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बिजली के 50 खंभे टूटने चार दर्जन गांवों की विद्युत आपूर्ति ठप
Updated Wed, 04 Jul 2018 11:13 PM IST
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50 खंभे टूटे, चार दर्जन गांवों की बिजली गुल
- मंगलवार रात आंधी-बारिश के बाद अब तक बहाल नहीं हो सकी आपूर्ति
- बिजली गुल होने से धान की रोपाई हो रही है प्रभावित
अमर उजाला ब्यूरो
औरंगाबाद। आंधी-बारिश ने मंगलवार रात क्षेत्र में जमकर कहर बरपाया। तीन बिजलीघर क्षेत्र में करीब 50 से अधिक बिजली के पोल और ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त हो गए। इससे चार दर्जन से अधिक गांवों में बिजली आपूर्ति ठप हो गई। बिजली गुल होने से धान की रोपाई पूरी तरह से प्रभावित हो गई है।
मंगलवार देर रात करीब एक बजे तेज तूफान के साथ आई बारिश से बालका, मैथना जगतपुर और जाड़ौल बिजलीघर क्षेत्र में करीब 50 से अधिक बिजली के खंभे टूटकर जमीन पर गिर पड़े और ट्रांसफार्मर व लाइनें पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई हैं। बालका बिजलीघर क्षेत्र में तो तीन ट्रांसफार्मर भी जमीन पर गिरने और जाड़ौल बिजलीघर पर लगे दस एमबीए के ट्रांसफार्मर की बुशिंग जलने की सूचना है। तीनों बिजलीघर क्षेत्र के करीब चार दर्जन से अधिक गांवों की विद्युत आपूर्ति पूरी तरह से ठप हो गई है। इससे किसानों के समक्ष धान की रोपाई का संकट खड़ा हो गया है। विद्युत आपूर्ति ठप होने और नहर रजवाहों में पानी न आने से किसानों के सामने परेशानी बनी हुई है। मैथना बिजलीघर के जेई अमित राय का कहना है कि आंधी से क्षतिग्रस्त हुई लाइनों और बिजली के खंभों की मरम्मत के लिए सभी कर्मचारी लगे हुए हैं। लाइनों की मरम्मत होने के बाद आपूर्ति को सुचारु कर दिया जाएगा।
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- मंगलवार रात आंधी-बारिश के बाद अब तक बहाल नहीं हो सकी आपूर्ति
- बिजली गुल होने से धान की रोपाई हो रही है प्रभावित
अमर उजाला ब्यूरो
औरंगाबाद। आंधी-बारिश ने मंगलवार रात क्षेत्र में जमकर कहर बरपाया। तीन बिजलीघर क्षेत्र में करीब 50 से अधिक बिजली के पोल और ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त हो गए। इससे चार दर्जन से अधिक गांवों में बिजली आपूर्ति ठप हो गई। बिजली गुल होने से धान की रोपाई पूरी तरह से प्रभावित हो गई है।
मंगलवार देर रात करीब एक बजे तेज तूफान के साथ आई बारिश से बालका, मैथना जगतपुर और जाड़ौल बिजलीघर क्षेत्र में करीब 50 से अधिक बिजली के खंभे टूटकर जमीन पर गिर पड़े और ट्रांसफार्मर व लाइनें पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई हैं। बालका बिजलीघर क्षेत्र में तो तीन ट्रांसफार्मर भी जमीन पर गिरने और जाड़ौल बिजलीघर पर लगे दस एमबीए के ट्रांसफार्मर की बुशिंग जलने की सूचना है। तीनों बिजलीघर क्षेत्र के करीब चार दर्जन से अधिक गांवों की विद्युत आपूर्ति पूरी तरह से ठप हो गई है। इससे किसानों के समक्ष धान की रोपाई का संकट खड़ा हो गया है। विद्युत आपूर्ति ठप होने और नहर रजवाहों में पानी न आने से किसानों के सामने परेशानी बनी हुई है। मैथना बिजलीघर के जेई अमित राय का कहना है कि आंधी से क्षतिग्रस्त हुई लाइनों और बिजली के खंभों की मरम्मत के लिए सभी कर्मचारी लगे हुए हैं। लाइनों की मरम्मत होने के बाद आपूर्ति को सुचारु कर दिया जाएगा।
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