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कागजों में अनमीटर्ड से मीटर्ड किए जा रहे बिजली उपभोक्ता
Updated Tue, 02 Oct 2018 11:57 PM IST
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कागजों में अनमीटर्ड से मीटर्ड किए जा रहे बिजली उपभोक्ता
बुलंदशहर। बिजली विभाग में कागजों में ही बिजली उपभोक्ताओं को अनमीटर्ड से मीटर्ड किए जा रहे हैं। शासन के निर्देश पर जिले में करीब 4 लाख अनमीटर्ड से मीटर्ड किए जा चुके उपभोक्ताओं की दीवारों पर मीटर तो टांगने की प्रक्रिया चल रही है, लेकिन उन्हें ऊर्जीकृत नहीं किया जा सका है। हजारों रुपये का फर्जी बिल भेजा जा रहा है जिसे ठीक करवाने के लिए उपभोक्ताओं को कार्यालय के चक्कर काटने पड़ रहे हैं।
शासन ने बिजली के दुरुपयोग रोकने के लिए अनमीटर्ड उपभोक्ताओं को मीटर्ड करने के निर्देश दिए थे। इसके लिए शासन ने विभिन्न कंपनियों व ठेकेदारों को कार्य करने का देकर लक्ष्य निर्धारित करते हुए मीटर लगाने और चालू करने के निर्देश दिए थे। करीब छह माह पूर्व शासन के निर्देश पर अफसरों ने मीटर लगाने की प्रक्रिया शुरू कराई थी। जिले में करीब चार लाख अनमीटर्ड उपभोक्ताओं के घरों में मीटर लगाने की प्रक्रिया अभी भी चल रही है, लेकिन केवल मीटरों को दीवारों पर टांगकर ही छोड़ दिया जा रहा है। जबकि नियमानुसार मीटर लगाने के बाद उनमें बिजली सप्लाई भी चालू की जानी थी, लेकिन अफसरों की लापरवाही के चलते लोगों को काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है। मीटर लगाने के बाद विभागीय दस्तावेजों में मीटर चालू दर्शा दिए गए, जबकि मौके पर मीटरों में अभी तक बिजली भी नहीं पहुंची है। इसके बाद भी उपभोक्ताओं को फर्जी तरीके से हजारों रुपये के बिल बनाकर भेजे जा रहे हैं। जिसके बाद परेशान उपभोक्ता इन बिलों को लेकर विभागीय अफसरों के दफ्तरों के चक्कर काटने के लिए मजबूर हैं।
करीब 60 फीसदी मीटर नहीं हुए चालू
जिले के करीब चार लाख उपभोक्ताओं के घरों में मीटर लगाने की कार्रवाई की जा रही है। दो लाख से अधिक मीटर लगाए भी जा चुके हैं, लेकिन इनमें से 60 फीसदी से अधिक बिजली के मीटरों को चालू भी नहीं किया जा सका है। जबकि अफसरों ने दस्तावेजों में अधिकतर मीटरों को चालू दर्शाकर शासन को रिपोर्ट भेजी है।
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बोले लोग
बिजली विभाग के कर्मचारी दो माह पूर्व मीटर देकर चले गए थे। उन्होंने स्वत: ही मीटर लगाने के लिए कहा था। बिना बिजली कनेक्शन के मुझे 27 हजार 557 रुपये का बिल भेजा गया है। जिससे परिवार के लोग परेशान हैं। - रिसासत खां, निवासी गांव भमरा
घर में बिजली विभाग द्वारा मीटर लगा दिया गया है। अभी तक सप्लाई चालू नहीं की है। इसके बाद भी गत माह में 38 हजार रुपये का बिल बनाकर भेज दिया गया है। बाबू खां, निवासी गांव भमरा
करीब पांच वर्ष पूर्व बिजली का कनेक्शन लिया था। जनवरी माह में कर्मचारियों ने बिजली का मीटर लगा दिया था। जिसके बाद से आज तक मीटर को चालू नहीं किाय गया है। - राजकुमार शर्मा, निवासी गांव कैलावन
करीब 20 वर्ष पूर्व कनेक्शन लिया था। जनवरी माह में मीटर लगाने की कार्रवाई की गई थी। मीटर लगाने के बाद न कोई रसीद दी गई और न ही मीटर चालू किया गया। कई बार मीटर चालू करने की गुहार लगाई है, लेकिन अभी तक मीटर चालू नहीं किया गया है। - मुरारी लाल शर्मा, निवासी गांव कैलावन
दो वर्ष पूर्व बिजली का कनेक्शन लिया गया था। जिसके बाद करीब चार माह पहले घर की दीवार पर मीटर लगाया गया था। आज तक मीटर को चालू नहीं किया गया है। - रौदास, निवासी गांव डूंगरा जोगी
आठ वर्ष पूर्व बिजली का कनेक्शन लिया गया था। करीब एक वर्ष पूर्व बिजली कर्मचारियों ने मीटर लगाया था। आज तक मीटर जस की तस स्थिति में टंगा हुआ है। कई बार कहने के बाद भी मीटर चालू नहीं किया गया है। - रामश्री, निवासी गांव डूंगरा जोगी
कोट -
उपभोक्ताओं को अनमीटर्ड से मीटर्ड करने के लिए तेज गति से कार्य चल रहा है। बड़ी संख्या में मीटर चालू न करने की शिकायत मिली हैं। अफसरों की टीम भेजकर गांवों में मीटर चालू कराए जा रहे हैं। शीघ्र ही सभी मीटरों को चालू करा दिया जाएगा। - आरपीएस तोमर, चीफ इंजीनियर पावर कॉरपोरेशन
बुलंदशहर। बिजली विभाग में कागजों में ही बिजली उपभोक्ताओं को अनमीटर्ड से मीटर्ड किए जा रहे हैं। शासन के निर्देश पर जिले में करीब 4 लाख अनमीटर्ड से मीटर्ड किए जा चुके उपभोक्ताओं की दीवारों पर मीटर तो टांगने की प्रक्रिया चल रही है, लेकिन उन्हें ऊर्जीकृत नहीं किया जा सका है। हजारों रुपये का फर्जी बिल भेजा जा रहा है जिसे ठीक करवाने के लिए उपभोक्ताओं को कार्यालय के चक्कर काटने पड़ रहे हैं।
शासन ने बिजली के दुरुपयोग रोकने के लिए अनमीटर्ड उपभोक्ताओं को मीटर्ड करने के निर्देश दिए थे। इसके लिए शासन ने विभिन्न कंपनियों व ठेकेदारों को कार्य करने का देकर लक्ष्य निर्धारित करते हुए मीटर लगाने और चालू करने के निर्देश दिए थे। करीब छह माह पूर्व शासन के निर्देश पर अफसरों ने मीटर लगाने की प्रक्रिया शुरू कराई थी। जिले में करीब चार लाख अनमीटर्ड उपभोक्ताओं के घरों में मीटर लगाने की प्रक्रिया अभी भी चल रही है, लेकिन केवल मीटरों को दीवारों पर टांगकर ही छोड़ दिया जा रहा है। जबकि नियमानुसार मीटर लगाने के बाद उनमें बिजली सप्लाई भी चालू की जानी थी, लेकिन अफसरों की लापरवाही के चलते लोगों को काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है। मीटर लगाने के बाद विभागीय दस्तावेजों में मीटर चालू दर्शा दिए गए, जबकि मौके पर मीटरों में अभी तक बिजली भी नहीं पहुंची है। इसके बाद भी उपभोक्ताओं को फर्जी तरीके से हजारों रुपये के बिल बनाकर भेजे जा रहे हैं। जिसके बाद परेशान उपभोक्ता इन बिलों को लेकर विभागीय अफसरों के दफ्तरों के चक्कर काटने के लिए मजबूर हैं।
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करीब 60 फीसदी मीटर नहीं हुए चालू
जिले के करीब चार लाख उपभोक्ताओं के घरों में मीटर लगाने की कार्रवाई की जा रही है। दो लाख से अधिक मीटर लगाए भी जा चुके हैं, लेकिन इनमें से 60 फीसदी से अधिक बिजली के मीटरों को चालू भी नहीं किया जा सका है। जबकि अफसरों ने दस्तावेजों में अधिकतर मीटरों को चालू दर्शाकर शासन को रिपोर्ट भेजी है।
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बिजली विभाग के कर्मचारी दो माह पूर्व मीटर देकर चले गए थे। उन्होंने स्वत: ही मीटर लगाने के लिए कहा था। बिना बिजली कनेक्शन के मुझे 27 हजार 557 रुपये का बिल भेजा गया है। जिससे परिवार के लोग परेशान हैं। - रिसासत खां, निवासी गांव भमरा
घर में बिजली विभाग द्वारा मीटर लगा दिया गया है। अभी तक सप्लाई चालू नहीं की है। इसके बाद भी गत माह में 38 हजार रुपये का बिल बनाकर भेज दिया गया है। बाबू खां, निवासी गांव भमरा
करीब पांच वर्ष पूर्व बिजली का कनेक्शन लिया था। जनवरी माह में कर्मचारियों ने बिजली का मीटर लगा दिया था। जिसके बाद से आज तक मीटर को चालू नहीं किाय गया है। - राजकुमार शर्मा, निवासी गांव कैलावन
करीब 20 वर्ष पूर्व कनेक्शन लिया था। जनवरी माह में मीटर लगाने की कार्रवाई की गई थी। मीटर लगाने के बाद न कोई रसीद दी गई और न ही मीटर चालू किया गया। कई बार मीटर चालू करने की गुहार लगाई है, लेकिन अभी तक मीटर चालू नहीं किया गया है। - मुरारी लाल शर्मा, निवासी गांव कैलावन
दो वर्ष पूर्व बिजली का कनेक्शन लिया गया था। जिसके बाद करीब चार माह पहले घर की दीवार पर मीटर लगाया गया था। आज तक मीटर को चालू नहीं किया गया है। - रौदास, निवासी गांव डूंगरा जोगी
आठ वर्ष पूर्व बिजली का कनेक्शन लिया गया था। करीब एक वर्ष पूर्व बिजली कर्मचारियों ने मीटर लगाया था। आज तक मीटर जस की तस स्थिति में टंगा हुआ है। कई बार कहने के बाद भी मीटर चालू नहीं किया गया है। - रामश्री, निवासी गांव डूंगरा जोगी
कोट -
उपभोक्ताओं को अनमीटर्ड से मीटर्ड करने के लिए तेज गति से कार्य चल रहा है। बड़ी संख्या में मीटर चालू न करने की शिकायत मिली हैं। अफसरों की टीम भेजकर गांवों में मीटर चालू कराए जा रहे हैं। शीघ्र ही सभी मीटरों को चालू करा दिया जाएगा। - आरपीएस तोमर, चीफ इंजीनियर पावर कॉरपोरेशन