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फर्जी पर्ची पर खरीदा जा रहा था गन्ना
अमर उजाला, बुलंदशहर
Updated Mon, 28 Dec 2015 11:23 PM IST
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गन्ना आयुक्त के निर्देश पर साबितगढ़ शुगर मिल के 12 तौल केंद्रों पर मेरठ और बुलंदशहर के अफसरों की टीम ने छापेमारी की। कई केंद्रों पर फर्जी पर्ची से गन्ने की खरीदारी होते पकड़ी गई।
वहीं, छापेमारी की भनक लगते ही कई केंद्रों के तौल लिपिक भाग खड़े हुए। अफसरों ने घटतौली करने वालों से रिकवरी करने और एफआईआर दर्ज कराने की तैयारी है।
सहकारी गन्ना विकास समिति बुलंदशहर के चेयरमैन सुनील यादव ने सचिव के साथ तीन दिन पहले कई केंद्रों पर घटतौली और फर्जी पर्ची पर गन्ना खरीददारी पकड़ी थी।
उसके बाद उन्होंने शासन से शिकायत की थी। गन्ना आयुक्त लखनऊ के निर्देश पर सोमवार को उप गन्ना आयुक्त मेरठ मंडल हरपाल सिंह की अगुवाई में मेरठ की कई समितियों के सचिवों की टीम ने बुलंदशहर के गन्ना अफसरों को साथ लेकर साबितगढ़ शुगर मिल के करीब एक दर्जन तौल केंद्रों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की और गन्ना तौल में घटतौली आदि गड़बड़ी का सच जाना।
केंद्रों पर गन्ने की घटतौली पकड़ी गई। फर्जी पर्चियां भी मिली। फर्जी पर्चियों से गन्ने की खरीद की जा रही थी। ऐसी पर्चियां भी सामने आई जिन पर पर गन्ना सहकारी समिति की मुहर ही नहीं थी।
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समिति चेयरमैन सुनील यादव ने बकाया कि धमैड़ा में तौल केंद्र पर ढाई प्रतिशत और गंगेरूआं में 10 प्रतिशत की घटतौली पकड़ी गई। मिल के गेट पर भी घटतौली मिली।
उन्होंने बताया कि जाहिदपुर, मीरपुर, अरनिया, हजरतपुर पूठरी, कमालपुर आदि जगह से तौल लिपिक भाग खड़े हुए। वहीं, गन्ना उपायुक्त हरपाल सिंह ने गन्ना आयुक्त को निरीक्षण रिपोर्ट भेज दी है।
जिन केंद्रों पर गड़बड़ी मिली है वह सभी साबितगढ़ शुगर मिल के केंद्र हैं। इसलिए मिल के खिलाफ कार्रवाई के लिए उपायुक्त ने आयुक्त से अनुमति मांगी है।
जिला गन्ना अधिकारी एपी सिंह ने बताया कि तौल केंद्र पर घटतौली की रिकवरी की जाएगी। चेयरमैन का कहना है कि कानूनी राय लेकर एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। कर्मचारियों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई कर उनको नौकरी से निकाला जाएगा।
जिले की मशीनरी शांत, क्यो?
गन्ना घटतौली पर जिले की मशीनरी शांत है। अब तक प्रशासन ने एक केंद्र पर भी घटतौली की जांच नहीं कराई है। बता दें कि गन्ना खरीद की निगरानी जिला प्रशासन के हाथ में होती है।
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वहीं, छापेमारी की भनक लगते ही कई केंद्रों के तौल लिपिक भाग खड़े हुए। अफसरों ने घटतौली करने वालों से रिकवरी करने और एफआईआर दर्ज कराने की तैयारी है।
सहकारी गन्ना विकास समिति बुलंदशहर के चेयरमैन सुनील यादव ने सचिव के साथ तीन दिन पहले कई केंद्रों पर घटतौली और फर्जी पर्ची पर गन्ना खरीददारी पकड़ी थी।
उसके बाद उन्होंने शासन से शिकायत की थी। गन्ना आयुक्त लखनऊ के निर्देश पर सोमवार को उप गन्ना आयुक्त मेरठ मंडल हरपाल सिंह की अगुवाई में मेरठ की कई समितियों के सचिवों की टीम ने बुलंदशहर के गन्ना अफसरों को साथ लेकर साबितगढ़ शुगर मिल के करीब एक दर्जन तौल केंद्रों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की और गन्ना तौल में घटतौली आदि गड़बड़ी का सच जाना।
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केंद्रों पर गन्ने की घटतौली पकड़ी गई। फर्जी पर्चियां भी मिली। फर्जी पर्चियों से गन्ने की खरीद की जा रही थी। ऐसी पर्चियां भी सामने आई जिन पर पर गन्ना सहकारी समिति की मुहर ही नहीं थी।
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समिति चेयरमैन सुनील यादव ने बकाया कि धमैड़ा में तौल केंद्र पर ढाई प्रतिशत और गंगेरूआं में 10 प्रतिशत की घटतौली पकड़ी गई। मिल के गेट पर भी घटतौली मिली।
उन्होंने बताया कि जाहिदपुर, मीरपुर, अरनिया, हजरतपुर पूठरी, कमालपुर आदि जगह से तौल लिपिक भाग खड़े हुए। वहीं, गन्ना उपायुक्त हरपाल सिंह ने गन्ना आयुक्त को निरीक्षण रिपोर्ट भेज दी है।
जिन केंद्रों पर गड़बड़ी मिली है वह सभी साबितगढ़ शुगर मिल के केंद्र हैं। इसलिए मिल के खिलाफ कार्रवाई के लिए उपायुक्त ने आयुक्त से अनुमति मांगी है।
जिला गन्ना अधिकारी एपी सिंह ने बताया कि तौल केंद्र पर घटतौली की रिकवरी की जाएगी। चेयरमैन का कहना है कि कानूनी राय लेकर एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। कर्मचारियों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई कर उनको नौकरी से निकाला जाएगा।
जिले की मशीनरी शांत, क्यो?
गन्ना घटतौली पर जिले की मशीनरी शांत है। अब तक प्रशासन ने एक केंद्र पर भी घटतौली की जांच नहीं कराई है। बता दें कि गन्ना खरीद की निगरानी जिला प्रशासन के हाथ में होती है।