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Budaun News: घुसपैठियों पर लगाम लगाने के लिए वन स्टॉप सेंटर को बनाया डिटेंशन सेंटर
Fri, 28 Nov 2025 01:22 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बदायूं
संवाद न्यूज एजेंसी, बदायूं
Updated Fri, 28 Nov 2025 01:22 AM IST
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बदायूं। जिले में अब तक किसी प्रकार की अवैध घुसपैठ नहीं हुई है, क्योंकि जिले की सीमा अन्य जनपदों से जुड़ी हुई है। लेकिन मुख्यमंत्री के निर्देश का पालन करते हुए और आवश्यकता पड़ने पर अस्थायी डिटेंशन सेंटर वन स्टॉप सेंटर को बनाया गया है।
जिले में बाहरी लोगों की आवाजाही कम रहती है। जिले की पुलिस नियमित गश्त कर इस पर नजर भी रख रही है। जिले में बंगाली डॉक्टर आदि पहले से यहां रहते आ रहे हैं। मुख्यमंत्री के आदेश के बाद उनकी जांच की जा रही है। अभी तक कोई घुसपैठ जैसा मामला नहीं आया है।
जिले में नहीं बंगाली आबादी
जिले में बंगाली परिवारों की कोई आबादी नहीं है। प्रदेश में कई घुसपैठ के मामले सामने आने के बाद शासन सख्त है। इसी सख्ती की वजह है कि जिले में अस्थायी डिटेंशन सेंटर तैयार किया गया है।
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ये है डिटेंशन सेंटर
भारत की सीमा में अवैध तरीके से आने वाले दूसरे देशों के लोगों की रोकथाम को लेकर शासन सख्त है। अवैध तरीके से आने वाले घुसपैठियों को चिह्नित कर एक अस्थायी सेंटर बनाकर उसमें रखने के निर्देश मुख्यमंत्री ने सभी डीएम को दिए हैं। जहां पर इन्हें रखा जाएगा, उसे ही डिटेंशन सेंटर कहा जाता है। आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने के बाद अवैध तरीके से आने वालों को उनके देश भेजा जाएगा।
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जिले में ऐसे मामले नहीं हैं। फिर भी सतर्कता बरती जा रही है। अस्थाई डिटेंशन सेंटर वन स्टाफ सेंटर में बनाया गया है। अगर आवश्यकता पड़ी तो स्थायी सेंटर भी तैयार कराया जाएगा। जिला इसको लेकर संवेदनशील नहीं है। - डॉ. बृजेश कुमार सिंह, एसएसपी बदायूं।
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जिले में बाहरी लोगों की आवाजाही कम रहती है। जिले की पुलिस नियमित गश्त कर इस पर नजर भी रख रही है। जिले में बंगाली डॉक्टर आदि पहले से यहां रहते आ रहे हैं। मुख्यमंत्री के आदेश के बाद उनकी जांच की जा रही है। अभी तक कोई घुसपैठ जैसा मामला नहीं आया है।
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जिले में नहीं बंगाली आबादी
जिले में बंगाली परिवारों की कोई आबादी नहीं है। प्रदेश में कई घुसपैठ के मामले सामने आने के बाद शासन सख्त है। इसी सख्ती की वजह है कि जिले में अस्थायी डिटेंशन सेंटर तैयार किया गया है।
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ये है डिटेंशन सेंटर
भारत की सीमा में अवैध तरीके से आने वाले दूसरे देशों के लोगों की रोकथाम को लेकर शासन सख्त है। अवैध तरीके से आने वाले घुसपैठियों को चिह्नित कर एक अस्थायी सेंटर बनाकर उसमें रखने के निर्देश मुख्यमंत्री ने सभी डीएम को दिए हैं। जहां पर इन्हें रखा जाएगा, उसे ही डिटेंशन सेंटर कहा जाता है। आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने के बाद अवैध तरीके से आने वालों को उनके देश भेजा जाएगा।
जिले में ऐसे मामले नहीं हैं। फिर भी सतर्कता बरती जा रही है। अस्थाई डिटेंशन सेंटर वन स्टाफ सेंटर में बनाया गया है। अगर आवश्यकता पड़ी तो स्थायी सेंटर भी तैयार कराया जाएगा। जिला इसको लेकर संवेदनशील नहीं है। - डॉ. बृजेश कुमार सिंह, एसएसपी बदायूं।