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व्यापारी हित की जो करेगा बात, उसी को देंगे वोट
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व्यापारी हित की जो करेगा बात, उसी को देंगे वोट
बुलंदशहर। विधानसभा चुनाव को लेकर व्यापारी सुरक्षा फोरम की वर्चुअल बैठक आयोजित हुई। इसमें व्यापारियों ने विधानसभा चुनाव में व्यापारियों की समस्याओं को घोषणा पत्र में शामिल करने वाले दल को वोट देने का संकल्प लिया।
व्यापारी सुरक्षा फोरम के जिलाध्यक्ष राकेश मित्तल ने बताया कि बीते कुछ साल व्यापारियों के लिए अच्छे नहीं रहे। कभी व्यापारी जीएसटी को लेकर सड़कों पर उतरते दिखे तो कभी कोरोना ने उनके व्यापार धंधे को बिल्कुल बंद कर कमर ही तोड़ दी। देशभर में जीएसटी एक जटिल प्रक्रिया हो गई है। जीएसटी के सरलीकरण के लिए बड़े सेमिनार की आवश्यकता है। प्रदेश में चुनावी माहौल के दौरान प्रत्याशियों के सामने एक प्रस्तावित एजेंडा रखा जाएगा। जिसे घोषणा पत्र में शामिल करने वाले प्रत्याशी या जो व्यापारियों की समस्या को समझ सके, हम ऐसे व्यक्ति को चुनाव में वोट देंगे।
उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल उप्र के जिलाध्यक्ष दीपू गर्ग ने कहा कि स्वच्छ छवि, कर्मठ, ईमानदार, शिक्षित, स्थानीय प्रत्याशी जो कि व्यापारी हित की बात करने वाला और व्यापारी समस्याओं को विधानसभा में रखने वाला हो। साथ ही जातिगत राजनीति से ऊपर उठकर सभी वर्गों का समान रूप से ध्यान रखने वाला हो। व्यापारी अंकित बंसल ने कहा कि क्षेत्रीय विधायक का अपने क्षेत्र के व्यापारियों के प्रति एक दृष्टिकोण होना चाहिए। ताकि वह व्यापारियों की लाभ-हानि देख सके। व्यापारी नेता तरुण अग्रवाल ने कहा कि व्यापारियों से संबंधित सरकारी विभागों की तानाशाही को दूर करने में सक्षम और व्यापारियों के दुख दर्द को समझने वाले प्रत्याशी को चुनना प्राथमिकता होगी।
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बुलंदशहर। विधानसभा चुनाव को लेकर व्यापारी सुरक्षा फोरम की वर्चुअल बैठक आयोजित हुई। इसमें व्यापारियों ने विधानसभा चुनाव में व्यापारियों की समस्याओं को घोषणा पत्र में शामिल करने वाले दल को वोट देने का संकल्प लिया।
व्यापारी सुरक्षा फोरम के जिलाध्यक्ष राकेश मित्तल ने बताया कि बीते कुछ साल व्यापारियों के लिए अच्छे नहीं रहे। कभी व्यापारी जीएसटी को लेकर सड़कों पर उतरते दिखे तो कभी कोरोना ने उनके व्यापार धंधे को बिल्कुल बंद कर कमर ही तोड़ दी। देशभर में जीएसटी एक जटिल प्रक्रिया हो गई है। जीएसटी के सरलीकरण के लिए बड़े सेमिनार की आवश्यकता है। प्रदेश में चुनावी माहौल के दौरान प्रत्याशियों के सामने एक प्रस्तावित एजेंडा रखा जाएगा। जिसे घोषणा पत्र में शामिल करने वाले प्रत्याशी या जो व्यापारियों की समस्या को समझ सके, हम ऐसे व्यक्ति को चुनाव में वोट देंगे।
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उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल उप्र के जिलाध्यक्ष दीपू गर्ग ने कहा कि स्वच्छ छवि, कर्मठ, ईमानदार, शिक्षित, स्थानीय प्रत्याशी जो कि व्यापारी हित की बात करने वाला और व्यापारी समस्याओं को विधानसभा में रखने वाला हो। साथ ही जातिगत राजनीति से ऊपर उठकर सभी वर्गों का समान रूप से ध्यान रखने वाला हो। व्यापारी अंकित बंसल ने कहा कि क्षेत्रीय विधायक का अपने क्षेत्र के व्यापारियों के प्रति एक दृष्टिकोण होना चाहिए। ताकि वह व्यापारियों की लाभ-हानि देख सके। व्यापारी नेता तरुण अग्रवाल ने कहा कि व्यापारियों से संबंधित सरकारी विभागों की तानाशाही को दूर करने में सक्षम और व्यापारियों के दुख दर्द को समझने वाले प्रत्याशी को चुनना प्राथमिकता होगी।
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