{"_id":"5a639da04f1c1b93268b5818","slug":"201516477856-chandauli-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"डीपीआरओ को मिला छह दिनों में नौ गांव ओडीएफ करने का लक्ष्य","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डीपीआरओ को मिला छह दिनों में नौ गांव ओडीएफ करने का लक्ष्य
Updated Sun, 21 Jan 2018 01:20 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
चंदौली। पिछले तीन वर्ष से जिले को शौच मुक्त कराने की मुहिम में जुटे पंचायत राज विभाग करोड़ों रुपये खर्च कर चुका है। लेकिन अभी भी एक भी गांव पूर्ण रुप से ओडीएफ नहीं हो पाए हैं। जिलाधिकारी ने शनिवार को 26 जनवरी के तैयारी की बैठक के दौरान लक्ष्य निर्धारित किया है। जिसमें डीपीआरओ के सामने उन्होंने छह दिनों में नौ गांव का शत प्रतिशत ओडीएफ कराने का लक्ष्य रखा है। इन छह दिनों में ओडीएफ गांव के ग्राम प्रधान व टीम का सम्मानित भी किया जाएगा।
शनिवार को जिलाधिकारी हेमंत कुमार ने कहा कि पिछले तीन वर्ष से ओडीएफ के लिए जिले में कार्य हो रहा है। लेकिन स्थित शून्य है। जबकि करोड़ों रुपये खर्च हो चुके हैं। उन्होंने डीपीआरओ अनिल कुमार सिंह से कहा कि हर ब्लाक से एक-एक गांव 26 जनवरी तक ओडीएफ करना है। इन छह दिनों में जो भी गांव ओडीएफ होगा वहां के प्रधान को सम्मानित किया जाएगा।
शनिवार को जिलाधिकारी हेमंत कुमार ने कहा कि पिछले तीन वर्ष से ओडीएफ के लिए जिले में कार्य हो रहा है। लेकिन स्थित शून्य है। जबकि करोड़ों रुपये खर्च हो चुके हैं। उन्होंने डीपीआरओ अनिल कुमार सिंह से कहा कि हर ब्लाक से एक-एक गांव 26 जनवरी तक ओडीएफ करना है। इन छह दिनों में जो भी गांव ओडीएफ होगा वहां के प्रधान को सम्मानित किया जाएगा।
विज्ञापन