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Budaun News: इंटरनेट की गति धीमी, अटके रहे ड्राइविंग लाइसेंस
Sat, 27 Dec 2025 12:38 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बदायूं
संवाद न्यूज एजेंसी, बदायूं
Updated Sat, 27 Dec 2025 12:38 AM IST
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घंटों से लाइन में खड़े लाइसेंस बनवाने को आवेदक अपने नंबर का इंताजर करते हुए।संवाद
बदायूं। ड्राइविंग लाइसेंस के लिए शुक्रवार को आवेदकों को लंबा इंतजार करना पड़ा। इंटरनेट की रफ्तार धीमी होने के चलते ड्राइविंग लाइसेंस के आवेदन लटके रहे। अधिकांश आवेदकों के दस्तावेजों का सत्यापन हो पाया और न ही बायोमेट्रिक प्रक्रिया सही से सुचारु हो पाई। घंटों लाइन में लगने के बाद कुछ लोगों ने लाइसेंस बनवा लिए, लेकिन ज्यादातर लोग देरी होते देख घर चले गए।
एआरटीओ कार्यालय में ड्राइविंग लाइसेंस के लिए रोज करीब 100 से 120 आवेदन आते हैं। सारथी पोर्टल पर आवेदकों के दस्तावेजों का सत्यापन होता है। इसके बाद आवेदक को बायोमेट्रिक कराना होता है। शुक्रवार को इंटरनेट नहीं आने की वजह से दर्जनों आवेदकों के आवेदन लटके रहे। इससे उन्हें लंबा इंतजार करना पड़ा। जिले के दूर स्थित इलाकों से भी आए लोगों को निराशा हाथ लगी।
बिना लाइंसेस के ही लोगों को लौटना पड़ा। बायोमेट्रिक काउंटर पर घंटों खड़े होने के बाद ही नंबर आया। जरीफनगर से आए राजकुमार ने बताया कि करीब डेढ़ घंटे से लाइन में लगा हूं। बायोमेट्रिक के लिए अभी नंबर नहीं आया है। ऐसे में वापस जाना पड़ेगा। बिना लाइसेंस के वाहन चलाना मुश्किल हो रहा है। इससे हमारा काम भी बाधित हो रहा है। वजीरगंज के मनोज का कहना था कि ड्राइविंग लाइसेंस के लिए करीब एक घंटे से खड़े हैं। बता रहे हैं कि सर्वर में दिक्कत आ रही है। इसकी वजह से काम नहीं हो रहा है। कल फिर से आना पड़ेगा।
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पिछले एक सप्ताह से आ रहीं दिक्कत
एआरटीओ कार्यालय में ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने में आवेदकों को पिछले एक सप्ताह से मुश्किलें आ रही हैं। बायोमेट्रिक के पांच मिनट के काम में डेढ़-डेढ़ घंटे तक लग रहे हैं। शुक्रवार को भी यह समस्या बनी रही, जिससे आवेदकों को मायूस होकर घर लौटना पड़ा।
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ऊपर से ही सर्वर नहीं कर रहा काम
बायोमेट्रिक कर रहे कर्मचारी ने बताया कि पहले कोई समस्या नहीं आती थी, लेकिन एक सप्ताह से दिक्कत आ रही ही। कभी सर्वर चल जाता है तो कभी बिल्कुल ठप हो जाता है। एक एक आवेदन को कई -कई बार लगाना पड़ रहा है, तब कहीं जाकर प्रक्रिया पूरी हो पा रही है।
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पोर्टल भी दे रहा धोखा
लर्निंग लाइसेंस में स्मार्टलॉक सॉफ्टवेयर की समस्या भी बनी हुई है। स्थायी लाइसेंस के लिए पोर्टल ही नहीं चल रहा है। आवेदक फीस भरने के बाद एआरटीओ पहुंच रहे हैं, स्क्रूटनी व फोटो साइन में पोर्टल काम नहीं कर रहा। हालांकि, अधिकारियों का दावा है कि इसकी शिकायत विभाग को भेजी गई है, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हो सकी है।
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कोट,
सर्वर ऊपर से ही खराब चल रहा है। फिर भी 50 से अधिक लाइसेंस बन रहे हैं। अगर सर्वर ठीक से काम करे तो सौ से अधिक लाइसेंस बन जाते हैं। एक दो दिन में समस्या से निजात मिल जाएगी। इसके लिए काम चल रहा है। सर्वर ठीक होने के बाद किसी को दिक्कत नहीं होने दी जाएगी।
रामबचन गुप्ता, एआरटीओ प्रशासन
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एआरटीओ कार्यालय में ड्राइविंग लाइसेंस के लिए रोज करीब 100 से 120 आवेदन आते हैं। सारथी पोर्टल पर आवेदकों के दस्तावेजों का सत्यापन होता है। इसके बाद आवेदक को बायोमेट्रिक कराना होता है। शुक्रवार को इंटरनेट नहीं आने की वजह से दर्जनों आवेदकों के आवेदन लटके रहे। इससे उन्हें लंबा इंतजार करना पड़ा। जिले के दूर स्थित इलाकों से भी आए लोगों को निराशा हाथ लगी।
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बिना लाइंसेस के ही लोगों को लौटना पड़ा। बायोमेट्रिक काउंटर पर घंटों खड़े होने के बाद ही नंबर आया। जरीफनगर से आए राजकुमार ने बताया कि करीब डेढ़ घंटे से लाइन में लगा हूं। बायोमेट्रिक के लिए अभी नंबर नहीं आया है। ऐसे में वापस जाना पड़ेगा। बिना लाइसेंस के वाहन चलाना मुश्किल हो रहा है। इससे हमारा काम भी बाधित हो रहा है। वजीरगंज के मनोज का कहना था कि ड्राइविंग लाइसेंस के लिए करीब एक घंटे से खड़े हैं। बता रहे हैं कि सर्वर में दिक्कत आ रही है। इसकी वजह से काम नहीं हो रहा है। कल फिर से आना पड़ेगा।
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पिछले एक सप्ताह से आ रहीं दिक्कत
एआरटीओ कार्यालय में ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने में आवेदकों को पिछले एक सप्ताह से मुश्किलें आ रही हैं। बायोमेट्रिक के पांच मिनट के काम में डेढ़-डेढ़ घंटे तक लग रहे हैं। शुक्रवार को भी यह समस्या बनी रही, जिससे आवेदकों को मायूस होकर घर लौटना पड़ा।
ऊपर से ही सर्वर नहीं कर रहा काम
बायोमेट्रिक कर रहे कर्मचारी ने बताया कि पहले कोई समस्या नहीं आती थी, लेकिन एक सप्ताह से दिक्कत आ रही ही। कभी सर्वर चल जाता है तो कभी बिल्कुल ठप हो जाता है। एक एक आवेदन को कई -कई बार लगाना पड़ रहा है, तब कहीं जाकर प्रक्रिया पूरी हो पा रही है।
पोर्टल भी दे रहा धोखा
लर्निंग लाइसेंस में स्मार्टलॉक सॉफ्टवेयर की समस्या भी बनी हुई है। स्थायी लाइसेंस के लिए पोर्टल ही नहीं चल रहा है। आवेदक फीस भरने के बाद एआरटीओ पहुंच रहे हैं, स्क्रूटनी व फोटो साइन में पोर्टल काम नहीं कर रहा। हालांकि, अधिकारियों का दावा है कि इसकी शिकायत विभाग को भेजी गई है, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हो सकी है।
कोट,
सर्वर ऊपर से ही खराब चल रहा है। फिर भी 50 से अधिक लाइसेंस बन रहे हैं। अगर सर्वर ठीक से काम करे तो सौ से अधिक लाइसेंस बन जाते हैं। एक दो दिन में समस्या से निजात मिल जाएगी। इसके लिए काम चल रहा है। सर्वर ठीक होने के बाद किसी को दिक्कत नहीं होने दी जाएगी।
रामबचन गुप्ता, एआरटीओ प्रशासन