसके पास ही एक नाला है। इंजनों से गिरा डीजल इस नाले में जमा होता जाता है। वेल्डिंग करते वक्त निकली चिंगारी के संपर्क से नाले में आग लग गई। देखते ही देखते आग नाले से बढ़ते हुये ट्रैक पर पहुंच गई। इससे रेलकर्मियों और यात्रियाें में भगदड़ की स्थिति पैदा हो गई। आग से ट्रैक के पास स्थित टर्मिनल बाक्स भी बुरी तरह जल गया। रेल कर्मियों ने काफी मशक्कत के बाद पानी फेंककर आग पर काबू पाया। यह संयोग ही रहा कि एक बड़ी दुर्घटना होते-होते बच गई। यदि रेल प्रशासन ने जाम नालियों की साफ सफाई करा दी होती तो यह घटना नहीं होती।
विज्ञापन
वर्जन
‘वेल्डिंग के दौरान आग लगने पर काबू पाने के लिए अग्निशमन यंत्र का प्रयोग किया गया। वैसे मामले की पूरी जांच की जा रही है कि आग किन परिस्थितियों में लगी। अगर रेलकर्मी दोषी पाए जाएंगे तो उन पर कार्रवाई की जाएगी।’- विद्याभूषण, मंडल रेल प्रबंधक, पूर्व मध्य रेलवे मुगलसराय।
विज्ञापन