फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Chandauli News ›   बाबा कीनाराम जन्मोत्सव के दूसरे दिन उमड़ा भक्तों का रेला

बाबा कीनाराम जन्मोत्सव के दूसरे दिन उमड़ा भक्तों का रेला

Mon, 10 Sep 2018 01:24 AM IST
Updated Mon, 10 Sep 2018 01:24 AM IST
विज्ञापन
बाबा कीनाराम जन्मोत्सव के दूसरे दिन उमड़ा भक्तों का रेला

विज्ञापन
चहनियां। बाबा कीनाराम के जन्मोत्सव केे दूसरे दिन रामगढ़ स्थित अघोरेश्वर पीठ में दर्शन पूजन के लिए भक्तों का रेला उमड़ा। आस पास ही नहीं दूसरे जिलों से भी भक्त विभिन्न वाहनों, ट्रैक्टर ट्रालियों में भरकर बाबा के दरबार पहुंचे। दिन भजन पूजन अर्चन और भजन कीर्तन का सिलसिला चलता रहा। भक्तों के जयकारे से पूरा इलाका गूंजायमान रहा।
रविवार को भारे में मंगला आरती के बाद बाबा का भव्य शृंगार किया गया। इसके बाद अघोरेश्वर कीनाराम के दर्शन पूजन का सिलसिला शुरू हुआ। भोर से शुरू हुआ सिलसिला देर रात तक चलता रहा। दर्शन पूजन के लिए भक्तों की लंबी कतार लगी। लंबे इंतजार के बाद जो भक्त बाबा के करीब पहुंचते बाबा की सूरत निहारते रहते। भक्त फूल, माला, अगरबत्ती, मिठाई, फल आदि बाबा को अर्पित करते और अभिष्ट की कामना करने में लगे रहे। बाबा की आरती उतार कर भक्तों ने खूब जयकारे लगाए। दिन चढ़ने के साथ मठ पहुंचने वाले भक्तों की संख्या में गुणात्मक वृद्धि होती गई। ऐसे में भीड़ को संभालने के लिए पुलिस प्रशासन के साथ वालेंटियरों को भी मशक्कत करनी पड़ी। भक्तों की भीड़ की वजह से पूरी व्यवस्था चरमराई रही लेकिन आस्था के किसी के चेहरे पर शिकन नहीं दिखी।
विज्ञापन


चहनिया। बाबा कीनाराम के तीन द्विवसीय समारोह के दूसरे दिन दोपहर बाद गीत संगीत का सिलसिला शुरू हुआ। नामी गिरामी कलाकारों को सुनने को लोगों की देररात तक भीड़ जुटी रही। भक्ति गीतों पर भक्त रसासिक्त दिखे और खूब जयकारे लगाए।
विज्ञापन
विज्ञापन

स्कूली बच्चों ने भजन कीर्तन के साथ गीत ‘‘दरश दे दा ए बाबा, यहां आते-आते बहुत देर हो गई’’सुनाकर भक्तों को रसासिक्त किया। दूसरी तरफ विंध्याचल और वाराणसी से पधारे कत्थक नृत्य के कलाकारों ने भजन, राधा वियोग व कृष्णहठ व भैरवी की प्रस्तुति कर पंडाल मे दर्शकों की अपार भी जुटा दी और जमकर वाहवाही लूटी। राजेश यादव, सोनी सेन, मनीष शर्मा कत्थक नृत्य प्रस्तुत किया और भोलानाथ मिश्रा ने वाहवाही लूटी। रघुवंश मणि ने गायन से वाहवाही लूटी।

चहनियां। बाबा कीनाराम के जन्मोत्सव पर लगने वाले मेले में लगे झूले तथा चरखियों का बच्चों ने जमकर लुफ्त उठाया। कहीं चाट-पकौड़े व जलेबी की दुकानों पर भीड़ रही। मेले में विभिन्न प्रकार के खिलौने की दुकाने सजी। नाना प्रकार के स्वादिष्ट मिठाइयों की दुकाने सजी रही। मेले में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए महिला कांस्टेबल व सादे वेश में पुलिस व पीएसी जवान चक्रमण करते रहे।

चहनिया। अघोरेश्वर संत सिरोमणि बाबा कीनाराम की जन्मस्थली व कर्मभूमी रामगढ़ मठ में लगभग 400 वर्ष पुराना वट वृक्ष आज भी बाबा के यादों को समेटे हुए हैं। बड़ी बड़ी आंधी तूफान और दैवी आपदा के बावजूद वटवृक्ष का नुकसान नहीं हुआ। इससे यह वृक्ष भक्तों केे आस्था का केंद्र बना हुआ है।
मान्यता है कि अघोरेश्वर बाबा कीनाराम सबसे पहले इसी वट वृक्ष के नीचे बैठ कर तपस्या की थी और ज्ञान प्राप्त किया था। उन्होंने इसी वृक्ष के नीचे अपना आशियाना भी बनाया था। बाबा कीनराम तपस्या में लीन होते थे, उस समय आग को सुलगा कर रख दिया और वही आज तक लगभग 400 वर्ष से लगातार जलता आ रहा है। ग्रामीण क्षेत्र के भक्त अपने समस्त दुखों के निवारण के लिए उसी धुनी की राख को अमृत समझ प्रयोग करते हैं।

विद्वानों ने गोष्ठी में बाबा कीनाराम के आर्दशों पर की विस्तृत चर्चा
चहनिया। अघोरश्वर संत सिरोमणी बाबा कीनाराम की जन्मस्थली पर रविवार को आयोजित गोष्ठी में बाबा कीनाराम के समाजिक उत्थान के लिए किए गए प्रयास की चर्चा की गई। इस दौरान बाबा कीनाराम को समाज के लिए आदर्श बताया गया।

बलिया से आए योगेन्द्र नारायण सिंह ने बाबा कीनाराम के सभी मठों का नाम रामशाला क्यो रखा गया, इस पर विस्तार से चर्चा की। बताया कि रामाशाला का अर्थ है अध्यात्म का शेाधकेन्द्र है। बाबा के कृतियों पर विस्तृत प्रकाश डालते हुए उनके जीवन बृत्तों पर भी चर्चा करते हुए कहा आज बाबा कीनाराम के आर्दर्शो को आत्मसात करने की आवश्यकता है। तभी बाबा कीनाराम के सच्चे भक्त की पहचान बन सकेगी। प्रोफेसर संत त्रिपाठी, डॉ. जयप्रकाश पांडेय, डॉ. सुबेदार सिंह, सुरेन्द्र प्रताप सिंह ने भी बाबा के जीवन पर प्रकाश डाला और उनके जीवन वृत्त से सीख लेने का आह्वान किया। संचालन राजेन्द्र पांडेय और धनंजय सिंह ने जबकि धन्यवाद ज्ञापन कार्यक्रम संयोजक अजीत सिंह ने की।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed