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खुर्जा-स्याना से वापस होंगे सपा प्रत्याशी
ब्यूरो/अमर उजाला, बुलंदशहर
Updated Mon, 23 Jan 2017 12:59 AM IST
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रविवार को गठबंधन के बाद समाजवादी पार्टी बुलंदशहर जिले में कांग्रेस की सिटिंग सीटों को छोड़ने के लिए तैयार हो गई है। अब खुर्जा और स्याना सीट कांग्रेस के खाते आ गई है। कांग्रेस ने रविवार शाम स्याना सीट से आरिफ मोहम्मद, खुर्जा सीट पर सिटिंग एमएलए बंशी पहाडि़या और शिकारपुर से उदय करन दलाल को प्रत्याशी घोषित कर दिया।
रविवार को कांग्रेस और सपा के बीच गठबंधन की रार खत्म हो गई। दोनों पार्टियां सीट बंटवारे के लिए राजी हो गईं। पार्टी सूत्रों से पता चला है कि सपा जिले में कांग्रेस की सिटिंग सीटों खुर्जा और स्याना को छोड़ेगी। खुर्जा में कांग्रेस के विधायक बंशी पहाड़ियां हैं।
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जबकि स्याना से कांग्रेस के विधायक दिलनवाज खान थे, लेकिन वह कुछ माह पूर्व ही हाथ का साथ छोड़कर बसपा में शामिल हो गए हैं और स्याना से चुनाव लड़ रहे हैं। सपा ने खुर्जा से नंदकिशोर वाल्मीकि और स्याना से राजीव लोधी को टिकट दिया हुआ है।
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अब गठबंधन के बाद सपा की ओ्र से खुर्जा से तीसरी प्रत्याशी बदला जाएगा। उधर, सपा प्रदेश सचिव दिनेश गुर्जर का कहना है कि गठबंधन के बाद सीटों के अभी हमें ऊपर से प्रत्याशियों की लिस्ट नहीं मिली है। कांग्रेस जिलाध्यक्ष सुभाष गांधी ने कहा कि रात नौ बजे तक नई लिस्ट हमें नहीं मिली है। उन्होंने शिकारपुर से उतारे गए प्रत्याशी उदय करन की जानकारी से इनकार किया।
सपा-कांग्रेस का मेल, बिगाड़ेगा कइयों का खेल
सपा-कांग्रेस गठबंधन ने विरोधी दलों का सियासी गेम बिगाड़ने के साथ अपनों की भी नींद छीन ली है। गठबंधन के बाद दोनों पार्टियों के सियासी पहलवान दो गुनी ताकत के साथ मैदान मे उतरेंगे। ऐसे में दूसरे सियासी दलों का गणित बिगड़ना तय है।
‘इस कुकर से नहीं गलेगी दाल’
घोषणा पत्र में मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने लोकलुभावन घोषणा कर सबको साधने का प्रयास जरूर किया है,मगर विरोधियों के लिए सपा का घोषणा पत्र चुनावी झुनझुने से कम नहीं है। बसपा, भाजपा, रालोद समेत सभी विरोधी दल के तमाम नेताओं ने कहा कि सपा की दाल प्रेशर कुकर में नहीं गलने वाली। वोटर समझ चुका है, वह बहकावे में नहीं आएगा।
अब सपा के दिन लद गए हैं। विरोधियों ने सपा पर विधानसभा 2012 की घोषणाओं को पूरा नहीं करने का आरोप भी लगाया। हालांकि कांग्रेस सपा के घोषणाओं के साथ खड़ी दिखाई दी।