फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bulandshahar News ›   Government taps are also spewing hepatitis and cancer

सरकारी नल भी उगल रहे हेपेटाइटिस और कैंसर

Mon, 06 Mar 2017 10:20 PM IST
अमर उजाला/बुलंदशहर
अमर उजाला/बुलंदशहर Updated Mon, 06 Mar 2017 10:20 PM IST
विज्ञापन
Government taps are also spewing hepatitis and cancer
मृतक नितिन की फोटो के साथ उसकी मां एवं परिजन। - फोटो : मृतक नितिन की फोटो के साथ उसकी मां एवं परिजन।

क्षेत्र के गांव उस्तरा एवं सधारनपुर के बाद गांव शेरपुर भी प्रदूषित जल के कारण जानलेवा बीमारियों के चपेट में है। शेरपुर में दूषित पानी के कारण एक साल में दो लोगों की कैंसर से मौत हो चुकी है तथा एक युवक की हेपेटाइटिस सी से जान चली गई है। सबसे बड़ी बात यह है कि गांव में घरों के उथले नलों के साथ ही 27 सरकारी नलों में से 24 का पानी दूषित है।

विज्ञापन


ग्राम प्रधान कपिल खारी, नकुल, जीत सिंह, पप्पू वली, बबली, रण सिंह भाटी, गजराज सिंह, धर्मपाल सिंह, राजपाल सिंह आदि ने बताया कि कैंसर से करीब पांच माह पूर्व नानक सैनी (42) पुत्र शोभाराम की मौत हो गई। करीब एक वर्ष पूर्व राजवीर (69) पुत्र रिसाल की कैंसर से मौत हुई।
विज्ञापन


वहीं नितिन (19) पुत्र रणवीर सिंह की करीब एक वर्ष पूर्व हैपेटाइटिस सी से मौत हुई। इसके अलावा वर्तमान में जो लोग हैपेटाइटिस सी से पीड़ित हैं, उनमें महावीर सिंह(60) पुत्र नबाब सिंह, संगीता(35)पत्नी लीलू, दिनेश (36) पत्नी सोहनपाल, कृष्ण (30) पुत्र भिखारी लाल, मनवीर(50) पुत्र अतर सिंह, गजेंद्र (32) पुत्र रामकुमार, रिंकू (34)पुत्र लीला सिंह, बबली(40) पुत्र बख्तावर, चंदा देवी (55) पत्नी श्रीचंद, किरनपाल (60) पुत्र नारायण सिंह, महेंद्री(60) पत्नी लायकराम, मनोज(30) पुत्र जयवीर, कमलेश (55) पत्नी राजेंद्र, गुड्डन (45) पत्नी चरण सिंह, श्रीपाल(25) पुत्र जगवीर, बब्बल(36) पुत्र मेनपाल, गिरिराज (45) पुत्र जयराम, प्रियंका (20) पुत्री रण सिंह, निशा (18) पुत्री अजीत सिंह, मनोज देवी(45) पत्नी रणवीर, किरन(47) पत्नी संजय नागर, सरिता(28) पत्नी राजू, रोहित(26) पत्नी रमे सिंह सहित कई दर्जन लोग हैपेटाइटिस सी से पीड़ित हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


कुछ का इलाज तो दिल्ली व मेरठ के अस्पताल में चल रहा है, परंतु ज्यादातर ऐसे लोग हैं जो महंगा इलाज कराने में असमर्थ हैं तथा वह देशी इलाज पर ही निर्भर हैं। ग्रामीण व चिकित्सक बीमारी का कारण गांव में प्रदूषित जल को मानते हैं। ग्रामीणों का कहना है कि पास में काली नदी बहतीहै, जिसका पानी दूषित है। 

गांव में गंदे तालाब के कारण हैंडपंपों में भी दूषित पानी आता है। ग्रामीण इसको पीने को मजबूर हैं। सभी लोग आरओ नहीं लगवा सकते। हैपेटाइटिस सी से मृतक नितिन की मां शीला एवं परिजन ने उसकी फोटो दिखाते हुए गम भरी आवाज में बताया कि नितिन का सब जगह इलाज कराया।

लाखों रुपया खर्च किया, परंतु उसे बचाया नहीं जा सका। परिजनों का कहना है कि गांव में प्रदूषित जल का समाधान जब तक नहीं होता, तब तक ऐसे ही लोगों की जान जाती रहेगी।

ग्राम प्रधान कपिल खारी ने बताया कि बड़ी संख्या में लोग हैपेटाइटिस सी से पीड़ित हैं। एक मौत भी हो चुकी है तथा दो मौत कैंसर से हुई हैं। इसका कारण प्रदूषित पानी है। जिसका कारण गांव के तालाब के गंदे पानी की निकासी का कोई साधन नहीं है।

काली नदी से भी हैंडपंपों का पानी प्रभावित हुआ है। गांव में सरकारी स्तर पर कोई स्वास्थ्य शिविर आयोजित नहीं किया गया है। 27 में से 24 इंडिया मार्का नलों से दूषित, रंगीन-बदबूदार पानी निकल रहा है।

तीन नलों को रीबोर कराकर गहरा कराया गया है, उनसे साफ पानी निकल रहा है। दो साल पहले जल निगम ने नलों के पानी के सैंपल कराए थे, लेकिन बेहद दूषित होने के चलते रिपोर्ट नहीं दी गई। अब गांव में पाइपलाइन पेयजल सप्लाई के प्रयास किए जा रहे हैं।   


शेरपुर में दूषित पानी के कारण कैंसर और हैपेटाइटिस के फैलने की उन्हें जानकारी नहीं हैं। वह गांव में जल्द ही मेडिकल टीम भेजकर जांच कराएंगे कि आखिर बीमारी फैलने का कारण क्या है।
- डॉ. दीपक ओहरी, सीएमओ

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed