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अब ओडीएफ की अलख जगाने को अफसर डालेंगे गांवों में डेरा
Updated Sat, 08 Jul 2017 12:39 AM IST
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ओडीएफ की अलख जगाने को अफसर डालेंगे गांवों में डेरा
प्रशासन ने जिले को शतप्रतिशत खुले में शौच मुक्त (ओडीएफ) करने के लिए एक विशेष योजना बनाई गई है। इसके लिए ग्रामीणों में अलख जगाने को गांवों में अफसर डेरा डालेंगे।
इस कार्य में वॉलेंटियर भी नियुक्त कर उनका सहयोग लिया जाएगा। वह एक गांव में लगातार पांच दिन तक निगरानी के साथ ग्रामीणों को खुले में शौच न करने की अपील करेंगे। इस कार्य को सफल बनाने के लिए टीम बनाने की तैयारी शुरू हो गई है।
स्वच्छ भारत मिशन और नमामि गंगे योजना के तहत जिले में शौचालय निर्माण के साथ ग्रामीणों को खुले में शौच न करने के लिए प्रेरित करने का काम किया जा रहा है।
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जिले को वर्ष 2018 तक खुले में शौच मुक्त और घर-घर शौचालय बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। अब नए डीपीआरओ ने गांवों को ओडीएफ मुक्त करने के लिए विशेष योजना बनाई है।
इसके तहत अफसर गांव में डेरा डालकर वॉलेंटियर की मदद से लोगों को खुले में शौच न करने की अपील करेंगे।
डीपीआरओ अमरजीत सिंह ने बताया कि उन्होंने जिले के सभी गांवों को जल्द से जल्द ओडीएफ करने और ग्रामीणों को घर-घर शौचालय बनाने के लिए प्रेरित करने को गांवों में पांच दिन तक विशेष कार्यक्रम चलाया जाएगा। इस कार्य में वॉलेंटियर का भी सहयोग लिया जाएगा।
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प्रशासन ने जिले को शतप्रतिशत खुले में शौच मुक्त (ओडीएफ) करने के लिए एक विशेष योजना बनाई गई है। इसके लिए ग्रामीणों में अलख जगाने को गांवों में अफसर डेरा डालेंगे।
इस कार्य में वॉलेंटियर भी नियुक्त कर उनका सहयोग लिया जाएगा। वह एक गांव में लगातार पांच दिन तक निगरानी के साथ ग्रामीणों को खुले में शौच न करने की अपील करेंगे। इस कार्य को सफल बनाने के लिए टीम बनाने की तैयारी शुरू हो गई है।
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स्वच्छ भारत मिशन और नमामि गंगे योजना के तहत जिले में शौचालय निर्माण के साथ ग्रामीणों को खुले में शौच न करने के लिए प्रेरित करने का काम किया जा रहा है।
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जिले को वर्ष 2018 तक खुले में शौच मुक्त और घर-घर शौचालय बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। अब नए डीपीआरओ ने गांवों को ओडीएफ मुक्त करने के लिए विशेष योजना बनाई है।
इसके तहत अफसर गांव में डेरा डालकर वॉलेंटियर की मदद से लोगों को खुले में शौच न करने की अपील करेंगे।
डीपीआरओ अमरजीत सिंह ने बताया कि उन्होंने जिले के सभी गांवों को जल्द से जल्द ओडीएफ करने और ग्रामीणों को घर-घर शौचालय बनाने के लिए प्रेरित करने को गांवों में पांच दिन तक विशेष कार्यक्रम चलाया जाएगा। इस कार्य में वॉलेंटियर का भी सहयोग लिया जाएगा।