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हाईकोर्ट के आदेश पर नहीं तुड़वाईं दुकानें, अवमानना नोटिस जारी
सार
हाईकोर्ट के आदेश पर नहीं तुड़वाईं दुकानें, अवमानना नोटिस जारीबुलंदशहर।जिसमें 17 अगस्त 2021 को हाईकोर्ट ने चार माह में सभी दुकानों को खाली कराकर ध्वस्तीकरण के आदेश दिए थे।हाईकोर्ट के आदेशों के बाद भी जिपं अधिकारियों ने इस प्रकरण को गंभीरता से नहीं लिया।
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विस्तार
हाईकोर्ट के आदेश पर नहीं तुड़वाईं दुकानें, अवमानना नोटिस जारी
बुलंदशहर। जिला पंचायत मॉल के सामने बनी दुकानों को आदेश के बाद भी ध्वस्त न करने के मामले में हाईकोर्ट ने अवमानना नोटिस जारी किया है। हाईकोर्ट से नोटिस जारी होने के बाद जिपं अधिकारियों में खलबली मची है। कोर्ट ने एक माह का समय देते हुए दुकानों के ध्वस्तीकरण के आदेश दिए हैं, जिस पर जिला पंचायत के अधिकारी दुकानों के ध्वस्तीकरण की तैयारी करने में लगे हुए हैं।
करीब छह साल पहले जिला पंचायत द्वारा नगर के कालाआम चौराहे के पास एक व्यावसायिक और आवासीय मॉल का निर्माण कराया था। छह वर्ष से अधिक समय बीतने के बाद भी मॉल चालू नहीं हो सका है। मॉल के सामने बनी हुई दुकानों को तोड़ने के लिए गौरव सक्सेना ने हाईकोर्ट में अपील की थी। जिसमें 17 अगस्त 2021 को हाईकोर्ट ने चार माह में सभी दुकानों को खाली कराकर ध्वस्तीकरण के आदेश दिए थे। हाईकोर्ट के आदेशों के बाद भी जिपं अधिकारियों ने इस प्रकरण को गंभीरता से नहीं लिया। जिस पर शिकायतकर्ता ने हाईकोर्ट में अवमानना की याचिका दायर की तो तत्कालीन अपर मुख्य अधिकारी विद्याशंकर पांडेय ने 17 दुकानों के मालिकों को नोटिस जारी करते हुए उनका ध्वस्तीकरण करा दिया था। इसके बाद एएमए का तबादला हो गया और नए एएमए की ओर से इस संबंध में कोई कार्रवाई न किए जाने के कारण शिकायतकर्ता गौरव सक्सेना ने फिर से हाईकोर्ट में अवमानना याचिका दायर की है। जिसके बाद अब हाईकोर्ट ने अवमानना नोटिस जारी करते हुए जिला पंचायत अधिकारियों को आदेश दिए हैं कि एक माह में दुकानों का ध्वस्तीकरण कराते हुए कोर्ट को अवगत कराया जाए। जिसके चलते अब जिला पंचायत के अधिकारी मॉल के सामने बची हुई शेष दुकानों के ध्वस्तीकरण की तैयारी करने में लगे हुए हैं।
हाईकोर्ट ने नोटिस जारी किया है। मॉल के सामने बनी दुकान स्वामियों को नोटिस जारी किया गया है। समयावधि में दुकान खाली न होने पर जिला प्रशासन को अवगत कराया जाएगा। इसके बाद दुकानों के ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी।
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- अजय कुमार, अपर मुख्य अधिकारी, जिला पंचायत
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बुलंदशहर। जिला पंचायत मॉल के सामने बनी दुकानों को आदेश के बाद भी ध्वस्त न करने के मामले में हाईकोर्ट ने अवमानना नोटिस जारी किया है। हाईकोर्ट से नोटिस जारी होने के बाद जिपं अधिकारियों में खलबली मची है। कोर्ट ने एक माह का समय देते हुए दुकानों के ध्वस्तीकरण के आदेश दिए हैं, जिस पर जिला पंचायत के अधिकारी दुकानों के ध्वस्तीकरण की तैयारी करने में लगे हुए हैं।
करीब छह साल पहले जिला पंचायत द्वारा नगर के कालाआम चौराहे के पास एक व्यावसायिक और आवासीय मॉल का निर्माण कराया था। छह वर्ष से अधिक समय बीतने के बाद भी मॉल चालू नहीं हो सका है। मॉल के सामने बनी हुई दुकानों को तोड़ने के लिए गौरव सक्सेना ने हाईकोर्ट में अपील की थी। जिसमें 17 अगस्त 2021 को हाईकोर्ट ने चार माह में सभी दुकानों को खाली कराकर ध्वस्तीकरण के आदेश दिए थे। हाईकोर्ट के आदेशों के बाद भी जिपं अधिकारियों ने इस प्रकरण को गंभीरता से नहीं लिया। जिस पर शिकायतकर्ता ने हाईकोर्ट में अवमानना की याचिका दायर की तो तत्कालीन अपर मुख्य अधिकारी विद्याशंकर पांडेय ने 17 दुकानों के मालिकों को नोटिस जारी करते हुए उनका ध्वस्तीकरण करा दिया था। इसके बाद एएमए का तबादला हो गया और नए एएमए की ओर से इस संबंध में कोई कार्रवाई न किए जाने के कारण शिकायतकर्ता गौरव सक्सेना ने फिर से हाईकोर्ट में अवमानना याचिका दायर की है। जिसके बाद अब हाईकोर्ट ने अवमानना नोटिस जारी करते हुए जिला पंचायत अधिकारियों को आदेश दिए हैं कि एक माह में दुकानों का ध्वस्तीकरण कराते हुए कोर्ट को अवगत कराया जाए। जिसके चलते अब जिला पंचायत के अधिकारी मॉल के सामने बची हुई शेष दुकानों के ध्वस्तीकरण की तैयारी करने में लगे हुए हैं।
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हाईकोर्ट ने नोटिस जारी किया है। मॉल के सामने बनी दुकान स्वामियों को नोटिस जारी किया गया है। समयावधि में दुकान खाली न होने पर जिला प्रशासन को अवगत कराया जाएगा। इसके बाद दुकानों के ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी।
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- अजय कुमार, अपर मुख्य अधिकारी, जिला पंचायत