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जिले में बढ़ गए 11 हजार गन्ना किसान
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जिले में बढ़ गए 11 हजार गन्ना किसान
बुलंदशहर। जिले में इस बार गन्ने का रकबा बढ़ने के साथ गन्ना उत्पादक किसानों की संख्या भी बढ़ गई है। पिछले वर्ष गन्ना किसानों की संख्या 1.18 लाख थी जो कि अब बढ़कर 1.29 लाख हो गई है। वहीं शासन ने गन्ना किसान के रूप में रजिस्ट्रेशन कराने के लिए 15 अक्तूबर तक का समय दिया है।
जिले में इस बार 73,574 हेक्टेयर गन्ने की फसल है, जबकि गत वर्ष यह रकबा 64,580 हेक्टेयर था। गत वर्ष की तुलना में इस वर्ष 8994 हेक्टेयर गन्ने की फसल का रकबा बढ़ा है। जिला गन्ना अधिकारी डीके सैनी ने बताया कि इस बार गन्ने की फसल का रकबा बढ़ने के साथ ही गन्ना उत्पादक किसानों की संख्या भी बढ़ गई है।
20 अक्तूबर से चलेगी मिलें
जिला गन्ना अधिकारी डीके सैनी ने बताया कि शासन ने 20 अक्तूबर से चीनी मिल चलाने का आदेश दिया है। पहले से ही जिले की चार चीनी मिलों की मरम्मत शुरू हो गई है।
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मिलों पर अभी भी 93 करोड़ बकाया
अभी भी चार चीनी मिलों पर किसानों का 93 करोड़ से अधिक बकाया गन्ना भुगतान चल रहा है। डीसीओ के अनुसार इस समय अनूपशहर चीनी मिल पर 23.66 करोड़, वेव शुगर मिल पर 31.54 करोड़, हापुड़ की ब्रजनाथपुर मिल पर 22 करोड़ और सिंभावली चीनी मिल पर 16 करोड़ की राशि बकाया चल रही है।
बोले किसान
चीनी मिल चलाने की तैयारी शुरू हो गई, लेकिन अभी भी मिलों पर करोड़ों रुपये बकाया गन्ना भुगतान चल रहा है। शासन को चाहिए कि मिल चलने से पहले बकाया गन्ना भुगतान करवाए। - अनुज कुमार।
शासन का आदेश है कि गन्ना तौल के 14 दिन के अंदर किसान का भुगतान हो जाना चाहिए। लेकिन कोई भी मिल इसका पालन नहीं करती है। समय पर किसान को पैसा नहीं मिलने से कई तरह की परेशानी का सामना करना पड़ता है। - पवन तेवतिया।
इस बार सरकार ने गन्ना मूल्य में 25 रुपये की वृद्धि की है। यह अच्छी बात है, लेकिन शासन को किसानों को मिलों से समय पर भुगतान करवाने के लिए ध्यान देने की जरूरत है। - मुरारीलाल शर्मा।
गन्ने की फसल का यदि समय पर भुगतान हो जाए तो किसानों को किसी तरह की चिंता नहीं रहती है। भुगतान समय पर करवाने की व्यवस्था करवाई जाए। - अजीत यादव
इस बार अधिक होगी गन्ना की खेती
जिला कृषि अधिकारी राहुल तेवतिया का कहना है कि जनपद के किसान गेहूं और धान के साथ गन्ने की फसल बोते हैं। पिछले वर्ष धान का रेट कम होने के कारण किसान इस बार गन्ना अधिक उगा रहे हैं। फसल अच्छी होने पर आमदनी भी अधिक होगी।
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बुलंदशहर। जिले में इस बार गन्ने का रकबा बढ़ने के साथ गन्ना उत्पादक किसानों की संख्या भी बढ़ गई है। पिछले वर्ष गन्ना किसानों की संख्या 1.18 लाख थी जो कि अब बढ़कर 1.29 लाख हो गई है। वहीं शासन ने गन्ना किसान के रूप में रजिस्ट्रेशन कराने के लिए 15 अक्तूबर तक का समय दिया है।
जिले में इस बार 73,574 हेक्टेयर गन्ने की फसल है, जबकि गत वर्ष यह रकबा 64,580 हेक्टेयर था। गत वर्ष की तुलना में इस वर्ष 8994 हेक्टेयर गन्ने की फसल का रकबा बढ़ा है। जिला गन्ना अधिकारी डीके सैनी ने बताया कि इस बार गन्ने की फसल का रकबा बढ़ने के साथ ही गन्ना उत्पादक किसानों की संख्या भी बढ़ गई है।
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20 अक्तूबर से चलेगी मिलें
जिला गन्ना अधिकारी डीके सैनी ने बताया कि शासन ने 20 अक्तूबर से चीनी मिल चलाने का आदेश दिया है। पहले से ही जिले की चार चीनी मिलों की मरम्मत शुरू हो गई है।
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मिलों पर अभी भी 93 करोड़ बकाया
अभी भी चार चीनी मिलों पर किसानों का 93 करोड़ से अधिक बकाया गन्ना भुगतान चल रहा है। डीसीओ के अनुसार इस समय अनूपशहर चीनी मिल पर 23.66 करोड़, वेव शुगर मिल पर 31.54 करोड़, हापुड़ की ब्रजनाथपुर मिल पर 22 करोड़ और सिंभावली चीनी मिल पर 16 करोड़ की राशि बकाया चल रही है।
बोले किसान
चीनी मिल चलाने की तैयारी शुरू हो गई, लेकिन अभी भी मिलों पर करोड़ों रुपये बकाया गन्ना भुगतान चल रहा है। शासन को चाहिए कि मिल चलने से पहले बकाया गन्ना भुगतान करवाए। - अनुज कुमार।
शासन का आदेश है कि गन्ना तौल के 14 दिन के अंदर किसान का भुगतान हो जाना चाहिए। लेकिन कोई भी मिल इसका पालन नहीं करती है। समय पर किसान को पैसा नहीं मिलने से कई तरह की परेशानी का सामना करना पड़ता है। - पवन तेवतिया।
इस बार सरकार ने गन्ना मूल्य में 25 रुपये की वृद्धि की है। यह अच्छी बात है, लेकिन शासन को किसानों को मिलों से समय पर भुगतान करवाने के लिए ध्यान देने की जरूरत है। - मुरारीलाल शर्मा।
गन्ने की फसल का यदि समय पर भुगतान हो जाए तो किसानों को किसी तरह की चिंता नहीं रहती है। भुगतान समय पर करवाने की व्यवस्था करवाई जाए। - अजीत यादव
इस बार अधिक होगी गन्ना की खेती
जिला कृषि अधिकारी राहुल तेवतिया का कहना है कि जनपद के किसान गेहूं और धान के साथ गन्ने की फसल बोते हैं। पिछले वर्ष धान का रेट कम होने के कारण किसान इस बार गन्ना अधिक उगा रहे हैं। फसल अच्छी होने पर आमदनी भी अधिक होगी।