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आईटीआई की छूटी परीक्षा को दोबारा करवाने की मांग
Updated Tue, 08 Aug 2017 11:20 PM IST
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आईटीआई की छूटी परीक्षा को दोबारा करवाने की मांग
- महाराजा अग्रसेन के छात्रों ने डीएम से लगाई परीक्षा करवाने की गुहार
- तीन अगस्त को आईटीआई की परीक्षा में शामिल नहीं हो पाए थे विद्यार्थी
अमर उजाला ब्यूरो
बुलंदशहर। आईटीआई की परीक्षा से वंचित रहे छात्रों ने डीएम से दोबारा करवाने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि उनकी परीक्षा नहीं हुई तो एक साल बर्बाद हो जाएगा। छात्रों ने चेतावनी दी है कि यदि कोई ठोस निर्णय नहीं लिया तो छात्र धरना-प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।
महाराजा अग्रसेन ऑफ हायर एजूकेशन कॉलेज के छात्र राजू सिंह, मुजामिल हनीफ, सन्नी, मोंटू, वीरपाल, किरनपाल और हेमपाल आदि छात्र नेता शिव कुमार लोधी के साथ मंगलवार को डीएम कार्यालय पहुंचे। उन्होंने डीएम को दिए पत्र के माध्यम से अवगत करवाया कि तीन अगस्त को उनकी आईटीआई द्वितीय सेमेस्टर की परीक्षा थी। कॉलेज से संपर्क करने पर बताया गया कि उनका सेंटर डीएवी इंटर कॉलेज में बने परीक्षा केंद्र में है। जब वह परीक्षा देने समय पर परीक्षा केंद्र पहुंचे तो वहां उनके रोल नंबर सीट नहीं थी। उन्होंने अपने अध्यापक से संपर्क किया तो बताया कि उनका सेंटर डीएन इंटर कॉलेज गुलावठी में है। परीक्षा सेंटर को लेकर उन्हें गुमराह किया गया और 12.30 बजे तक सेंटर नहीं बताया। इतना ही नहीं उन्हें दो और कॉलेज में भी परीक्षा होने की बात कही। मगर, वहां भी उनका परीक्षा सेंटर नहीं था। आखिर में वह डीएन इंटर कॉलेज गुलावठी में दोपहर बाद 1.15 बजे पहुंचे तो पता चला कि उनका सेंटर इसी परीक्षा केंद्र में है। पेपर संपन्न होने में 15 मिनट का समय है। वह परीक्षा देने बैठ गए। मगर, समय पूरा होने पर उनकी कॉपी छीन ली गई। छात्रों ने डीएम को पत्र देकर परीक्षा दोबारा करवाने और परीक्षा सेंटर समय पर नहीं बताने वालों पर कार्रवाई की मांग की है। उधर, आईटीआई की परीक्षा के नोडल अधिकारी योगेश कुमार का कहना है कि इस मामले में शिकायत करने वाले छात्रों के कॉलेज की गलती रही है। यदि वह समय से पहले छात्रों को परीक्षा सेंटर की जानकारी दे देते तो यह समस्या नहीं आती। वह इस बारे में उच्च अधिकारियों को पत्र लिखकर समस्या का निदान करवाने का प्रयास करेंगे।
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- महाराजा अग्रसेन के छात्रों ने डीएम से लगाई परीक्षा करवाने की गुहार
- तीन अगस्त को आईटीआई की परीक्षा में शामिल नहीं हो पाए थे विद्यार्थी
अमर उजाला ब्यूरो
बुलंदशहर। आईटीआई की परीक्षा से वंचित रहे छात्रों ने डीएम से दोबारा करवाने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि उनकी परीक्षा नहीं हुई तो एक साल बर्बाद हो जाएगा। छात्रों ने चेतावनी दी है कि यदि कोई ठोस निर्णय नहीं लिया तो छात्र धरना-प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।
महाराजा अग्रसेन ऑफ हायर एजूकेशन कॉलेज के छात्र राजू सिंह, मुजामिल हनीफ, सन्नी, मोंटू, वीरपाल, किरनपाल और हेमपाल आदि छात्र नेता शिव कुमार लोधी के साथ मंगलवार को डीएम कार्यालय पहुंचे। उन्होंने डीएम को दिए पत्र के माध्यम से अवगत करवाया कि तीन अगस्त को उनकी आईटीआई द्वितीय सेमेस्टर की परीक्षा थी। कॉलेज से संपर्क करने पर बताया गया कि उनका सेंटर डीएवी इंटर कॉलेज में बने परीक्षा केंद्र में है। जब वह परीक्षा देने समय पर परीक्षा केंद्र पहुंचे तो वहां उनके रोल नंबर सीट नहीं थी। उन्होंने अपने अध्यापक से संपर्क किया तो बताया कि उनका सेंटर डीएन इंटर कॉलेज गुलावठी में है। परीक्षा सेंटर को लेकर उन्हें गुमराह किया गया और 12.30 बजे तक सेंटर नहीं बताया। इतना ही नहीं उन्हें दो और कॉलेज में भी परीक्षा होने की बात कही। मगर, वहां भी उनका परीक्षा सेंटर नहीं था। आखिर में वह डीएन इंटर कॉलेज गुलावठी में दोपहर बाद 1.15 बजे पहुंचे तो पता चला कि उनका सेंटर इसी परीक्षा केंद्र में है। पेपर संपन्न होने में 15 मिनट का समय है। वह परीक्षा देने बैठ गए। मगर, समय पूरा होने पर उनकी कॉपी छीन ली गई। छात्रों ने डीएम को पत्र देकर परीक्षा दोबारा करवाने और परीक्षा सेंटर समय पर नहीं बताने वालों पर कार्रवाई की मांग की है। उधर, आईटीआई की परीक्षा के नोडल अधिकारी योगेश कुमार का कहना है कि इस मामले में शिकायत करने वाले छात्रों के कॉलेज की गलती रही है। यदि वह समय से पहले छात्रों को परीक्षा सेंटर की जानकारी दे देते तो यह समस्या नहीं आती। वह इस बारे में उच्च अधिकारियों को पत्र लिखकर समस्या का निदान करवाने का प्रयास करेंगे।
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