{"_id":"57b74d174f1c1b29156ec220","slug":"milk-salt-and-lemon-juice-adulterated","type":"story","status":"publish","title_hn":"दूध, नमक और लैमन जूस मिलावटी","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
दूध, नमक और लैमन जूस मिलावटी
अमर उजाला ब्यूरो/बुलंदशहर
Updated Fri, 19 Aug 2016 11:47 PM IST
विज्ञापन
शुद्धता की कसौटी पर खरा नहीं उतरा दूध
- फोटो : ब्यूरो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दूध, नमक और लैमन जूस जांच में अधोमानक (सब स्टैंडर्ड) पाया गया है। दूध में वसा की मात्रा सामान्य से कम थी। नमक में मिट्टी पिसकर मिलाई गई थी। इसी क्रम में फूड सेफ्टी विभाग की ओर से मिलावटखोरों को नोटिस भेजा गया है।
विज्ञापन
जिले में मिलावटखोरों को जुर्माना और सजा का डर नहीं है। भारी जुर्माने होने के बाद भी मिलावटखोर इस धंधे में लिप्त हैं और आम आदमी की सेहत के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं। शुक्रवार को फूड सेफ्टी विभाग के पास लैब से भेजी की रिपोर्ट में दूध के चार नमूने अधोमानक पाए गए। दूध में वसा की मात्रा सामान्य से कम थी।
विज्ञापन
दूध के नमूने सामान्य दूधियों के यहां से भरे गए थे। ज्योति जलजीरा अलवर राजस्थान की फर्म का लैमन जूस मानक पर खरा नहीं उतरा। लैमन जूस अधोमानक निकला। तत्व ब्रांड का नमक भी सब स्टैंडर्ड पाया गया है। नमक में मिट्टी मिलाई र्गई थी।
विज्ञापन
कुल मिलाकर दूध, नमक और लैमन जूस के छह नमूने मानक पर खरे नहीं उतरे हैं। बता दें कि मार्च माह में फूड सेफ्टी अफसरों ने खाद्य सामग्री के सैंपल प्रयोगशाला जांच के लिए भेजे थे। ऐसे में सवाल यह है कि जब नमक, जूस और दूध जैसी बुनियादी खाद्य सामग्री में मिलावट है तो आदमी कैसे पेट भरे।
रक्षाबंधन पर भरे खाद्य सामग्री के 38 नमूने
रक्षाबंधन पर चलाए गए अभियान में फूड सेफ्टी अफसरों ने 38 नमूने भरे। इनमें 24 नमूने मिठाइयोें के थे। दो नमकीन, किशमिश का एक, कोल्ड ड्रिंक के दो और दूध के सात नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए। डीओ रणधीर सिंह ने बताया कि नमूने प्रयोगशाला भेजे जा चुके हैं। सैंपल रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
जनपद में फूड आइटम का रिकार्ड ठीक नहीं
वित्त वर्ष 2015 मार्च 31 तक जनपद में फूड आइट्मस के 408 सैंपल भरे गए। इनमें 167 नमूने शुद्धता की कसौटी पर पास नहीं हो पाए। 22 फूड आइट्स तो खाने लायक ही नहीं थे। बता दें कि फूड सेफ्टी विभाग ने दूध के कुल 143 सैंपल प्रयोगशाला भेजे थे।
143 में 67 नमूने फेल पाए गए। दूध में वसा समेत कई जरूरी तत्वों की मात्रा कम पाई गई थी। जांच में दूध पाउडर से बना निकला। दूध से बनी मिठाइयों के 17 में से 15 नमूने फेल हो गए थे।