{"_id":"57ffd4034f1c1b67522910a2","slug":"the-marches-arenas","type":"story","status":"publish","title_hn":"अखाड़ों का जुलूस निकाला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अखाड़ों का जुलूस निकाला
ब्यूरो/अमर उजाला, बुलंदशहर
Updated Fri, 14 Oct 2016 12:06 AM IST
विज्ञापन
अन्य
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
पैगंबर इस्लाम हजरत मोहम्मद के नवासे हजरत इमाम हुसैन और उनके 72जॉ निसार साथियों की करबला में शहादत की याद में परंपरानुसार ताजियों और अखाड़ों का शानदार जुलूस निकाला। नगर के विभिन्न मार्गों से होते हुए देर रात करबला में संपन्न हुआ। अखाड़ों में युवाओं ने विभिन्न करतब दिखाए।
सिकंदराबाद में बुधवार शाम मोहल्ला रिसालदारान से मर्हूम हाजी अफजाल उर्फ बब्बू के बेटे मुतीब खान के नेतृत्व में नगर के प्रसिद्ध बड़े ताजिये और अखाड़े का जुलूस प्रारंभ हुआ। शीशे वाली मस्जिद पर खारी कुवां, भाटियावाडा के ताजिये जुलूस में शामिल हुए।
विज्ञापन
दरगाह हाजी बाबा मिस्कीनी शाह ताजी रहमतुल्लाअलैह पहुंचने पर दरगाह के सज्जादा नशीन बाबा सैय्यद फरीदुद्दीन ने जुलूस का इस्तकबाल किया। जुलूस में रफीक कव्वाल ने मर्सिये पढ़े। बंसल टाकेज पर जमील की मेंहदी, और शेखवाडे के ताजिये शामिल हुए। अंसारयान में प्रसिद्ध अखाड़ा जुलूस में शामिल हुआ।
विज्ञापन
जुलूस में युवाओं ने पटाबाजी, व अन्य हैरतअंगेज करतब दिखाए। ताजिेयों का यह विशाल जुलूस गुलावठी रोड, जीटी रोड होते हुए देर रात्री करबला में संपन्न हुआ।
इस मौके पर हाजी रफीकुद्दीन, डॉ.मुर्शद करीम, सभासद इरशाद शमशेर, मकसूद जालिब, खलीफा तमीजुद्दीन, युसुफ पटेल, शम्मी मलिक, शाह हुसैन मिस्कीनी, बाबू भाई मिस्कीनी, इमरान खान, अफजाल खान, डॉ.सैफउल्लाह अंसारी, बाबर अंसारी, अजीज कुरैशी, नफीस सिद्दीकी, असगर मुनिरी, सरदार हुसैन आदि मौजूद रहे।
पहासू में मोहर्रम पर बृहस्पतिवार दोपहर इमामबाड़े से जुलूस निकला जो मेन बाजार, काली हवेली, कानूनगोयान, काजीखेल, होते हुए कर्बला पर संपन्न हुआ। जुलूस में सोंगवारों ने छाती पीट कर मातम मनाया। तलवार बाजी, लाठियों का करतब करतब देखने के लिए लोगों की भारी भीड़ उमड़ी। वहीं सोंगवारो ने आग पर रक्त रंजित मातम कर दुख प्रकट किया। व्यवस्था में अजमल, शमीम अंसारी, तोता अब्बासी, हयात अली, राजकुमार आदि रहे।