{"_id":"5bc4dab2bdec2269695d8acf","slug":"15396276696-bulandshahr-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के आदेशों का उल्लंघन, मिलों में नहीं हैं डिस्टलरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के आदेशों का उल्लंघन, मिलों में नहीं हैं डिस्टलरी
Updated Mon, 15 Oct 2018 11:51 PM IST
विज्ञापन
प्रदूषण
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के आदेशों का उल्लंघन, मिलों में नहीं हैं डिस्टलरी
बुलंदशहर। जिले की चारों चीनी मिलों में डिस्टलरी नहीं हैं। प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के नोटिस के बाद भी मिल डिस्टलरी शीरा प्रबंधन का इंतजाम न कर आदेशों का भी उल्लंघना कर रही हैं। चार माह पूर्व जारी किए गए नोटिस के बाद भी मिल प्रबंधन गंभीर नहीं हैं।
जिले में अनूपशहर, अनामिका, साबितगढ़ और वेव कुल चार चीनी मिल संचालित हैं। चीनी मिलों में गन्ना पेराई के दौरान चीनी के अलावा शीरा भी बनता है। शीरा को सुरक्षित रखना जरूरी होता है। यदि शीरा भंडार की व्यापक व्यवस्था नहीं है तो उसकी क्वालिटी भी गिर जाती है। साथ ही उससे उठने वाली बदबू से वातावरण भी दूषित होता है। इससे बचने के लिए चीनी मिल में डिस्टलरी का होना भी जरूरी है। इसे देखते हुए बोर्ड की ओर से करीब चार माह पूर्व जिले की सभी मिलों को नोटिस जारी कर शीरा भंडार के लिए मानक पूरे करने के साथ डिस्टलरी की व्यवस्था करवाने के आदेश जारी किए थे। इतना समय बीत जाने के बाद भी मिल प्रबंधन प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के आदेशों की उल्लंघन कर रहे हैं। गन्ना पेराई सत्र नजदीक है और अभी तक किसी भी मिल में मानक पूरा होना तो दूर की बात। डिस्टलरी लगाने की जहमत नहीं उठाई है। इसके चलते इस बार भी पूर्व की भांति शीरा खुले मैदान में एकत्रित होगा और समय पर उसका उठान नहीं किया गया तो पर्यावरण को भी दूषित करेगा।
कोट
जिले की सभी चीनी मिलों को शीरा भंडारण के साथ प्रदूषण के मानक पूरा करने और डिस्टलरी संचालित करने के लिए चार माह पूर्व नोटिस जारी किए गए थे। लेकिन अभी तक किसी भी मिल ने आदेशों का पालन नहीं किया है। जल्द ही एक बार फिर मिलों को नोटिस जारी कर चेतावनी दी जाएगी। - आशुतोष चौहान, सहायक अभियंता, क्षेत्रीय प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड
विज्ञापन
मिल में डिस्टलरी लगवाने के लिए एनओसी ले ली है। डिस्टलरी लगवाने का काम जल्द शुरू हो जाएगा। इसके लिए लगभग सभी तैयारी पूरी कर ली गई हैं। शीरा प्रबंधन के लिए भी व्यापक इंतजाम किए जा रहे हैं। - नरेश पाल, जीएम, साबितगढ़ चीनी मिल।
मिल में डिस्टलरी लगवाने और प्रदूषण के मानक पूरा करने के लिए तैयारी की जा रही है। शीरा प्रबंधन के इंतजाम कर लिए हैं। शीरा का समय पर उठान करवाकर प्रदूषण नहीं होने दिया जाएगा। - अमित गर्ग, सेल्स आफिसर, अनामिका चीनी मिल।
प्रदेश सरकार के आदेश पर मिल की बंद पड़ी डिस्टलरी को चलाने पर काम तेजी से चल रहा है। जल्द ही इसका संचालन कर शीरा प्रबंधन के इंतजाम कर लिए जाएंगे। बोर्ड के आदेशों का पालन किया जाएगा। - एसकेएस चौहान, महाप्रबंधक, अनूपशहर चीनी मिल।
वेव शुगर मिल को डिस्टलरी चलाने के साथ प्रदूूूषण कंट्रोल बोर्ड के आदेशों का पालन करने के आदेश जारी कर दिए हैं। साथ ही मिल को समय पर चलाने के भी निर्देश पूर्व में जारी किए जा चुके हैं। - डीके सैनी, जिला गन्ना अधिकारी, बुलंदशहर।
विज्ञापन
बुलंदशहर। जिले की चारों चीनी मिलों में डिस्टलरी नहीं हैं। प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के नोटिस के बाद भी मिल डिस्टलरी शीरा प्रबंधन का इंतजाम न कर आदेशों का भी उल्लंघना कर रही हैं। चार माह पूर्व जारी किए गए नोटिस के बाद भी मिल प्रबंधन गंभीर नहीं हैं।
जिले में अनूपशहर, अनामिका, साबितगढ़ और वेव कुल चार चीनी मिल संचालित हैं। चीनी मिलों में गन्ना पेराई के दौरान चीनी के अलावा शीरा भी बनता है। शीरा को सुरक्षित रखना जरूरी होता है। यदि शीरा भंडार की व्यापक व्यवस्था नहीं है तो उसकी क्वालिटी भी गिर जाती है। साथ ही उससे उठने वाली बदबू से वातावरण भी दूषित होता है। इससे बचने के लिए चीनी मिल में डिस्टलरी का होना भी जरूरी है। इसे देखते हुए बोर्ड की ओर से करीब चार माह पूर्व जिले की सभी मिलों को नोटिस जारी कर शीरा भंडार के लिए मानक पूरे करने के साथ डिस्टलरी की व्यवस्था करवाने के आदेश जारी किए थे। इतना समय बीत जाने के बाद भी मिल प्रबंधन प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के आदेशों की उल्लंघन कर रहे हैं। गन्ना पेराई सत्र नजदीक है और अभी तक किसी भी मिल में मानक पूरा होना तो दूर की बात। डिस्टलरी लगाने की जहमत नहीं उठाई है। इसके चलते इस बार भी पूर्व की भांति शीरा खुले मैदान में एकत्रित होगा और समय पर उसका उठान नहीं किया गया तो पर्यावरण को भी दूषित करेगा।
विज्ञापन
कोट
जिले की सभी चीनी मिलों को शीरा भंडारण के साथ प्रदूषण के मानक पूरा करने और डिस्टलरी संचालित करने के लिए चार माह पूर्व नोटिस जारी किए गए थे। लेकिन अभी तक किसी भी मिल ने आदेशों का पालन नहीं किया है। जल्द ही एक बार फिर मिलों को नोटिस जारी कर चेतावनी दी जाएगी। - आशुतोष चौहान, सहायक अभियंता, क्षेत्रीय प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड
विज्ञापन
मिल में डिस्टलरी लगवाने के लिए एनओसी ले ली है। डिस्टलरी लगवाने का काम जल्द शुरू हो जाएगा। इसके लिए लगभग सभी तैयारी पूरी कर ली गई हैं। शीरा प्रबंधन के लिए भी व्यापक इंतजाम किए जा रहे हैं। - नरेश पाल, जीएम, साबितगढ़ चीनी मिल।
मिल में डिस्टलरी लगवाने और प्रदूषण के मानक पूरा करने के लिए तैयारी की जा रही है। शीरा प्रबंधन के इंतजाम कर लिए हैं। शीरा का समय पर उठान करवाकर प्रदूषण नहीं होने दिया जाएगा। - अमित गर्ग, सेल्स आफिसर, अनामिका चीनी मिल।
प्रदेश सरकार के आदेश पर मिल की बंद पड़ी डिस्टलरी को चलाने पर काम तेजी से चल रहा है। जल्द ही इसका संचालन कर शीरा प्रबंधन के इंतजाम कर लिए जाएंगे। बोर्ड के आदेशों का पालन किया जाएगा। - एसकेएस चौहान, महाप्रबंधक, अनूपशहर चीनी मिल।
वेव शुगर मिल को डिस्टलरी चलाने के साथ प्रदूूूषण कंट्रोल बोर्ड के आदेशों का पालन करने के आदेश जारी कर दिए हैं। साथ ही मिल को समय पर चलाने के भी निर्देश पूर्व में जारी किए जा चुके हैं। - डीके सैनी, जिला गन्ना अधिकारी, बुलंदशहर।