{"_id":"58e2986d4f1c1bf0125b45fb","slug":"due-to-the-mid-day-meal-on-the-stove","type":"story","status":"publish","title_hn":"चूल्हे पर मिड-डे मील पकता देखकर भड़के डीएम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चूल्हे पर मिड-डे मील पकता देखकर भड़के डीएम
ब्यूरो/अमर उजाला, बुलंदशहर
Updated Tue, 04 Apr 2017 12:16 AM IST
विज्ञापन
अन्य
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
स्वच्छता अभियान को लेकर अरनिया गांव में औचक निरीक्षण करने पहुंचे डीएम ने प्राथमिक स्कूल में चूल्हे पर बन रहे मिड-डे मील देखकर भड़क गए। उन्होंने हेडमास्टर को फटकार लगाई। उन्होंने बच्चों का खाना गैस चूल्हे पर बनाने की हिदायत दी। इसके अलावा नगर स्थित जेवर अड्डा चौराहा, तिलक पार्क का भी निरीक्षण किया।
पॉटरी नगरी में सफाई व्यवस्था का जायजा लेने डीएम आंजनेय कुमार सिंह और सीडीओ जसजीत कौर सोमवार सुबह पहुंचे। सबसे पहले उन्होंने दाताराम चौक स्थित शहीद की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इसके बाद उन्होंने नगर की सफाई व्यवस्था का जायजा लिया।
विज्ञापन
फिर तिलक पार्क और नगर पालिका परिसर पहुंचे, जहां पालिका परिसर में गंदगी देख डीएम ने नाराजगी जताई। उन्होंने नगर की साफ-सफाई व्यवस्था को लेकर ईओ और चेयरमैन को दिशा-निर्देश दिए। इसके बाद डीएम अरनियां पहुंचे, जहां प्राथमिक स्कूल में बच्चों के मिड-डे मील के तहत रसोईया चूल्हे पर रोटी बनाता दिखाई दिया।
विज्ञापन
इसपर डीएम ने नाराजगी जाहिर की। उन्होंने हेड मास्टर से पूछा कि गैस सिलेंडर का चूल्हा होने के बाद भी ऐसा क्यों हो रहा है। उन्होंने ग्राम प्रधान रजनीश सैनी को हिदायत दी कि गैस चूल्हे पर ही खाना बनाया जाए। इस दौरान एसडीएम राहुल यादव, चेयरमैन हाजी रफीक फड्डा भी मौजूद रहे।
कस्तूरबा गांधी में वसूल रहे सामान की कीमत 3 गुना
कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय में चल रहे फर्जीवाड़े की पोल एसडीएम के निरीक्षण में सोमवार को खुल गई। विद्यालय में प्रयोग होने वाले सामान का बिल तीन गुना वसूला जा रहा था। इसके अलावा विद्यालय में तैनात अध्यापक और कर्मचारी भी गायब मिले। एसडीएम ने कार्रवाई करते हुए अपनी रिपोर्ट डीएम को भेज दी है।
सोमवार दोपहर करीब 12 बजे अनूपशहर एसडीएम भैरपाल सिंह औचक निरीक्षण पर कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय पहुंचे। एसडीएम के निरीक्षण के दौरान बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। विद्यालय में छात्रों के प्रयोग में लाए जा रहे सामान का तीन गुना बिल वसूला जा रहा था।
10 रुपये के टूथपेस्ट के सापेक्ष 37 रुपये बिल वसूला जा रहा था। 10 रुपये के नहाने के साबुन के सापेक्ष 28 रुपये और कपड़े धोने के साबुन के 10 रुपये के स्थान पर 15 रुपये बिल वसूले जा रहे थे। इसके अलावा एक रुपये के शैंपू के सापेक्ष 2.80 रुपये बिल वसूला जा रहा था।
वसूले जा रहे बिल और मौके पर मिले सामान में काफी अंतर मिला। इसके अलावा निरीक्षण के दौरान कई कर्मी गायब मिले। एसडीएम ने अपनी रिपोर्ट जिलाधिकारी को भेज दी है। एसडीएम भैरपाल सिंह ने बताया कि कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय में बड़ा फर्जीवाड़ा किया जा रहा था। अधिक बिल वसूला जा रहा था, जबकि उन पदार्थों की कीमत तीन गुना कम मिली।